विज्ञापन
This Article is From Jul 29, 2014

निशानेबाजी में स्वर्ण से चूका भारत, नारंग और हरप्रीत को रजत

निशानेबाजी में स्वर्ण से चूका भारत, नारंग और हरप्रीत को रजत
ग्लास्गो:

राष्ट्रमंडल खेलों की निशानेबाजी स्पर्धा में भारतीयों की झोली में बुधवार को स्वर्ण पदक नहीं गिरा जबकि गगन नारंग भी पुरुषों की 50 मीटर राइफल थ्री पोजिशंस में खिताब बरकरार रखने में नाकाम रहे, लेकिन उन्होंने कांस्य और संजीव राजपूत ने इसी वर्ग में रजत पदक जीता।

भारत को आज निशानेबाजी में दो रजत और दो कांस्य मिले। हरप्रीत सिंह ने दो दौर के शूट आफ और एक अंक के जुर्माने के बावजूद पुरुषों के 25 मीटर रैपिड फायर पिस्टल में रजत पदक जीता। मानवजीत ने पुरुषों की ट्रैप स्पर्धा में तीसरा स्थान हासिल किया। इसके साथ ही भारत के इन खेलों की निशानेबाजी स्पर्धा में 16 पदक हो गए हैं जिसमें चार स्वर्ण, नौ रजत और तीन कांस्य शामिल हैं।

पुरुषों की 50 मीटर राइफल थ्री पोजिशंस में राजपूत ने कुल 446.9 का स्कोर करके रजत पदक जीता जबकि नारंग 436.8 अंक के साथ तीसरे स्थान पर रहे। इंग्लैंड के डेनियल रिवर्स ने 452.9 अंक के साथ स्वर्ण पदक अपने नाम किया। नारंग ने 2006 और 2010 राष्ट्रमंडल खेलों में 50 मीटर राइफल थ्री पोजिशंस में एकल और पेयर्स दोनों में पीला तमगा जीता था। इस बार उन्हें एक रजत और एक कांस्य के साथ ही लौटना पड़ेगा।

हरियाणा के 33 वर्षीय हरप्रीत ने रजत पदक जीतकर भारत को मायूस होने से बचा दिया क्योंकि इसी स्पर्धा में ओलिंपिक रजत पदक विजेता विजय कुमार क्वालीफिकेशन दौर में सातवें स्थान पर रहने के कारण फाइनल में जगह नहीं बना पाये थे। क्वालीफिकेशन के बाद केवल छह निशानेबाज फाइनल में पहुंचे। क्वालीफिकेशन दौर में शीर्ष पर रहने वाले हरप्रीत ने छह निशानेबाजों के बीच चले फाइनल में 21 सही शाट लगाये। फाइनल आठ राउंड का था जिसमें से प्रत्येक में पांच शाट लगाने थे।

हरप्रीत पांच में से चार सही निशाने लगाने के कारण तीसरे राउंड के बाद बढ़त पर आ गये लेकिन अगले राउंड में गड़बड़ी हो गयी। हरप्रीत तब दो शाट से आगे थे, लेकिन जज ने 'समय से बाहर' का हवाला देकर उन पर एक शाट की पेनल्टी लगा दी। एक निशानेबाज को लाल बत्ती के हरी हो जाने के बाद निशाना लगाने के लिए चार सेकेंड का समय मिलता है। इसके बाद हरप्रीत एक वैध हिट ही लगा पाये और इससे वह कनाडा के मेतोडी इगोरोव के साथ संयुक्त तीसरे स्थान पर आ गए। चौथे स्थान के निशानेबाज के रूप में कौन बाहर हो गया इसके लिये शूट ऑफ का सहारा लिया गया और हरप्रीत ने इसमें जीत दर्ज की।

पदक पक्का होने के बाद हरप्रीत ने अगले राउंड में चार सही निशाने लगाये और वह चैपमैन की बराबरी पर आ गए। जब लग रहा था कि हरप्रीत स्वर्ण पदक जीत लेंगे तब आखिरी राउंड में वह केवल दो सही निशाने लगा पाये जबकि चैपमैन ने चार सही निशाने लगाकर स्वर्ण पदक जीता।

वहीं ट्रैप में मानवजीत सेमीफाइनल में 15 से 13 सही निशाने लगाकर तीसरे स्थान पर रहे। इसके बाद उन्होंने कांस्य पदक के मैच में ऑस्ट्रेलिया के माइकल डायमंड को हराया। इस स्पर्धा में भाग ले रहे एक अन्य भारतीय मनशेर सिंह सेमीफाइनल में छठे और आखिरी स्थान पर रहे। उन्होंने 15 में से 11 सही निशाने लगाये। कांस्य पदक के मुकाबले में मानवजीत और डायमंड दोनों ने 11 निशाने लगाये लेकिन शूट ऑफ में भारतीय निशानेबाज बाजी मारने में सफल रहा।

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
राष्ट्रमंडल खेल, भारतीय निशानेबाज, गगन नारंग, संजीव राजपूत, Commonwealth Games, Gagan Naarang, Sanjeev Rajput, Indian Shooters
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com