उसेन बोल्ट पर मीडिया का बहुत अधिक फोकस रहने पर कार्ल लुईस खुश नहीं हैं (फाइल फोटो)
- उसेन बोल्ट ने हाल ही में एथलेटिक्स को कहा है अलविदा
- लुईस बोले, हम सिर्फ एक खिलाड़ी के महिमामंडन में लगे हैं
- खेल एक व्यक्ति तक सीमित नहीं, सबका विकल्प आ जाता है
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ताइपेई सिटी:
विश्व एथलेटिक्स में पिछला दशक जमैका के करिश्माई एथलीट उसेन बोल्ट के नाम रहा लेकिन महान धावक कार्ल लुईस जमैका के इस एथलीट पर ही फोकस किए जाने से खुश नहीं हैं.सबसे महान एथलीट माने जाने वाले जमैका के बोल्ट ने लंदन में विश्व चैम्पियनशिप में निराशाजनक प्रदर्शन के बाद खेल को अलविदा कह दिया है.नौ ओलिंपिक स्वर्ण पदक जीत चुके लुईस ने कहा,‘खेल सिर्फ एक व्यक्ति तक सीमित नहीं हैं. हर किसी का विकल्प आ जाता है. ट्रैक एंड फील्ड में जेसी ओवंस, कार्ल लुईस, माइकल जानसन और अब उसेन बोल्ट हुए. खिलाड़ी आते-जाते रहेंगे लेकिन खेल बना रहेगा.’
उन्होंने 29वें यूनिवर्सिटी खेलों से इतर कहा,‘हमें खेलों की नींव पक्की करने के लिये और प्रयास करने होंगे. पिछले आठ साल से जो हो रहा है, वही चलन आगे भी जारी रखना जरूरी नहीं. पिछले आठ साल से फोकस सिर्फ एक व्यक्ति पर रहा.’
यह भी पढ़ें : आख़िरी रेस में घायल हुए उसेन बोल्ट, टूट गया गोल्ड का सपना
उन्होंने कहा,‘हमारा काम कमी को पूरा करना है. पिछले दस साल में खेल आगे नहीं बढ़ सका क्योंकि फोकस एक ही इंसान पर रहा. हमें प्रतिस्पर्धा बढ़ानी होगी ताकि कई खिलाड़ी आगे आए. अब हमारे पास यह मौका है कि खेल का विकास करें, सिर्फ अपना नहीं.’
वीडियो : रेसलर साक्षी मलिक ने रैंप पर दिखाए जलवे
लगातार चार ओलिंपिक ( 1984, 1988, 1992, 1996 ) में लंबी कूद का स्वर्ण पदक जीतने वाले लुईस इस बात से कतई खुश नहीं है कि 'ब्रांड बोल्ट' खेल से भी बड़ा हो गया. उन्होंने कहा,‘हम सिर्फ एक खिलाड़ी के महिमामंडन में लगे रहे.अब हमारे पास खेल को हर तरफ फैलाने और इसका विकास करने का मौका है.’
उन्होंने 29वें यूनिवर्सिटी खेलों से इतर कहा,‘हमें खेलों की नींव पक्की करने के लिये और प्रयास करने होंगे. पिछले आठ साल से जो हो रहा है, वही चलन आगे भी जारी रखना जरूरी नहीं. पिछले आठ साल से फोकस सिर्फ एक व्यक्ति पर रहा.’
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उन्होंने कहा,‘हमारा काम कमी को पूरा करना है. पिछले दस साल में खेल आगे नहीं बढ़ सका क्योंकि फोकस एक ही इंसान पर रहा. हमें प्रतिस्पर्धा बढ़ानी होगी ताकि कई खिलाड़ी आगे आए. अब हमारे पास यह मौका है कि खेल का विकास करें, सिर्फ अपना नहीं.’
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लगातार चार ओलिंपिक ( 1984, 1988, 1992, 1996 ) में लंबी कूद का स्वर्ण पदक जीतने वाले लुईस इस बात से कतई खुश नहीं है कि 'ब्रांड बोल्ट' खेल से भी बड़ा हो गया. उन्होंने कहा,‘हम सिर्फ एक खिलाड़ी के महिमामंडन में लगे रहे.अब हमारे पास खेल को हर तरफ फैलाने और इसका विकास करने का मौका है.’
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