विज्ञापन
This Article is From Jan 25, 2026

पंजाब: स्टील सेक्टर में 1 हजार करोड़ से ज्यादा का होगा निवेश, जानें क्या होगा इससे फायदा?

यह प्रोजेक्ट लगभग 46 एकड़ के क्षेत्र में स्थापित किया जाएगा और इससे 920 से अधिक व्यक्तियों के लिए रोजगार उत्पन्न होने की उम्मीद है.

पंजाब: स्टील सेक्टर में 1 हजार करोड़ से ज्यादा का होगा निवेश, जानें क्या होगा इससे फायदा?
  • पंजाब सरकार ने 1003.57 करोड़ रुपये की लागत से विशेष स्टील निर्माण सुविधा स्थापित करने का प्रस्ताव मंजूर किया
  • प्रस्तावित स्टील प्लांट लगभग 46 एकड़ में स्थापित होगा और इससे 920 से अधिक लोगों को रोजगार मिलेगा
  • इस प्लांट की वार्षिक उत्पादन क्षमता 5.40 लाख मीट्रिक टन होगी और यह तीन चरणों में विकसित किया जाएगा
लुधियाना:

पंजाब ने विशेष स्टील निर्माण क्षेत्र में एक बड़ा ग्रीनफील्ड निवेश प्राप्त किया है, जिससे राज्य के औद्योगिक जगत को और मजबूती मिली है. इस बारे में जानकारी साझा करते हुए उद्योग एवं वाणिज्य, निवेश प्रोत्साहन तथा बिजली मंत्री संजीव अरोड़ा ने बताया कि लगभग 2,200 करोड़ के टर्नओवर वाली ए.आई.एस.आर.एम. मल्टीमेटल्स प्राइवेट लिमिटेड - जो अरोड़ा आयरन ग्रुप का हिस्सा है - ने लुधियाना के जसपालों दोराहा-खन्ना रोड पर एक अत्याधुनिक स्टील निर्माण सुविधा स्थापित करने के लिए 1003.57 करोड़ के निवेश का प्रस्ताव पेश किया है.

यह प्रोजेक्ट लगभग 46 एकड़ के क्षेत्र में स्थापित किया जाएगा और इससे 920 से अधिक व्यक्तियों के लिए रोजगार उत्पन्न होने की उम्मीद है, जिससे क्षेत्र में औद्योगिक रोजगार को बड़ा उछाल मिलेगा. यह प्रोजेक्ट तीन चरणों में लागू किया जाएगा और इसका पहला चरण सितंबर 2027 तक चालू करने का लक्ष्य है.

प्रस्तावित यूनिट की स्थापित क्षमता 5.40 लाख मीट्रिक टन प्रति वर्ष (एमटीपीए) होगी और यहां कच्चे माल के रूप में स्क्रैप तथा फेरो अलॉयज का उपयोग करके राउंड बार्स, वायर रॉड, कॉइल तथा फ्लैट तैयार किए जाएंगे. इस सुविधा के तहत साल में लगभग 350 दिनों के लिए ट्रिपल-शिफ्ट के आधार पर काम करने की योजना है ताकि बड़े पैमाने पर और निरंतरता के साथ उत्पादन किया जा सके.

अरोड़ा ने कहा कि प्लांट आधुनिक और उन्नत स्टील निर्माण वाली तकनीकों से लैस होगा, जिसमें इंडक्शन फर्नेस, इलेक्ट्रिक आर्क फर्नेस (ईएएफ), लैडल रिफाइनिंग फर्नेस (एलआरएफ), वैक्यूम डीगैसिंग, आर्गन ऑक्सीजन डीकार्बराइजेशन, निरंतर कास्टिंग मशीनें तथा रोलिंग मिल्स शामिल हैं. ये तकनीकें वर्तमान दौर में बढ़ती मांग वाली औद्योगिक एप्लीकेशनों के लिए उच्च-गुणवत्ता वाले अलॉय तथा विशेष स्टील उत्पादों के उत्पादन को सक्षम बनाएंगी.

अरोड़ा ने कहा, 'प्रस्तावित निवेश पंजाब के मिश्रित धातु तथा विशेष स्टील इकोसिस्टम को, खासकर ऑटोमोबाइल और ऑटोमोटिव कंपोनेंट सेक्टर के लिए, जहां उच्च-ग्रेड स्टील की मांग लगातार बढ़ रही है, बड़े पैमाने पर मजबूत करेगा.' उन्होंने आगे कहा कि यह प्रोजेक्ट उत्तरी भारत के एक प्रमुख औद्योगिक तथा धातु केंद्र के रूप में लुधियाना की स्थिति को और मजबूत करेगा.

कैबिनेट मंत्री ने कहा कि यह प्रोजेक्ट पंजाब सरकार के औद्योगिक विकास, मूल्य वर्धन, रोजगार सृजन तथा टिकाऊ निर्माण को प्रोत्साहित करने पर आधारित है. इसके अलावा यह प्रोजेक्ट राज्य के मजबूत औद्योगिक आधार, कुशल मानव संसाधन तथा रणनीतिक लॉजिस्टिकल लाभों का सुचारू उपयोग सुनिश्चित करेगा.

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Punjab, Investment, Punjab Investment, Sanjeev Arora
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com