मध्य प्रदेश के आगर-मालवा जिले में एमडी ड्रग्स को लेकर लगातार हो रही कार्रवाईं एक बार फिर सुर्खियों में हैं. सप्ताहभर भी नहीं बीता था कि बुधवार को 50 करोड़ की MD ड्रग्स फैक्ट्री का खुलासा हुआ है. राजस्थान और मध्यप्रदेश पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में दो आरोपियों को गिरफ्तार भी किया गया है.
राजस्थान पुलिस की कार्रवाई, आगर से जुड़ा कनेक्शन
यह कार्रवाई झालावाड़ जिले के पाटन में पहले से गिरफ्तार तीन आरोपियों से पूछताछ के आधार पर की गई है. मामले में उस वक्त रोचक मोड़ आ गया, जब खुलासा हुआ कि सप्लाई किया जाने वाला माल आगर जिले के आरोपियों के माध्यम से राजगढ़ जिले के माचलपुर पहुंचना था. वहीं झालावाड़ पुलिस को एमडी ड्रग्स बनाने से जुड़ा एक बड़ा जखीरा हाथ लगा.
पांच महीनों में चार ड्रग फैक्ट्रियों का खुलासा
आगर-मालवा जिला अब ड्रग्स के बढ़ते नेटवर्क को लेकर गंभीर सवालों के घेरे में आ गया है. बीते पांच महीनों में आगर जिले और आसपास के इलाकों में अब तक चार ड्रग फैक्ट्रियों का खुलासा हो चुका है. ताजा मामला एक बार फिर आगर-मालवा से जुड़ा है, जहां जिले के निवासी आरोपी ड्रग नेटवर्क से जुड़े पाए गए हैं.
50 करोड़ की MD ड्रग्स बनाने वाला केमिकल जब्त
झालावाड़ पुलिस के अनुसार राजस्थान और मध्यप्रदेश पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में मादक पदार्थ तस्करी से जुड़े एक बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ है. कार्रवाई के दौरान 320 किलो 720 ग्राम संदिग्ध केमिकल (2-ब्रोमो 4-मिथाइल प्रोपीओफिनोन) जब्त किया गया. पुलिस के मुताबिक इसी केमिकल से करीब 50 करोड़ रुपये की एमडी और अन्य सिंथेटिक ड्रग्स तैयार की जानी थी. यह केमिकल महाराष्ट्र से कोटा होते हुए आगर-मालवा लाया जा रहा था.
आगर जिले के छह आरोपी डिटेन-गिरफ्तार
कार्रवाई के दौरान ग्रोथ सेंटर चौराहा पाटन पर संदिग्ध अवस्था में खड़ी पिकअप वाहन व महिला टीयूवी और उनमें सवार आगर जिले के तीन संदिग्ध आरोपियों दीपक पुत्र श्यामलाल ब्राह्मण 30 वर्ष निवासी नरवल थाना आगर, जितेंद्र सिंह पुत्र कमलसिंह राजपूत 41 वर्ष निवासी गोंदलमऊ थाना नलखेड़ा और शैलेंद्र विलाला पुत्र रमेशचंद्र विलाला 26 वर्ष निवासी गोंदलमऊ थाना नलखेड़ा को डिटेन किया गया.
वहीं आगर जिले के सुसनेर क्षेत्र से केमिकल की डिलीवरी लेने पहुंचे आगर निवासी जय नारायण उर्फ मामू और उसके साथी रामलाल को गिरफ्तार किया गया. पूछताछ में जय नारायण ने बताया कि वह यह माल राजगढ़ जिले के माचलपुर के ग्राम गोगड़पुर निवासी रघुनंदन पाटीदार को देने वाला था.
माचलपुर में ड्रग फैक्ट्री का भंडाफोड़
इस सूचना पर झालावाड़ पुलिस ने माचलपुर में रघुनंदन के ठिकाने पर दबिश दी, लेकिन वह मौके से फरार हो चुका था. आरोपियों की निशानदेही पर राजगढ़ जिले के माचलपुर थाना क्षेत्र में संचालित एक ड्रग फैक्ट्री का भी खुलासा हुआ है. फैक्ट्री से ड्रग्स बनाने में इस्तेमाल होने वाले उपकरण और केमिकल बरामद किए गए हैं. मामले में एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच जारी है.
आगर एसपी का बयान
आगर-मालवा जिले के एसपी विनोद कुमार सिंह ने एनडीटीवी से बातचीत में बताया कि झालावाड़ पुलिस द्वारा जो भी सहयोग मांगा गया, वह उपलब्ध कराया गया. आवश्यकतानुसार पर्याप्त पुलिस बल भी दिया गया. आगे की जांच झालावाड़ पुलिस द्वारा की जा रही है.
सवालों के घेरे में स्थानीय पुलिस
लगातार हो रहे इन खुलासों ने आगर-मालवा जिले को ड्रग माफिया का नया हब बना देने का खतरा खड़ा कर दिया है. गौरतलब है कि इससे पहले एक बड़ी कार्रवाई सेंट्रल नारकोटिक्स ब्यूरो और दूसरी राजस्थान पुलिस द्वारा की जा चुकी है. ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि स्थानीय स्तर पर निगरानी में कहीं चूक तो नहीं हुई. फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क की परत-दर-परत जांच में जुटी हुई है.
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