- पंजाब के गुरदासपुर में भारत-पाक सीमा के पास चेकपोस्ट पर दो पुलिसकर्मियों की गोली मारकर हत्या कर दी गयी
- तहरीक-ए-तालिबान हिंदुस्तान ने जिम्मेदारी लेने का दावा किया है
- पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने दोनों शहीदों के परिवारों को एक-एक करोड़ रुपये मुआवजे का ऐलान किया है
पंजाब के गुरदासपुर में भारत‑पाकिस्तान सीमा के पास स्थित एक चेकपोस्ट पर दो पुलिसकर्मियों की हत्या के बाद सुरक्षा एजेंसी अर्लट पर है. तहरीक‑ए‑तालिबान हिंदुस्तान (TTH) नाम के संगठन द्वारा जिम्मेदारी लेने का दावा सामने आते ही पंजाब में हड़कंप मच गया है. हालांकि दावे की कोई पुष्टि नहीं हुई है और इसे फर्जी माना जा रहा है. रविवार सुबह अधियन चेकपोस्ट पर एएसआई गुरनाम सिंह और होमगार्ड अशोक कुमार मृत मिले. दोनों के शरीर पर गोली के निशान थे. यह चेकपोस्ट अंतरराष्ट्रीय सीमा से मात्र 2 किलोमीटर दूर है और अक्सर ड्रोन के जरिए हथियार और हेरोइन की तस्करी को लेकर संवेदनशील माना जाता है.
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने घटना पर गहरा दुख जताते हुए दोनों शहीदों के परिवारों को 1-1 करोड़ रुपये मुआवजे का ऐलान किया है. इसके अलावा HDFC बैंक भी 1-1 करोड़ रुपये की अतिरिक्त बीमा राशि देगा. मान ने पोस्ट करते हुए लिखा कि हम अपने शहीदों के परिवारों के साथ मजबूती से खड़े हैं.
घटना तब सामने आई जब अधियन गांव के सरपंच कमलजीत सिंह चेकपोस्ट पहुंचे. SHO ने बताया कि दोनों पुलिसकर्मी फोन नहीं उठा रहे थे. सुबह करीब 8:15 बजे सरपंच ने देखा कि एएसआई गुरनाम सिंह कुर्सी पर बैठे मृत थे और उनके हाथ कोट की जेब में थे, जबकि होमगार्ड अशोक कुमार खाट पर पड़े मिले. फोरेंसिक टीम ने सोमवार को जांच की और पुलिस ने कहा है कि हत्या के हर पहलू की जांच की जा रही है.
TTH ने जिम्मेदारी ली, पुलिस बोली-फेक क्लेम
घटना के बाद सोशल मीडिया पर Tehreek-e-Taliban Hindustan (TTH) नाम के संगठन के नाम से पोस्टर और संदेश वायरल होने लगे, जिनमें इस हत्या की जिम्मेदारी लेने का दावा किया गया. हालांकि, पुलिस अधिकारियों ने इसे फर्जी करार दिया है. उन्होंने कहा कि ऐसे "फेक क्लेम" अक्सर सनसनी फैलाने और जांच को भ्रमित करने के लिए किए जाते हैं.
फिर भी, TTH का नाम सामने आने से पंजाब पुलिस की सतर्कता बढ़ गई है, क्योंकि हाल के महीनों में पाकिस्तान की तरफ से ड्रोन एक्टिविटी में बढ़ोतरी और सीमा पर हथियार तस्करी के कई मामले सामने आए हैं. इसलिए घटना को सिर्फ “क्राइम” के बजाय संभावित आतंकी साजिश के एंगल से भी देखा जा रहा है.
राजनीतिक घमासान तेज
घटना के बाद पंजाब की राजनीति भी गर्मा गई है. शिरोमणि अकाली दल प्रमुख सुखबीर सिंह बादल ने AAP सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि पंजाब में कानून‑व्यवस्था पूरी तरह खत्म हो चुकी है. फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है. शुरुआती जांच में कोई हथियार या संघर्ष के निशान नहीं मिले हैं, जिससे जांच और पेचीदा हो गई है.दोनों पुलिसकर्मी रात की ड्यूटी पर थे और उनके सर्विस हथियार भी मौके पर मिले हैं. पुलिस इस एंगल की भी जांच कर रही है कि क्या यह अंदरूनी विवाद, किसी गैंग या तस्कर गिरोह की कारस्तानी, या फिर सीमा पार से जुड़ा कोई आपराधिक/आतंकी मंसूबा था. इस बीच, सीमा क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ा दी गई है और ड्रोन गतिविधि पर अतिरिक्त निगरानी की जा रही है.
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