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20 days ago

Maharashtra Nikay Chunav Result: महाराष्ट्र में आए 288 नगर परिषदों और नगर पंचायतों के परिणामों ने महायुति को राज्य की अविवादित शक्ति बना दिया है. कुल 288 निकायों में से महायुति ने 215 पर कब्जा किया है, जिसमें भाजपा 129, एकनाथ शिंदे की शिवसेना 51 और अजित पवार की NCP 35 निकायों के साथ अग्रणी हैं. इसके विपरीत, महा विकास अघाड़ी (MVA) मात्र 51 निकायों पर सिमट गई है, जिसमें कांग्रेस (35) ने उद्धव सेना (9) और शरद पवार की NCP (7) की तुलना में बेहतर प्रदर्शन किया है.

Maharashtra Nikay Chunav Result -

कहां किसने मारी बाजी?

विदर्भ (100)

Bjp - 58

Shs - 8

Ncp - 7

Cong - 23

UBT - 00

Pawar - 00

Other - 4

मराठवाडा (52)

Bjp - 25

Shs - 8

Ncp - 6

Cong - 4

UBT - 04

Pawar - 02

Other - 3

उत्तर महा (49)

Bjp - 18

Shs - 11

Ncp - 7

Cong - 05

UBT - 02

Pawar - 01

Other - 5

प. महा (60)

Bjp - 19

Sha - 14

Ncp - 14

Cong - 3

UBT - 01

Pawar - 03

Other - 6

Kokan (27)

Bjp - 9

Sha - 10

Ncp - 1

Cong - 00

UBT - 02

Pawar - 01

Other - 4

संपूर्ण महाराष्ट्र.... नगराध्यक्ष /सदस्य

भाजपा - 129 /3325

SHS - 051/695

NCP - 035/311

काग्रेस - 35/131

UBT - 9/378

शरद पवार - 7/153

अन्य - 22/140

नांदेड़ में बीजेपी का “परिवारवाद” दांव फेल! एक ही घर के 6 उम्मीदवार हारे

नांदेड़ जिले की लोहा नगर परिषद के नतीजों ने पूरे महाराष्ट्र का ध्यान अपनी ओर खींचा है. अक्सर विपक्ष पर 'परिवारवाद' का आरोप लगाने वाली भारतीय जनता पार्टी को यहां खुद इसी मुद्दे पर करारी शिकस्त झेलनी पड़ी है. बीजेपी ने लोहा नगर परिषद चुनाव में एक ही परिवार के 6 सदस्यों को टिकट देकर एक बड़ा राजनीतिक दांव खेला था.

मतदाताओं ने परिवारवाद के इस प्रयोग को पूरी तरह नकार दिया. नगराध्यक्ष पद के उम्मीदवार गजानन सूर्यवंशी समेत उनके परिवार के अन्य 5 सदस्य जो अलग-अलग वार्डों से पार्षद का चुनाव लड़ रहे थे हार गए

  1. गजानन सूर्यवंशी (नगराध्यक्ष उम्मीदवार)

2. गोदावरी सूर्यवंशी (गजानन की पत्नी)

3. सचिन सूर्यवंशी (गजानन के भाई)

4. सुप्रिया सूर्यवंशी (सचिन की पत्नी)

5. युवराज वाघमारे (गजानन के साले)

6. रीना व्यवहारे (गजानन के भतीजे की पत्नी)

विधायक प्रतापराव पाटिल चिखलीकर के नेतृत्व में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी(अजित पवार गुट) ने लोहा में शानदार प्रदर्शन करते हुए नगराध्यक्ष पद सहित कुल 17 सीटों पर कब्जा जमाया.

शिवसेना (UBT) और कांग्रेस को केवल 1-1 सीट से संतोष करना पड़ा, बीजेपी द्वारा एक ही परिवार पर दिखाए गए इस भरोसे ने पार्टी की छवि को नुकसान पहुंचाया और अजित पवार गुट को इसका फ़ायदा हुआ. कल मिलाकर जीत महायुति के खेमे में आई, लेकिन नांदेड़ की राजनीति में इसे बीजेपी के लिए एक सबक के तौर पर देखा जा रहा है.

सौ फीसदी सकारात्मक प्रचार का मिला लाभ- देवेंद्र फडणवीस

महाराष्ट्र में नगर परिषद और नगर पंचायत चुनावों में भारी जीत पर सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि 129 शहरों के नगराध्यक्ष भाजपा के चुने गए हैं. 75 प्रतिशत नगराध्यक्ष महायुती के हैं. मोदी जी की सकारात्मकता और हमारे नेता अमित शाह जी, नड्डा जी, नबीन जी ने हम पर जो विश्वास जताया, वह हम सार्थ कर सके, इसका आनंद है.

उन्होंने कहा कि पहली बार मैने किसी नेता पर, पार्टी पर टीका टिप्पणी नहीं की, आरोप नहीं किए, अपनी योजना बताई. सौ फीसदी सकारात्मक प्रचार किया, उसका हमें लाभ मिला. लोगों ने मुहर लगाया. महानगर पालिका के चुनाव में इससे भी अच्छे परिणाम मिलेंगे.

भरोसा जताने के लिए लोगों का आभार- महाराष्ट्र बीजेपी अध्यक्ष

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण ने भाजपा पर इतना भरोसा दिखाने के लिए लोगों का आभार व्यक्त किया. वे भाजपा के राज्य कार्यालय में आयोजित विजय उत्सव में बोल रहे थे. भाजपा की जीत का जश्न ढोल बजाकर, फूल फेंक कर और मिठाई बांटकर मनाया गया. उन्होंने कहा कि यह जीत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार की नीतियों और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के विकास पर आधारित कामों में लोगों के भरोसे की वजह से मिली है.

महाराष्ट्र के स्थानीय निकाय चुनावों में भाजपा सबसे बड़ी पार्टी

महाराष्ट्र के शहरी स्थानीय निकाय चुनावों में भाजपा सबसे बड़ी राजनीतिक ताकत के रूप में उभरी है, जिसने 125 से अधिक नगर परिषदों और नगर पंचायतों में सामूहिक रूप से जीत हासिल करके महायुति गठबंधन के प्रभुत्व को मजबूत किया है. पार्षदों और महापौर की कुल 6,859 सीटों में से भाजपा 3000 से अधिक सीटों के साथ आगे है.

भाजपा ने महायुति के भीतर और पूरे महाराष्ट्र में अपनी राजनीतिक स्थिति को और मजबूत किया है, जबकि विपक्ष कमजोर रहा और स्थानीय निकाय चुनावों में वापसी करने में विफल रहा.

ठाकरे बंधुओं में शक्ति संतुलन: राज ठाकरे का उदय

इन नतीजों के बाद ठाकरे बंधुओं के बीच 'अपर हैंड' की लड़ाई में राज ठाकरे (MNS) एक निर्णायक स्थिति में आ गए हैं. राज ठाकरे का रणनीतिक फोकस मुंबई और ठाणे जैसे मराठी बहुल शहरी क्षेत्रों में अपने उम्मीदवार उतारने पर है. चूंकि उद्धव ठाकरे की सांगठनिक शक्ति (9 निकाय जीत) न्यूनतम स्तर पर है, इसलिए वे अब राज ठाकरे के साथ गठबंधन के लिए मजबूर दिख रहे हैं. डेटा के अनुसार, MNS मुंबई के 25-30 वार्डों में 3,000-5,000 वोटों का प्रभाव रखती है, जो किसी भी उम्मीदवार की जीत-हार तय कर सकते हैं.

कोंकण का गढ़: ठाकरे ब्रैंड की जड़ों का उखड़ना

कोंकण, जिसे कभी शिवसेना का अभेद्य किला माना जाता था, अब उद्धव ठाकरे के हाथ से पूरी तरह फिसल चुका है. मालवण नगर परिषद (सिंधुदुर्ग) के नतीजे इसका सबसे बड़ा प्रमाण हैं, जहां शिंदे गुट ने मेयर पद सहित 10 सीटें जीतीं और भाजपा को 5 मिलीं, जबकि SS (UBT) को मात्र 4 सीटों से संतोष करना पड़ा. पालघर में भी स्थिति भयावह रही, जहां शिंदे सेना ने 19 सीटें जीतकर मेयर पद (उत्तम घरात) अपने नाम किया और उद्धव सेना को मात्र 3 सीटों पर समेट दिया.

सीटों के समीकरण में भाजपा का एकतरफा वर्चस्व

कुल 6,859 सीटों/उम्मीदवारों के डेटा विश्लेषण से स्पष्ट है कि भाजपा ने राज्य के लगभग आधे हिस्से (3,325 सीटें) पर अपनी पकड़ बना ली है. वहीं, शिवसेना (UBT) को मात्र 378 सीटें मिली हैं, जो एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना (695 सीटें) से काफी कम है. यह आंकड़े दर्शाते हैं कि 'मशाल' चिन्ह ग्रामीण और अर्ध-शहरी मतदाताओं के बीच अपनी पैठ बनाने में विफल रहा है, जबकि 'धनुष-बाण' और 'कमल' का कॉम्बो राज्य में प्रभावी बना हुआ है.

महाराष्ट्र के 246 नगर परिषदों और 42 नगर पंचायतों के लिए हुए चुनावों के शुरुआती रुझानों में महाल्युति गठबंधन ने राज्यभर में दमदार प्रदर्शन किया है.

परिणाम/रुझान (कुल 288)

  • भाजपा- 118
  • शिवसेना (शिंदे)- 62
  • एनसीपी (अजित पवार)- 37
  • कांग्रेस- 33
  • शिवसेना (UBT)- 9
  • एनसीपी (शरद पवार)- 8
  • निर्दलीय- 23

महायुति का मजबूत प्रदर्शन, शिवसेना (शिंदे) ने कई क्षेत्रों में पकड़ बनाए रखी

  • स्थानीय निकाय चुनावों में शिंदे नेतृत्व वाली शिवसेना ने 60 से अधिक नगर परिषदों और नगर पंचायतों में बढ़त बनाकर अपना प्रभाव दिखाया.
  • रुझानों ने संकेत दिया कि शिवसेना (शिंदे) ने कई क्षेत्रों में अपनी जमीनी पकड़ बरकरार रखी है.
  • शिंदे गुट ने उद्धव ठाकरे गुट (UBT) को कई लोकल बॉडी मुकाबलों में पीछे छोड़ा. UBT दो अंकों का आंकड़ा भी पार नहीं कर पाया.
  • अधिकांश जगहों पर पार्टी ने भाजपा के साथ गठबंधन में मुकाबला किया, जहां भाजपा प्रमुख साझेदार के रूप में उभरी.
  • शिंदे की सफलता ने स्थानीय स्तर पर “वास्तविक शिवसेना” होने के उनके दावे को और बल दिया.
  • आने वाले नगर निगम और विधानसभा चुनावों से पहले शिंदे गुट के लिए यह नतीजे मनोबल बढ़ाने वाले माने जा रहे हैं.

पुणे जिले में अजित पवार ने अपनी ‘बड़े भाई’ वाली भूमिका मजबूती से स्थापित की

महाराष्ट्र नगर परिषद चुनावों के परिणामों ने पुणे जिले की राजनीति में एक दिलचस्प मोड़ ला दिया है. जहां राज्य स्तर पर भाजपा और शिंदे शिवसेना ने शानदार प्रदर्शन किया है, वहीं पुणे जिले में अजित पवार ने एक बार फिर अपनी ‘बड़े भाई’ वाली भूमिका मज़बूती से स्थापित कर ली है.

पुणे जिले की 17 नगर परिषदों में से 10 सीटों पर एनसीपी (अजित पवार गुट) की जीत ने साफ संकेत दिया है कि लोकसभा चुनावों के बाद उनकी पकड़ पर उठ रहे सवालों के बीच यह नतीजे उनके लिए बड़ी राहत लेकर आए हैं.

गठबंधन के अन्य दलों का प्रदर्शन

  • एनसीपी (अजित पवार)- 10
  • शिंदे शिवसेना- 4
  • भाजपा- 3

इन नतीजों ने संकेत दे दिया है कि पुणे ग्रामीण और नगर परिषद क्षेत्रों में अजित पवार का प्रभाव आज भी मजबूत है.

महायुति 214 सीटों पर आगे

महाराष्ट्र की नगर परिषद (Nagar Parishad) और नगर पंचायत चुनावों के सभी 288/288 सीटों के रुझान सामने आ रहे हैं. अंतिम आंकड़ों के मुताबिक भाजपा सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है, जबकि महायुति गठबंधन ने 200 का आंकड़ा पार कर लिया है.

  • भाजपा (BJP)- 130
  • शिवसेना (शिंदे गुट)- 51
  • एनसीपी (अजित पवार गुट)- 33
  • शिवसेना (UBT)- 9
  • कांग्रेस- 35
  • एनसीपी (एसपी)- 8
  • अन्य- 22

गठबंधन की स्थिति

  • महायुति (Mahayuti)- 214 
  • महाविकास अघाड़ी (MVA)- 52

  

50 का आंकड़ा पार करने के लिए संघर्ष कर रही शिवसेना

महाराष्ट्र निकाय चुनाव के वोटों की गिनती हो रही है.  जैसे-जैसे भाजपा 150 के आंकड़े के करीब पहुंच रही है, शिवसेना नतीजों के रुझान में 50 का आंकड़ा पार करने के लिए संघर्ष करती दिख रही है.

हालांकि, महायुति ने सामूहिक रूप से 200 का आंकड़ा पार कर लिया है. इन चुनावों में कई जगहों पर भाजपा और शिवसेना के बीच सीधा मुकाबला था.

महायुति गठबंधन ने पार किया 200 का आंकड़ा

महाराष्ट्र की नगर परिषद और नगर पंचायत चुनावों में रुझानों का बड़ा अपडेट सामने आया है. कुल 288 में से 268 सीटों के रुझान मिल चुके हैं. इन रुझानों में महायुति गठबंधन 200 का आंकड़ा पार कर चुका है. जबकि महाविकास अघाड़ी महज 47 सीटों पर आगे है. 

अब तक का रुझान (268/288)

  • भाजपा- 131
  • शिवसेना (शिंदे गुट)- 44
  • एनसीपी (अजित पवार गुट)- 32
  • शिवसेना (यूबीटी)- 6
  • कांग्रेस- 33
  • एनसीपी (शरद पवार गुट)- 8
  • अन्य- 14

रुझानों में भाजपा सबसे बड़ी पार्टी के रूप में आगे है, जबकि महायुति गठबंधन ने स्पष्ट बढ़त बना ली है.

भाजपा 120 पार

नगर पालिका परिषद (नगर परिषद) एवं नगर पंचायत चुनाव के ताजा रुझान- 

बीजेपी- 120  

शिवसेना - 42

एनसीपी - 31

शिवसेना(यूबीटी)- 6

कांग्रेस - 33

एनसीपी(एसपी)- 8

अन्य - 13

-------------

महायुति = 193

एमवीए = 47

विजयोत्सव का आयोजन करेगी भाजपा

महाराष्ट्र भाजपा आज दोपहर 12:30 बजे राज्य मुख्यालय में राज्य अध्यक्ष रविंद्र चव्हाण के नेतृत्व में एक भव्य 'विजयोत्सव' का आयोजन करेगी.

BJP ने पार किया 100 का आंकड़ा

महाराष्ट्र की नगर परिषद (Nagar Parishad) और नगर पंचायत चुनावों की मतगणना के बीच रुझानों का नया अपडेट सामने आया है. अब तक कुल 288 में से 236 सीटों के रुझान सामने आए हैं और भाजपा ने 100 का आंकड़ा पार कर लिया है.

अब तक का रुझान (236/288)

  • भाजपा (BJP)- 103 
  • शिवसेना (शिंदे गुट)- 43
  • एनसीपी (अजित पवार गुट)- 28
  • शिवसेना (UBT)- 6
  • कांग्रेस- 33
  • NCP (शरद पवार गुट)- 8
  • अन्य- 15

रुझानों में BJP अब तक की सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरती दिख रही है. शिवसेना (शिंदे गुट) और कांग्रेस भी महत्वपूर्ण बढ़त बनाए हुए हैं.

6,859 उम्मीदवार मैदान में

इन स्थानीय स्वराज संस्थाओं के चुनावों में कुल 6,859 उम्मीदवार मैदान में हैं, जो 288 नगर परिषद और नगर पंचायतों की सीटों पर मुकाबला कर रहे हैं.

भाजपा (BJP)- 94 सीटों पर आगे

महाराष्ट्र की नगर परिषद (Nagar Parishad) और नगर पंचायत चुनावों की मतगणना के बीच रुझानों का बड़ा अपडेट सामने आया है. कुल 288 सीटों में से अब तक 213 सीटों के रुझान मिल चुके हैं.

अब तक का रुझान (213/288)

  • भाजपा (BJP)- 94
  • शिवसेना (शिंदे गुट)- 38
  • एनसीपी (अजित पवार गुट)- 27
  • शिवसेना (UBT)- 6
  • कांग्रेस- 28
  • NCP (शरद पवार गुट)- 8
  • अन्य- 12

इन रुझानों में भाजपा सबसे बड़ी पार्टी के रूप में आगे है, जबकि शिवसेना (शिंदे) और कांग्रेस भी महत्वपूर्ण संख्या में सीटों पर बढ़त बनाए हुए हैं.

इन चुनावों में कुल 6,859 उम्मीदवार मैदान में हैं.

नगर परिषद तो झांकी है, BMC अभी बाकी है- BJP विधायक

महाराष्ट्र में नगर परिषद और नगर पंचायत चुनावों के शुरुआती रुझानों में महायुति को बढ़त मिलते ही भाजपा विधायक अमीत साटम ने अपनी पहली प्रतिक्रिया दी है. साटम ने कहा, 'महायुति राज्य में 80 फीसदी से ज्यादा सीटें जीत रही है. नगर परिषद तो झांकी है, BMC अभी बाकी है.'

शुरुआती रुझानों में BJP को 55 सीटें

महाराष्ट्र में नगर परिषद (Municipal Council/Nagar Parishad) और नगर पंचायत चुनावों की मतगणना के बीच शुरुआती रुझान सामने आने लगे हैं. कुल 288 सीटों में से अब तक 133 सीटों के रुझान आ चुके हैं.

अब तक का रुझान (133/288)

  • भाजपा (BJP)- 55
  • शिवसेना (शिंदे गुट)- 22
  • एनसीपी (अजित पवार गुट)- 5
  • शिवसेना (UBT)- 2
  • कांग्रेस- 16
  • NCP (शरद पवार गुट)- 6
  • अन्य- 9

इन शुरुआती रुझानों में बीजेपी सबसे बड़ी पार्टी के रूप में आगे निकलती दिख रही है.

6,859 उम्मीदवार मैदान में

इस चुनाव में कुल 6,859 उम्मीदवार मैदान में हैं, जो 288 नगर परिषदों और नगर पंचाय‌तों की सीटों पर अपनी किस्मत आजमा रहे हैं. राज्य की स्थानीय राजनीति और आगामी महानगरपालिका चुनावों (जनवरी 2026) के लिहाज से इन नतीजों को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है.

उरण नगर परिषद के मतगणना केंद्र पर हंगामा

नवी मुंबई के उरण नगर परिषद के मतगणना केंद्र में रविवार सुबह उस समय हंगामा मच गया, जब एक व्यक्ति कथित रूप से ब्रेकफास्ट कॉन्ट्रैक्टर बनकर स्ट्रॉन्ग रूम के अंदर पहुंच गया. मतगणना शुरू होने से पहले किसी भी बाहरी व्यक्ति के प्रवेश पर कड़ी रोक के बावजूद इस घटना ने विपक्षी दलों में नाराज़गी पैदा कर दी है.

महाविकास अघाड़ी ने जताई कड़ी आपत्ति

महाविकास अघाड़ी के उम्मीदवारों ने कड़ी आपत्ति जताते हुए सवाल उठाया कि जब काउंटिंग शुरू होने से पहले किसी को भी अंदर जाने की अनुमति नहीं है, तो यह व्यक्ति स्ट्रॉन्ग रूम तक कैसे पहुंच गया?

NCP (Sharad Pawar) की उम्मीदवार भावना घनेकर ने मौके पर मौजूद तहसीलदार से स्पष्टीकरण मांगा और कहा कि इस तरह की लापरवाही मतगणना प्रक्रिया की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े करती है.

कई मायनों में अहम है ये चुनाव

महाराष्ट्र के इस चुनाव में भारतीय जनता पार्टी, कांग्रेस, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी, शिवसेना (उद्धव ठाकरे गुट), शिवसेना (शिंदे गुट), महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना और कई जगहों पर मजबूत स्थानीय उम्मीदवार मैदान में हैं. कई नगर परिषदों में मुकाबला सीधे पार्टी बनाम पार्टी नहीं बल्कि स्थानीय प्रभावशाली नेताओं के बीच भी है, जो किसी न किसी पार्टी के समर्थन से या फिर निर्दलीय रूप में चुनाव लड़ रहे हैं. कुछ जगहों पर महायुति की ताकत का परीक्षण हो रहा है तो कहीं महाविकास आघाड़ी यह साबित करने की कोशिश में है कि शहरी मतदाता अभी भी उसके साथ खड़ा है. वहीं एमएनएस जैसी पार्टी भी शहरी इलाकों में अपनी राजनीतिक प्रासंगिकता बनाए रखने के लिए इन चुनावों को अहम मान रही है.

मतगणना से पहले ही महाराष्ट्र में तीन सीटों पर बीजेपी की निर्विरोध जीत

महाराष्ट्र में स्थानीय निकाय चुनाव के नतीजों से पहले ही भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को बड़ी बढ़त मिली है. नगर परिषद की दो सीटों पर भाजपा के उम्मीदवार निर्विरोध विजयी घोषित हुए हैं. इनमें धुले जिले की दोंडाइचा-वरवड़े नगर परिषद और जलगांव जिले की जामनेर नगर परिषद की सीट शामिल हैं.

इसके अलावा, नगर पंचायत चुनाव में भी सोलापुर जिले की उनगार नगर पंचायत सीट पर भाजपा को निर्विरोध जीत हासिल हुई है.

मतदाताओं और प्रतिस्पर्धी उम्मीदवारों द्वारा नामांकन वापस लेने के बाद ये सीटें बिना मतदान के भाजपा के खाते में चली गईं.

विधानसभा और लोकसभा चुनावों से पहले का सेमीफाइनल

ये चुनाव नगर परिषद और नगर पंचायत जैसे स्थानीय निकायों के लिए हुआ है, लेकिन इनका राजनीतिक महत्व राज्य की बड़ी राजनीति से कहीं अधिक जुड़ा हुआ है. महाराष्ट्र में स्थानीय निकाय चुनाव हमेशा से यह तय करते रहे हैं कि जमीनी स्तर पर किस पार्टी या गठबंधन की पकड़ मजबूत है. नगर परिषद और नगर पंचायतें शहरी प्रशासन की सबसे निचली लेकिन सबसे प्रभावशाली इकाइयां होती हैं, जहां पानी, सड़क, साफ-सफाई, स्थानीय विकास, बाजार, स्कूल और अस्पताल जैसे सीधे जनहित के मुद्दों पर फैसले लिए जाते हैं. यही वजह है कि इन चुनावों को आमतौर पर विधानसभा और लोकसभा चुनावों से पहले का सेमीफाइनल माना जाता है.

सुबह 10 बजे शुरू होगी वोटों की गिनती

महाराष्ट्र में हुए स्थानीय निकाय चुनावों के नतीजे आज घोषित किए जाएंगे. कुल 288 सीटों में से 246 नगर परिषद/नगर पंचायत के लिए मतगणना सुबह 10 बजे से शुरू होगी. इन चुनावों को लेकर पूरे राज्य में राजनीतिक माहौल गर्म है, क्योंकि कई जगहों पर महायुति (भाजपा–शिवसेना–एनसीपी अजित पवार गुट) के भीतर ही विरोधाभास साफ नजर आए थे. कई सीटों पर सीधे मुकाबले शिवसेना और भाजपा के बीच देखने को मिले.

महाराष्ट्र की राजनीति में अहम मोड़ जैसे नतीजे

नगर परिषद चुनावों के नतीजे इसलिए भी महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं क्योंकि राज्य में नगर निगम चुनाव जनवरी 2026 में होने जा रहे हैं. हाल ही में नगर परिषद और नगर पंचायत चुनावों में महायुति के घटकों के बीच मनमुटाव उभरकर सामने आया था, जिसके कारण कई जगहों पर मित्रदल आमने‑सामने दिखाई दिए.

सहयोगी दलों ने एक-दूसरे के खिलाफ लड़ा है चुनाव

कुछ जगहों पर भाजपा, एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना और अजीत पवार की राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) सहित सत्ताधारी गठबंधन के सहयोगी दलों ने एक-दूसरे के खिलाफ चुनाव लड़ा है.

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