- हर्षा रिछारिया ने धर्म और सत्संग का मार्ग छोड़ने का फैसला किया है. वह अपने पुराने काम पर लौटेंगी.
- साध्वी बनने से पहले हर्षा एंकरिंग करती थीं, अब वो फिर से एंकरिंग करती नजर आ सकती है.
- हर्षा ने कहा कि धर्म के रास्ते पर चलते हुए उन्हें विरोध और आर्थिक नुकसान झेलना पड़ा. वे अब कर्ज में डूबी हैं.
Harsha Richhariya Viral Video: पिछले साल प्रयागराज में आयोजित महाकुंभ से चर्चा में आईं वायरल साध्वी हर्षा रिछारिया का अब धर्म से मोह भंग हो गया है. हर्षा रिछारिया का एक वीडियो सामने आया है, जिसमें वो धर्म और सत्संग का मार्ग छोड़कर फिर से अपने पुराने काम पर जाने की बात कहती देखी जा रही है. मालूम हो कि साध्वी बनने से पहले हर्षा रिछारिया मॉडलिंग और एकरिंग का काम रही थी. साध्वी बनने के बाद उनकी पहचान सोशल मीडिया इंफ्लूएंसर की भी बनी. लेकिन अब हर्षा रिछारिया का धर्म से मोह भंग होता नजर आ रहा है. इसे लेकर हर्षा रिछारिया ने एक वीडियो जारी किया है. जिसमें वो धर्म की राह छोड़ने का दावा कर रही हैं.
वायरल वीडियो में क्या कह रही हर्षा रिछारिया?
हर्षा रिछारिया के सामने आए नए वीडियो में वो कह रही हैं कि प्रयागराज महाकुंभ-2025 से शुरू हुई कहानी अब खत्म हो रही है. इस दौरान मुझे काफी विरोध का सामना करना पड़ा. मैंने काफी परीक्षाएं दीं और काफी कुछ किया. मैं क्या कर रही थी? मैं कोई गलत काम नहीं कर रही थी. मैं कोई चोरी चकारी नहीं कर रही थी, लूटपाट नहीं कर रही थी, बलात्कार नहीं कर रही थी, लेकिन धर्म के रास्ते पर चलते हुए मैं जो कुछ भी कर रही थी, उसे बार-बार रोका गया. मेरा मनोबल बार-बार तोड़ा गया.'
इस वीडियो में हर्षा रिछारिया आगे कहती है कि माघ मेले में भी मेरा विरोध हुआ. माघ मेले में मौनी अमावस्या करने के बाद में धर्म के रास्ते में चलने को विराम दूंगी. उन्होंने कहा कि मेरा इस धर्म से जाना एक विद्रोही मानसिकता लेकर जाना होगा.
एकरिंग से मैं बहुत पैसे कमा रही थीः हर्षा रिछारिया
हर्षा रिछारिया ने कहा कि जब वह धर्म के रास्ते पर नहीं चल रही थीं तो उनकी एंकरिंग बहुत अच्छी चल रही थी. वह देश से बाहर विदेशों में एकरिंग कर बहुत पैसे कमा रही थीं लेकिन अब उनके पास केवल उधारी है. उन्होंने कहा कि मैं विदेश में भी काम करके अच्छा पैसा कमा रही थी और मैं उसमें बहुत खुश थीं. लेकिन धर्म के रास्ते पर चल कर केवल मुझे उधारी मिली है.
धर्म को धंधा बनाकर करोड़ों कमाने के आरोप गलतः हर्षा रिछारिया
हर्षा ने आगे कहा कि धर्म को धंधा बनाकर करोड़ों रुपये कमाने के आरोप मेरे ऊपर लगे, जो पूरी तरह गलत हैं. उन्होंने दावा किया कि आज वह आर्थिक रूप से मजबूत नहीं, बल्कि कर्ज में डूबी हुई हैं. उन्होंने कहा कि पिछले एक साल में विवादों और विरोध के चलते उनकी आर्थिक स्थिति बिगड़ गई और उनके पास सिर्फ उधारी रह गई.
भावुक रिछारिया बोलीं- किसी महिला के चरित्र पर सवाल उठाना बेहद आसान
इस वीडियो के अंत में भावुक होते हुए हर्षा रिछारिया ने कहा कि हमारे समाज में किसी महिला के चरित्र पर सवाल उठाना बेहद आसान है. उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि वह सीता नहीं हैं जो बार-बार अग्नि परीक्षा दें. अपने वीडियो में आखिरी में हर्षा रिछारिया ने कहा कि इस माघ मेला में मैं स्नान करूंगी और अपने इस धर्म की राह पर चलने के फैसले को पूरी तरह से विराम दूंगी और वापस अपने काम पर लौटूंगी, जिसमें ना उधारी है ना चरित्र का हनन.
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