- लश्कर-ए-तैयबा के आतंकी हाशिम मूसा पाकिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ की सुरक्षा टीम में शामिल था
- हाशिम मूसा वर्ष 2006 से 2008 तक मुशर्रफ की सुरक्षा में तैनात रहा और पाकिस्तानी सेना के कमांडो था
- मूसा ने करीब 23 सालों तक पाकिस्तान की खतरनाक कमांडो यूनिट स्पेशल सर्विसेज ग्रुप में रहा
लश्कर-ए-तैयबा के वरिष्ठ आतंकी हाशिम मूसा के पाकिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ से जुड़े होने का बड़ा खुलासा हुआ है. सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक, मारा गया आतंकी हाशिम मूसा कभी पाकिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ की सुरक्षा टीम का हिस्सा था. बताया जा रहा है कि वह वर्ष 2006 से 2008 तक मुशर्रफ की सुरक्षा में तैनात रहा था.
पाकिस्तानी सेना का कमांडो रहा हाशिम मूसा
पाकिस्तान के पंजाब प्रांत का रहने वाला हाशिम मूसा करीब 23 वर्षों तक स्पेशल सर्विसेज ग्रुप (SSG) में रहा. SSG पाकिस्तान की सबसे प्रशिक्षित और खतरनाक कमांडो यूनिटों में गिनी जाती है. इस यूनिट का नाम अतीत में आतंकियों को समर्थन देने और घुसपैठ में मदद करने के आरोपों के साथ भी जुड़ता रहा है.
SSG से रिटायर होने के बाद हाशिम मूसा लश्कर-ए-तैयबा में शामिल हो गया. इसके बाद वह वर्ष 2023 में डेरा गली मार्ग से घुसपैठ कर जम्मू-कश्मीर पहुंचा. कश्मीर में उसने लश्कर के नेटवर्क को मजबूत करने और आतंक फैलाने की जिम्मेदारी संभाली.
पहलगाम हमले में था शामिल
जांच एजेंसियों के अनुसार, मूसा ने पीर पंजाल रेंज के दोनों ओर अपने ठिकाने बनाए और कई आतंकी गतिविधियों को अंजाम दिया. पहलगाम समेत कश्मीर में हुए पांच बड़े आतंकी हमलों में उसका नाम सामने आया था. उसकी गतिविधियों को देखते हुए भारतीय एजेंसियों ने उस पर 20 लाख रुपये का इनाम भी घोषित कर रखा था.
हाशिम मूसा के मारे जाने की खबरें इससे पहले भी कई बार सामने आई थीं, लेकिन वह हर बार सुरक्षाबलों को चकमा देकर जंगलों और पहाड़ी इलाकों में छिपने में कामयाब रहा. हालांकि इस बार सुरक्षाबलों के अभियान में मुशर्रफ का पूर्व बॉडीगार्ड रहा हाशिम मूसा आखिरकार मारा गया.
यह भी पढ़ें: सैयद सुहेल का शो: बाबा बागेश्वर के नॉनवेज वाले बयान पर बवाल, BJP बोली- ये बंगाल तय करेगा क्या खाना है
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं