
प्रतीकात्मक चित्र
भुवनेश्वर:
ओडिशा के सरदार वल्लभभाई पटेल पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ पेडियाट्रिक्स में शनिवार को पांच और शिशुओं की मौत हो जाने के बाद पिछले 11 दिनों में यहां मरने वाले शिशुओं की संख्या 53 तक पहुंच गई।
इस संस्थान को 'शिशु भवन' के नाम से भी बुलाया जाता है। इतनी बड़ी संख्या में शिशुओं की मौत से लोगों में काफी नाराजगी है। राज्य सरकार यहां अनुभवी डॉक्टरों और अन्य कर्मचारियों की तैनाती कर हालात पर काबू पाने की कोशिश में जुटी है।
कटक स्थित इस रेफरल स्वास्थ्य संस्थान में पिछले पांच सालों के दौरान इलाज के क्रम में 5900 शिशुओं की मौत हो चुकी है। इस बीच स्वास्थ्य मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव और विशेषज्ञ डॉक्टरों की एक केंद्रीय टीम ने शिशु भवन का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया। स्वास्थ्य मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव अरुण पांडा ने कहा कि केंद्रीय टीम को यहां बुलाने का मकसद राज्य सरकार की मदद करना है। अगर आवश्यकता हुई तो हम यहां अतिरिक्त डॉक्टरों को भेजेंगे।
ओडिशा सरकार ने भी इस घटना की जांच के लिए एक तकनीकी समिति का गठन किया है और अगले हफ्ते समिति की रिपोर्ट आने की उम्मीद है। ओडिशा के स्वास्थ्य मंत्री अतनु सब्यसाची नाईक ने कहा है कि राज्य सरकार अस्पताल में बेहतर सेवा सुनिश्चित करने के लिए हरसंभव प्रयास कर रही है।
इस संस्थान को 'शिशु भवन' के नाम से भी बुलाया जाता है। इतनी बड़ी संख्या में शिशुओं की मौत से लोगों में काफी नाराजगी है। राज्य सरकार यहां अनुभवी डॉक्टरों और अन्य कर्मचारियों की तैनाती कर हालात पर काबू पाने की कोशिश में जुटी है।
कटक स्थित इस रेफरल स्वास्थ्य संस्थान में पिछले पांच सालों के दौरान इलाज के क्रम में 5900 शिशुओं की मौत हो चुकी है। इस बीच स्वास्थ्य मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव और विशेषज्ञ डॉक्टरों की एक केंद्रीय टीम ने शिशु भवन का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया। स्वास्थ्य मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव अरुण पांडा ने कहा कि केंद्रीय टीम को यहां बुलाने का मकसद राज्य सरकार की मदद करना है। अगर आवश्यकता हुई तो हम यहां अतिरिक्त डॉक्टरों को भेजेंगे।
ओडिशा सरकार ने भी इस घटना की जांच के लिए एक तकनीकी समिति का गठन किया है और अगले हफ्ते समिति की रिपोर्ट आने की उम्मीद है। ओडिशा के स्वास्थ्य मंत्री अतनु सब्यसाची नाईक ने कहा है कि राज्य सरकार अस्पताल में बेहतर सेवा सुनिश्चित करने के लिए हरसंभव प्रयास कर रही है।
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं