
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह तीन जनवरी को नागरिकता संशोधन कानून (CAA) के प्रति लोगो में जागरूकता फैलाने के लिये जोधपुर में एक रैली को संबोंधित करेंगे. राजस्थान भाजपा के अध्यक्ष डॉ. सतीश पूनिया ने कहा कि CAA को लेकर प्रदेश भर में जन-जागरण अभियान के तहत रैलियां शुरू हो गई हैं और इसी क्रम में तीन जनवरी को जोधपुर में एक बड़ा कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा. उन्होंने कहा कि जन जागरण अभियान के तहत भाजपा अध्यक्ष और गृहमंत्री अमित शाह की बड़ी रैली को संबोंधित करेंगे. उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम में 50 हजार से भी ज्यादा लोग शिरकत करेंगे. उन्होंने कहा कि पार्टी ने शाह की रैली के लिए जोधपुर को इसलिए चुना है क्योंकि जोधपुर और उसके आसपास पाकिस्तान से आए बडी संख्या में हिन्दू विस्थापित रहते है और वे CAA के समर्थन के लिए इस कार्यक्रम में शामिल होंगे.
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बता दें, इससे पहले अमित शाह ने CAA के खिलाफ हो रहे विरोध प्रदर्शनों को ‘ज्यादातर राजनीतिक' करार दिया था. उन्होंने कहा था कि कोई भी भारतीय इस नए कानून के चलते अपनी नागरिकता नहीं गंवाएगा. इसके साथ ही अमित शाह ने कांग्रेस नेताओं राहुल गांधी और प्रियंका गांधी को CAA में एक भी ऐसा प्रावधान दिखाने की चुनौती दी थी जिसके तहत किसी की भारतीय नागरिकता जा रही हो. उन्होंने कहा, ‘मैं इस बात से सहमत हूं कि ज्यादातर राजनीतिक प्रदर्शन हैं. कुछ लोग गुमराह हैं, लेकिन हम उन्हें समझाने का प्रयास कर रहे हैं.' गृह मंत्री ने कहा कि CAA के तहत सरकार पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश के उत्पीड़ित अल्पसंख्यकों को नागरिकता देना चाहती है.
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उन्होंने कहा, ‘मैं स्पष्ट तौर पर कहना चाहता हूं कि CAA में ऐसा कोई प्रावधान नहीं है जिससे किसी की नागरिकता जा सकती है.' गृह मंत्री ने कहा कि CAA इन तीन देशों के शरणार्थियों को नागरिकता देता है. शाह ने कहा, ‘मैं पूरी दृढ़ता से कहता हूं कि ये शरणार्थी भाई, जो भारत आए हैं, हमारे हैं और उन्हें भारत में सम्मानित स्थान प्रदान करना भारत सरकार की जिम्मेदारी है.' गृह मंत्री ने कहा कि जनगणना 2021 और राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर (NPR) का राष्ट्रीय नागरिक पंजी (NRC) से कोई लेना-देना नहीं है. उन्होंने कहा, ‘जनगणना और NPR देश में हर दस साल पर होते हैं और इस बार भी यह दस साल के बाद हो रहा है. कांग्रेस ने यह बार-बार किया और आज वह उसका विरोध कर रही है.'
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