
नई दिल्ली:
दिल्ली पुलिस ने बसपा प्रमुख मायावती के छोटे भाई सुभाष कुमार को कथित तौर पर अपने भतीजे और उसकी पत्नी के साथ मारपीट करने और ड्यूटी पर तैनात एक कांस्टेबल को थप्पड़ मारने के आरोप में गिरफ्तार किया है। बाद में उसे जमानत पर रिहा कर दिया गया।
पुलिस ने बताया कि घटना बुधवार सुबह को हुई जब दक्षिण-पश्चिमी दिल्ली के नारायणा इलाके में रहने वाले सुभाष ने इंद्रपुरी में अपने भतीजे के घर जाकर उससे और उसकी पत्नी से लड़ाई की। एक पुलिस अधिकारी ने कहा, ‘सुबह करीब साढ़े नौ बजे सुभाष हॉकी स्टिक के साथ दंपति के घर आया और कई बार उनका दरवाजा पीटा।’
उन्होंने महिला की शिकायत के हवाले से कहा, ‘जब दरवाजा नहीं खुला तो उसने दरवाजा तोड़ दिया और फिर अपने भतीजे और उसकी पत्नी को पीटा।’ पुलिस के अनुसार घटना दोनों पक्षों के बीच किसी संपत्ति से जुड़े विवाद को लेकर हुई। दंपति ने पीसीआर को फोन किया, जिसके बाद पुलिस की एक टीम घटनास्थल पर पहुंची। जब पुलिस की टीम ने सुभाष से मामले को लेकर पूछताछ की तो उसने कथित रूप से दो बार कांस्टेबल जितेंदर सिंह को थप्पड़ मारा, जिसके बाद उसे दूसरे पुलिसकर्मियों ने आईपीसी की कई धाराओं के तहत गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने कहा कि आरोपी के खिलाफ आईपीसी की धाराओं 452, 354, 506, 186, 353 और 332 के तहत इंद्रपुरी थाने में मामला दर्ज किया गया। हालांकि बाद में अगले दिन उसे जमानत पर रिहा कर दिया गया। पुलिस ने कहा कि मामले की जांच की जा रही है।
पुलिस ने बताया कि घटना बुधवार सुबह को हुई जब दक्षिण-पश्चिमी दिल्ली के नारायणा इलाके में रहने वाले सुभाष ने इंद्रपुरी में अपने भतीजे के घर जाकर उससे और उसकी पत्नी से लड़ाई की। एक पुलिस अधिकारी ने कहा, ‘सुबह करीब साढ़े नौ बजे सुभाष हॉकी स्टिक के साथ दंपति के घर आया और कई बार उनका दरवाजा पीटा।’
उन्होंने महिला की शिकायत के हवाले से कहा, ‘जब दरवाजा नहीं खुला तो उसने दरवाजा तोड़ दिया और फिर अपने भतीजे और उसकी पत्नी को पीटा।’ पुलिस के अनुसार घटना दोनों पक्षों के बीच किसी संपत्ति से जुड़े विवाद को लेकर हुई। दंपति ने पीसीआर को फोन किया, जिसके बाद पुलिस की एक टीम घटनास्थल पर पहुंची। जब पुलिस की टीम ने सुभाष से मामले को लेकर पूछताछ की तो उसने कथित रूप से दो बार कांस्टेबल जितेंदर सिंह को थप्पड़ मारा, जिसके बाद उसे दूसरे पुलिसकर्मियों ने आईपीसी की कई धाराओं के तहत गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने कहा कि आरोपी के खिलाफ आईपीसी की धाराओं 452, 354, 506, 186, 353 और 332 के तहत इंद्रपुरी थाने में मामला दर्ज किया गया। हालांकि बाद में अगले दिन उसे जमानत पर रिहा कर दिया गया। पुलिस ने कहा कि मामले की जांच की जा रही है।