Farm laws: मेघालय के राज्यपाल सत्यपाल मलिक (Satya Pal Malik) ने कृषि कानूनों को वापस लेने के पीएम नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) के ऐलान का स्वागत किया है. कृषि कानूनों के मुद्दे पर बेहद मुखरता से अपने विचार रखने वाले राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने इस मामले में प्रतिक्रिया देते हुए कहा- देर आए दुरस्त आए. पहले कर देते तो अच्छा था लेकिन मोदीजी ने बड़प्पन दिखाया.' NDTV से बात करते हुए मलिक ने कहा, मैं किसानों को भी बधाई देना चाहता हूं कि उन्होंने शांतिपूर्ण आंदोलन चलाकर इतिहास बना दिया.
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यह पूछे जाने पर कि आपने कहा था कि किसान की मांग को नजरअंदाज किया गया तो यूपी और संसद में बीजेपी को नुकसान उठाना पड़ेगा, मलिक ने कहा, 'मैंने यह भी कहा था कि मुझे मोदीजी से उम्मीद है. मैं मोदीजी की बधाई देता हं कि उन्होंने बड़प्पन दिखाया और किसानों की तकलीफ को समझा. किसानों कों बधाई देता हूं कि उन्होंने बहुत तकलीफ सही लेकिन डटे रहे.' क्या यह फैसला पहले लिया जाता तो इतनी जाने नहीं जाती, मेघालय के राज्यपाल ने कहा- देर आए,दुरुस्त आए. क्या आने वालेचुनावों के चलते यह फैसला लेना सरकार की मजबूरी था, इस सवाल पर मलिक बोले, 'इस बारे में मैं कुछ नहीं कहना चाहता. मोदीजी बेसिकली प्रो किसान (किसान समर्थक) हैं. गुजरात में वे प्रो किसान थे. पता नहीं यहां इनको क्या हो गया. '
आंदोलन करने वाले किसानों को संदेश के बारे में सवाल पर मलिक ने कहा, 'किसानों ने कहना चाहता हूं कि आपका जो भी फैसला होगा, मैं उसके साथ हूं.' क्या मोदी सरकार के इस फैसले से किसान की नाराजगी दूर होगा और वे संतुष्ट होंगे, मलिक ने कहा कि इस बारे में कुछ नहीं कहना चाहता.
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