स्वेज नहर में फंसे विशालकाय जहाजपर मौजूद हैं 25 भारतीय क्रू मेंबर

स्वेज नजर में हर दिन 50 जहाज व्यापार की वजह से निकलते हैं, और दुनिया का 12 फीसदी व्यापार स्वेज नहर से होकर गुजरता है इसलिए शिप के फंसने से लाखों का नुकसान हो रहा है.

स्वेज नहर में फंसे विशालकाय जहाजपर मौजूद हैं 25 भारतीय क्रू मेंबर

प्रतीकात्मक तस्वीर.

नई दिल्ली:

दुनिया के सबसे बड़े कंटेनर जहाजों (biggest container ships) में से एक एवरग्रीन (Evergreen) नाम का जहाज स्वेज नहर (Suez Canal) पर फंसा हुआ है. जिसकी वजह से पूरा रास्ता ब्लॉक हो गया और दुनिया के सबसे व्यस्त व्यापार मार्ग पर आवाजाही में भी दिक्कतें आ रही हैं. कंटेनर मैनेजिंग कंपनी ने शुक्रवार को कहा कि ड्रैगर्स पिछले दो दिनों से स्वेज नहर में फंसे एवर ग्रीन जहाज को दोबारा तैराने की कोशिश में जुटा हुआ है. कंपनी ने बताया कि इस कंटेनर जहाज में 25 भारतीय क्रू मेंबर भी हैं, जो सुरक्षित हैं. जहाज को दोबारा से तैराने के लिए ड्रैगर्स गल्फ एजेंसी कंपनी (GAC) के साथ मिलकर संयुक्त ऑपेशन चला रहा है.

स्वेज नहर में फंस गया विशालकाय जहाज, तो मदद के लिए आया मिनी बुल्डोजर, सोशल मीडिया पर छाए Funny Memes

इससे पहले गुरुवार को, कंपनी के एक सूत्र ने स्पुतनिक को बताया कि जलमार्ग-दुनिया के सबसे व्यस्त व्यापार मार्गों में से एक है, जो अभी भी ब्लॉक है और 400 मीटर (1,312-फुट) जहाज को वापस तैराने के लिए आठ टग्स मिलकर बचाव अभ‍ियान चला रहे थे. जीएसी ने एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा था कि 25 मार्च से कंटेनर जहाज को पूरी तरह से खाली करने का प्रयास जारी है, ऑपरेशन की सहायता के लिए अब दो ड्रेजर्स को भेजा गया है. बता दें कि इस शिप के फंसने की वजह से कई देशों में पेट्रोलियम पदार्थों की डिलीवरी में देरी हो रही है. ट्रैफिक जाम में कम से कम 10 क्रूड टैंकर फंंसे हैं जिनमें 13 मिलियन बैरल कच्चा तेल लदा है.

शिप के फंसने के बाद से कच्चे तेल की कीमतों में भी उछाल आया है. दरअसल, स्वेज नजर में हर दिन 50 जहाज निकलते हैं, और दुनिया का 12 फीसदी व्यापार स्वेज नहर से होकर गुजरता है इसलिए शिप के फंसने से लाखों का नुकसान हो रहा है. एवरग्रीन नाम की ये शिप मंगलवार को हवा के तेज झोंके के बाद मिस्र के स्वेज नहर में फंस गई और इसके फंसने के बाद दुनिया के सबसे व्यस्त व्यापार मार्गों में से एक स्वेज नहर पर समुद्री यातायात रुक गया.

जानकारी के मुताबिक, यह शिप 400 मीटर लंबी और 59 मीटर चौड़ी है. इसलिए इसको हटाना काफी मुश्किल हो रहा है. बताया जा रहा है कि इसको हटाने में 2-3 दिन का समय लग सकता है.

Video : रवीश कुमार का प्राइम टाइम: मॉरीशस तट पर बड़ी पर्यावरण त्रासदी


Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com