मिकेल मेरिनो ने दूसरे हाफ के स्टॉपेज टाइम के पहले मिनट में गोल किया जिससे स्पेन ने पुर्तगाल को 1-0 से हराकर क्वार्टर फाइनल में प्रवेश किया और इसके साथ ही फुटबॉल जगत में अमिट छाप छोड़ने वाले सुपरस्टार क्रिस्टियानो रोनाल्डो के विश्व कप करियर का भी निराशाजनक अंत हो गया. वहीं इस मुकाबले के बाद स्पेन के मिडफिल्डप और मैनचेस्टर सिटी के स्टार खिलाड़ी रोड्री ने पुर्तगाल के क्रिस्टियानो रोनाल्डो की तारीफ करते हुए उन्हें "आने वाली पीढ़ियों के लिए एक ज़बरदस्त मिसाल" कहा.
फुटबॉल इतिहास का सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी
रोनाल्डो का रिकॉर्ड छठा वर्ल्ड कप भी बाकी पांच संस्करण की तरह ही खत्म हुआ. रोनाल्डो ने 2006 में फीफा वर्ल्ड कप में डेब्यू किया था, जिसके बाद से उन्होंने 27 मैचों में 11 गोल किए और बिना ट्रॉफी के फुटबॉल के सबसे बड़े स्टेज से चले गए.
एथलेटिक्स के मुताबिक, रोड्री ने रोनाल्डो को लेकर कहा,"हम फुटबॉल के इतिहास के सबसे अच्छे खिलाड़ियों में से एक के बारे में बात कर रहे हैं, उनकी सोच, जिस तरह से वह खेल को समझते हैं, और गोल करते हैं, वह कमाल का है. मुझे लगता है कि उनके देश को उन पर बहुत गर्व होना चाहिए." उन्होंने आगे कहा,"आने वाली पीढ़ियों के लिए एक शानदार उदाहरण."
रोनाल्डो का वर्ल्ड कप सफर खत्म
91वें मिनट में मिकेल मेरिनो के आखिरी गोल ने क्रिस्टियानो का WC टाइटल जीतने का सपना तोड़ दिया. क्रिस्टियानो ने अपना आखिरी फीफा वर्ल्ड कप पांच मैचों में तीन गोल के साथ खत्म किया. इस वर्ल्ड कप में उन्होंने क्रोएशिया के खिलाफ गोल दागकर वर्ल्ड कप के नॉकआउट में गोल के सूखे को खत्म किया था. वर्ल्ड कप इतिहास में 11 गोल के साथ रोनाल्डो पुर्तगाल के सबसे ज्यादा गोल करने वाले खिलाड़ी भी हैं.
मेरिनो के गोल से जीता स्पेन
बात अगर मुकाबले की करें तो मेरिनो को गिराने पर रेफरी ने फाउल का फैसला सुनाया. पुर्तगाल के बर्नार्डो सिल्वा बहस करने लगे, तभी मेरिनो ने गेंद वापस ली, उसे अपने साथियों के साथ मिलकर आगे बढ़ाया और आखिर फेरान टोरेस से पास लेकर गोलकीपर डियोगो कोस्टा को आसानी से छकाकर गोल दाग दिया. स्पेन ने 2010 में अपना एकमात्र विश्व कप खिताब जीतने के बाद पहली बार क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई, जहां उसका मुकाबला शुक्रवार को कैलिफोर्निया के इंगलवुड में बेल्जियम से होगा.
अपना छठा विश्व कप खेल रहे रोनाल्डो पुर्तगाल को लगातार दूसरी बार टूर्नामेंट के क्वार्टर फाइनल में पहुंचाने की कोशिश कर रहे थे. लेकिन अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सबसे ज्यादा गोल (146) और सर्वाधिक मैच खेलने वाले (233) खिलाड़ी रोनाल्डो का फुटबॉल के सबसे बड़े मंच पर करियर यहीं पर समाप्त हो गया. अपने करियर में कई खिताब जीतने वाले रोनाल्डो इस तरह से कभी विश्व कप विजेता नहीं बन पाए. उन्होंने पहले ही घोषणा कर दी थी कि यह उनका अंतिम विश्व कप होगा.
मेरिनो 85वें मिनट में स्थानापन्न खिलाड़ी के रूप में मैदान पर उतरे और उन्होंने जल्द ही अपना वह जलवा दिखा दिया जिसकी बदौलत आर्सेनल ने इस साल 20 से अधिक सालों में अपना पहला प्रीमियर लीग खिताब जीता था.
स्पेन का वर्ल्ड रिकॉर्ड
रोनाल्डो ने आठ साल पहले ग्रुप चरण के पहले मैच में स्पेन के खिलाफ 3-3 से ड्रॉ छूटे मैच में विश्व कप में अपनी एकमात्र हैट्रिक बनाई थी. इसे टूर्नामेंट के सर्वश्रेष्ठ मैचों में से एक माना जाता है. हालांकि, इस मैच में स्पेन ने रोनाल्डो और उनकी टीम को अधिक मौके नहीं दिए. स्पेन ने विश्व कप में बिना गोल खाए खेलने का अपना रिकॉर्ड 609 मिनट तक आगे बढ़ाया. इस तरह से स्पेन विश्व कप में लगातार छह मैचों में गोल न खाने वाली पहली टीम बन गई.
रोनाल्डो के पास गोल करने का सबसे अच्छा मौका 37वें मिनट में था. तब जोआओ फेलिक्स का हेडर साइमन के बाएं कंधे से टकराकर हवा में उछला और रोनाल्डो के पास पहुंचा. उन्होंने गेंद पर अपने दाहिने पैर से बैकवर्ड किक लगाई, लेकिन इस शॉट में कोई जान नहीं थी जिससे साइमन को संभलने और उछलकर उसे पकड़ने का समय मिल गया. पुर्तगाल ने स्टॉपेज टाइम के आखिरी आठ मिनटों में बराबरी का गोल करने के लिए जीजान लगा दी लेकिन वह साइमन रूपी दीवार को नहीं भेद पाए.
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