Toll Tax Fraud: हरियाणा के फरीदाबाद स्थित गदपुरी टोल प्लाजा पर बीते दो वर्षों में टोल प्रशासन ने एक बड़े फर्जीवाड़े का खुलासा किया है. यहां टोल टैक्स से बचने के लिए लोग चोरी‑छिपे नकली सरकारी आई‑कार्ड का इस्तेमाल कर रहे थे. टोल कर्मियों की सतर्कता से अब तक करीब ढाई हजार से 3000 फर्जी सरकारी विभागों के आई‑कार्ड जब्त किए जा चुके हैं. इनमें पुलिस, सेना, बिजली विभाग और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों के नाम पर बने नकली कार्ड शामिल हैं. यह फर्जीवाड़ा न सिर्फ सरकारी विभागों की छवि को नुकसान पहुंचा रहा है, बल्कि सरकार के राजस्व पर भी सीधा असर डाल रहा है.
टोल टैक्स से बचने के लिए नकली पहचान पत्र
गदपुरी टोल प्रशासन के मुताबिक, कुछ लोग चंद पैसों में फर्जी आई‑कार्ड बनवाकर टोल प्लाजा पर पहुंचते हैं और खुद को सरकारी कर्मचारी बताकर टैक्स से बचने की कोशिश करते हैं. टोल कर्मी जब इन कार्डों की बारीकी से जांच करते हैं, तो उनकी सच्चाई सामने आ जाती है.

Toll Tax Fraud: टोल टैक्स बचाने का खेल
इन विभागों के नाम पर बने नकली कार्ड
जब्त किए गए फर्जी कार्डों में इन विभागों की आईडी मिली :
- हरियाणा पुलिस
- उत्तर प्रदेश पुलिस
- भारतीय सेना (मिलिट्री कार्ड)
- दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम
- एनएचएआई (NHAI)
जैसे कई सरकारी विभागों के नाम शामिल हैं. ये कार्ड देखने में असली जैसे लगते हैं, लेकिन जांच में पूरी तरह नकली पाए गए.

Toll Tax Fraud: फर्जी कार्ड्स के साथ टोल अधिकारी राजेश जोगी
टोल अधिकारी का बयान
टोल अधिकारी राजेश जोगी ने बताया कि पिछले दो वर्षों में करीब 2500 से 3000 फर्जी आई‑कार्ड जब्त किए जा चुके हैं. उन्होंने कहा कि यह लोग न सिर्फ सरकार के राजस्व को चूना लगाने की कोशिश कर रहे हैं, बल्कि संबंधित सरकारी विभागों को भी बदनाम कर रहे हैं. ऐसे कार्डों को टोल कर्मी तुरंत पहचान लेते हैं और मौके पर ही जब्त कर लेते हैं.
पुलिस और प्रशासन को दी जाती है सूचना : टोल अधिकारी
राजेश जोगी के अनुसार, जब भी कोई फर्जी आई‑कार्ड पकड़ा जाता है, उसकी सूचना समय‑समय पर पुलिस और प्रशासन को भेजी जाती है, ताकि आगे की कानूनी कार्रवाई हो सके. टोल प्रशासन ने सरकारी विभागों और आम लोगों से अपील की है कि सरकारी आई‑कार्ड का दुरुपयोग न करें, किसी जानकार के असली कार्ड का गलत इस्तेमाल न करें और टोल टैक्स बचाने के लिए ऐसे हथकंडों से दूर रहें. प्रशासन का कहना है कि इस तरह की हरकतें न केवल गैरकानूनी हैं, बल्कि सार्वजनिक व्यवस्था और राजस्व व्यवस्था को भी नुकसान पहुंचाती हैं.
यह भी पढ़ें : FASTag Annual Pass हुआ महंगा; NHAI का ऐलान, 1 अप्रैल 2026 से लागू होगा नया टोल पास रेट
यह भी पढ़ें : 132 खाते, एक नॉमिनी! ढोंगी बाबा अशोक खरात से जुड़ा बड़ा वित्तीय जाल उजागर, शिरडी पुलिस ने तेज की जांच
यह भी पढ़ें : MP में सियासी भूचाल; राजेंद्र भारती कैसे दतिया सीट पर बचा पाएंगे अपनी विधायकी? कांग्रेस और BJP आमने-सामने
यह भी पढ़ें : मनरेगा में कबीरधाम का शानदार प्रदर्शन, रोजगार के इन पैमानों पर छत्तीसगढ़ में बना टॉपर
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं