राजधानी दिल्ली में महिला सुरक्षा को लेकर प्रशासन काफी सख्त रुख अपना रहा है. खुद मोर्चा दिल्ली के उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू ने संभाली है.वरिष्ठ नागरिकों की संख्या का नए सिरे से आकलन कर पुलिस के सीनियर सिटीजन ऐप की पहुंच बढ़ाने को भी कहा गया है. दिल्ली में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर कॉलेजों, ट्रांजिट हब और भीड़भाड़ वाले बाजारों के आसपास पुलिस की निगरानी और गश्त बढ़ाने पर जोर दिया गया है. महिलाओं और छात्राओं से छेड़छाड़ रोकने के लिए तैनात शिष्टाचार स्क्वॉड को भी इन इलाकों में ज्यादा सतर्क रहने को कहा गया है.
दिल्ली के उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू ने पुलिस कमिश्नर के साथ हुई एक समीक्षा बैठक में महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा से जुड़े इंतजामों का जायजा लिया. बैठक में पिंक बसों में महिलाओं की सुरक्षा से लेकर दिल्ली पुलिस के सीनियर सिटीजन मोबाइल ऐप और बुजुर्गों से बीट पुलिसकर्मियों के संपर्क तक की समीक्षा की गई. उपराज्यपाल ने महिलाओं और छात्राओं से छेड़छाड़ के मामलों में जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाने और संवेदनशील जगहों पर पुलिस की मौजूदगी बढ़ाने पर जोर दिया.
कॉलेजों और ट्रांजिट हब पर खास नजर
बैठक में दिल्ली पुलिस के शिष्टाचार स्क्वॉड के कामकाज और उनकी जमीनी तैनाती की समीक्षा की गई. ये विशेष टीमें कॉलेजों, दूसरे शिक्षण संस्थानों, ट्रांजिट हब और भीड़भाड़ वाले बाजारों जैसी जगहों पर महिलाओं और छात्राओं से छेड़छाड़ तथा उत्पीड़न की घटनाओं को रोकने के लिए तैनात की जाती हैं. उपराज्यपाल ने इन टीमों से लगातार निगरानी और सक्रिय गश्त बनाए रखने को कहा. फोकस ऐसी जगहों पर पुलिस की मौजूदगी बढ़ाने पर है, जहां बड़ी संख्या में महिलाएं और छात्राएं आती-जाती हैं.
पिंक बसों की सुरक्षा की भी समीक्षा
दिल्ली की पिंक बसों में महिलाओं की सुरक्षा व्यवस्था भी बैठक के एजेंडे में रही. उपराज्यपाल ने बसों में तैनात पुलिसकर्मियों और सुरक्षा कर्मचारियों की व्यवस्था का जायजा लिया और कहा कि महिला यात्रियों की सुरक्षा के लिए प्रशिक्षित सुरक्षा कर्मियों की मौजूदगी साफ नजर आनी चाहिए. इसके साथ ही किसी आपात स्थिति में तेजी से मदद पहुंचाने वाले सिस्टम को मजबूत रखने पर भी जोर दिया गया. यानी महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सिर्फ किसी घटना के बाद कार्रवाई नहीं, बल्कि पहले से पुलिस और सुरक्षा कर्मियों की मौजूदगी बढ़ाकर घटनाओं को रोकने पर जोर है.
वरिष्ठ नागरिकों को लेकर भी बड़ा निर्देश
बैठक में वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा और उनसे दिल्ली पुलिस के संपर्क की भी समीक्षा हुई. उपराज्यपाल ने दिल्ली में वरिष्ठ नागरिकों की संख्या का नए सिरे से आकलन करने को कहा है, ताकि ज्यादा से ज्यादा बुजुर्गों को पुलिस के मौजूदा सुरक्षा और संपर्क नेटवर्क से जोड़ा जा सके. इसके साथ ही दिल्ली पुलिस के सीनियर सिटीजन मोबाइल ऐप की पहुंच बढ़ाने को भी कहा गया है. बैठक में ऐप पर रजिस्ट्रेशन, वरिष्ठ नागरिकों से पुलिस के नियमित संपर्क और बीट स्तर पर पुलिसकर्मियों की उनसे बातचीत की स्थिति की समीक्षा की गई. पुलिस को यह सुनिश्चित करने को कहा गया कि वरिष्ठ नागरिकों की शिकायतों का समय पर समाधान हो और जरूरत पड़ने पर उन्हें तुरंत मदद मिले. स्थानीय पुलिसकर्मियों के वरिष्ठ नागरिकों से समय-समय पर मिलने और उनके संपर्क में बने रहने पर भी जोर दिया गया.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं