असम में नलबाड़ी के बनेकुची में पेप्सिको इंडिया की 787 करोड़ रुपये की फूड मैन्युफैक्चरिंग यूनिट का आज 10 सितबर, गुरुवार को उदघाटन हुआ. असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने इस प्लांट को असम के इंडस्ट्रिलाइजेशन की दिशा में एक बड़ा कदम बताया और कहा कि इससे स्थानीय किसानों को बढ़ावा मिलेगा. साथ ही रोजगार के सैकड़ों अवसर बनेंगे. मुख्यमंत्री ने याद दिलाया कि उन्होंने तत्कालीन उद्योग मंत्री चंद्र मोहन पटोवरी के साथ मिलकर 3 सितंबर, 2023 को इस यूनिट की आधारशिला रखी थी.
सोशल मीडिया पोस्ट में उन्होंने कहा, '2023 में मैंने पेप्सिको प्लांट की आधारशिला रखी थी, जिससे औद्योगीकरण के एक नए युग की शुरुआत हुई. आज मैं 787 करोड़ रुपए के इस प्लांट का उद्घाटन करने के लिए नलबाड़ी लौटा हूं.'
700 लोगों को रोजगार, इनमें 520 महिलाएं
इस यूनिट से 200 से ज्यादा प्रत्यक्ष और लगभग 500 अप्रत्यक्ष रोजगार पैदा होने की उम्मीद है, और इसकी 75 प्रतिशत से ज्यादा यानी 520 के करीब वर्कफोर्स में महिलाएं शामिल होंगी.
मुख्यमंत्री ने कहा कि लगभग 120 महिलाओं को डिजिटल साक्षरता की ट्रेनिंग भी दी जाएगी. सीएम सरमा ने कहा कि यह प्लांट देश के फूड मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में असम की भूमिका को और बढ़ाएगा, क्योंकि बनेकुची में बने उत्पाद अब पूरे भारत में ग्राहकों तक पहुंचाए जाएंगे.
5,000 किसानों को मिलेगा बाजार
इस यूनिट से असम में आलू उगाने वाले किसानों के लिए एक व्यवस्थित और पक्का बाजार बनने की भी उम्मीद है. मुख्यमंत्री सरमा ने बताया कि पेप्सिको को अभी लगभग 30,000 मीट्रिक टन आलू की जरूरत है, और 2030 तक यह मांग बढ़कर 70,000 टन होने का अनुमान है. इस पहल से लगभग 5,000 स्थानीय किसानों और उनके परिवारों को फायदा होने की उम्मीद है.
In 2023, I laid the foundation stone of the @PepsiCoIndia plant, ushering in what was a new era of industrialisation.
— Himanta Biswa Sarma (@himantabiswa) September 10, 2026
Today, I returned to Nalbari to inaugurate the ₹778 cr plant which has a 75%+ women workforce and will support 5,000 local farmers with an assured market. pic.twitter.com/Oii7Wm7du2
आलू उत्पादन के लिए बड़ी सुविधा
किसानों को आलू के खास बीज खरीदने में मदद करने के लिए असम सरकार, पेप्सिको और स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने किसान क्रेडिट कार्ड के जरिए फाइनेंसिंग की सुविधा देने के लिए एक समझौता किया है.
राज्य सरकार आलू की सप्लाई चेन को मजबूत करने और फसल कटाई के बाद होने वाले नुकसान को कम करने के लिए लगभग 10,000 टन क्षमता वाली 35 करोड़ रुपए की कोल्ड स्टोरेज यूनिट बनाने की भी योजना बना रही है.
मुख्यमंत्री सरमा ने कहा कि इस प्लांट ने दिखाया है कि कैसे इंडस्ट्रियल इन्वेस्टमेंट से रोजगार के अलावा भी कई फायदे हो सकते हैं, जैसे खेती के उत्पादों के लिए स्थिर बाजार बनाना और स्थानीय लोगों की आजीविका को सहारा देना.
उन्होंने कहा कि असम अपने इंडस्ट्रियल इकोसिस्टम को मजबूत करते हुए अलग-अलग सेक्टर में इन्वेस्टमेंट लाने की कोशिश कर रहा है.
... ताकि युवाओं को राज्य से बाहर न जाना पड़े
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में बड़े पैमाने पर इंडस्ट्री को बढ़ावा देने का मकसद असम में ही काफी रोजगार के मौके पैदा करना है, ताकि युवाओं को नौकरी की तलाश में राज्य से बाहर जाने के लिए मजबूर न होना पड़े. उन्होंने कहा कि पेप्सिको का यह प्लांट बड़े पैमाने पर मैन्युफैक्चरिंग और खेती पर आधारित इंडस्ट्री के लिए असम की बढ़ती क्षमता को दिखाता है.
ये भी पढ़ें: ऑनलाइन शॉपिंग का फर्जीवाड़ा खत्म! न हिडेन चार्ज, न सर्च में होगा धोखा, इस तारीख से लागू होंगे नए नियम
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं