Gold-Silver Price Returns: दुनियाभर में सोना और चांदी हमेशा से सेफ निवेश माने जाते हैं. इस बात का सबूत ये है कि इनकी कमाई ने साल 2026 में भी बाकी बड़े निवेशों को पीछे छोड़ दिया है. जहां साल 2025 में गोल्ड-सिल्वर ने शानदार रिटर्न देकर नए रिकॉर्ड बनाए. वहीं, इस साल मिडिल ईस्ट में टेंशन होने के बाद भी 2026 के पहले 5 महीनों में भी सोने-चांदी ने कमाल का प्रदर्शन किया. इस दौरान सोने ने करीब 17.9% और चांदी ने 15.1% का रिटर्न दिया है. पिछले साल 2025 की बात करें, तो सोने ने लगभग 74% और चांदी ने 167% से ज्यादा का जबरदस्त मुनाफा दिया था, जो निवेशकों के लिए बहुत फायदेमंद साबित हुआ.
2026 के शुरुआती 5 महीनों का लेखा-जोखा
हालांकि, साल 2026 की शुरुआत सर्राफा बाजार के लिए काफी तेज रही. जनवरी के आखिर में दुनियाभर में बढ़ते तनाव और आर्थिक अनिश्चितता के चलते सोना और चांदी दोनों ने अपने ऑल टाइम हाई लेवल को टच कर दिया. 29 जनवरी को सोना करीब 1.76 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी लगभग 3.86 लाख रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई थी.
हालांकि, इसके बाद निवेशकों ने मुनाफा वसूलना शुरू किया और मिडिल ईस्ट में शुरू हुए तनाव की वजह से लोग नकदी बचाने पर ध्यान देने लगे, जिससे कीमतों में गिरावट आई. फिर भी अभी सोना करीब 1.56 लाख से 1.59 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी 2.61 लाख से 2.71 लाख रुपये प्रति किलो के बीच कारोबार कर रही है. सबसे बड़ी बात ये है कि इस गिरावट के बावजूद इस साल के पहले 5 महीनों में सोने ने करीब 17.9% और चांदी ने 15.1% का अच्छा रिटर्न देकर निवेशकों को फायदा दिया है.
साल 2025 में चांदी की ऐतिहासिक छलांग
साल 2025 में चांदी और सोने की कीमतों में जबरदस्त तेजी देखने को मिली. आंकड़ों की बात करें तो दिसंबर 2024 के आखिर तक चांदी जहां करीब 86,017 रुपये प्रति किलो थी, वहीं साल पूरा होते-होते यानी 31 दिसंबर 2025 तक इसकी कीमत बढ़कर 2,30,420 रुपये प्रति किलो पहुंच गई. मतलब सिर्फ एक साल में चांदी ने निवेशकों का पैसा 2.5 गुना से बढ़ा दिया और करीब 167% का शानदार रिटर्न दिया. इसी तरह सोना भी पीछे नहीं रहा. 31 दिसंबर 2024 को इसकी कीमत 76,162 रुपये प्रति 10 ग्राम थी, जो साल 2025 के आखिर तक बढ़कर 1,33,195 रुपये हो गई. इस तरह सोने ने भी साल भर में लगभग 74% का मुनाफा देकर निवेशकों को अच्छा फायदा पहुंचाया.
एक्सपर्ट्स की राय
मार्केट एक्सपर्ट का कहना है कि कई देशों के रिजर्व बैंक इस समय जमकर सोना खरीद रहे हैं, साथ ही इसकी डिमांड लगातार बनी हुई है, इसी वजह से इसकी तेजी लंबी अवधि में देखने को मिलेगी. हालांकि, अभी के समय में बाजार में उतार-चढ़ाव ज्यादा है. ऐसे में निवेशकों को एक साथ पैसा लगाने से बचना चाहिए. इसके बजाय, हर गिरावट पर धीरे-धीरे खरीदारी करना सबसे ज्यादा सेफ ऑप्शन है.
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