विज्ञापन

कौन हैं IPS विकास वैभव, जिन्होंने लापरवाह SHO को पढ़ाया कानून का पाठ, अब भत्ते पर होगा जीवन-यापन

आईजी विकास वैभव के निर्देश पर महिला थाना की तत्कालीन थानाध्यक्ष खुशबू कुमारी को निलंबित कर दिया गया. लापरवाही और निर्देशों की अनदेखी के मामले में ये एक्शन लिया गया है.

कौन हैं IPS विकास वैभव, जिन्होंने लापरवाह SHO को पढ़ाया कानून का पाठ, अब भत्ते पर होगा जीवन-यापन
आईजी विकास वैभव (Photo- NDTV)

गया में महिला उत्पीड़न से जुड़े मामले में प्राथमिकी दर्ज करने में लापरवाही और निर्देशों की अनदेखी महिला थाना की तत्कालीन थानाध्यक्ष को भारी पड़ गई. पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर उन्हें तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी गई है. इस कार्रवाई को पुलिस महकमे में जवाबदेही तय करने की बड़ी पहल माना जा रहा है.

दरअसल, ये पूरा मामला केपी रोड निवासी एक महिला की शिकायत से जुड़ा है. आरोप है कि ससुराल पक्ष द्वारा प्रताड़ित महिला ने थाने में कई बार आवेदन दिया. इसके बाद भी प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई. जब स्थानीय स्तर पर सुनवाई नहीं हुई तो पीड़िता ने अपनी शिकायत बड़े पुलिस अधिकारियों तक पहुंचाई. इसके बाद मामले की जांच कराई गई.

अधिकारियों के निर्देश भी हुए नजरअंदाज

जांच में सामने आया कि सिटी एसपी और आईजी स्तर से स्पष्ट निर्देश दिए गए थे कि मामले में एफआईआर दर्ज कर विधिसम्मत कार्रवाई की जाए. इसके बावजूद महिला थाना में मामला दर्ज करने के बजाय पीड़िता को जीरो एफआईआर के माध्यम से दूसरे जिले के मानगो थाना भेज दिया गया. जांच में इसे कर्तव्य के प्रति गंभीर लापरवाही और आदेशों की अवहेलना माना गया.

तत्काल प्रभाव से निलंबन, विभागीय कार्रवाई शुरू

आईजी विकास वैभव के निर्देश पर महिला थाना की तत्कालीन थानाध्यक्ष खुशबू कुमारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया. निलंबन अवधि में खुशबू कुमारी का मुख्यालय पुलिस केंद्र, गया निर्धारित किया गया है और उन्हें नियमानुसार जीवन-यापन भत्ता मिलेगा. साथ ही उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है.

लापरवाही अब नहीं होगी बर्दाश्त

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि महिलाओं से जुड़े मामलों में त्वरित एफआईआर और निष्पक्ष कार्रवाई सर्वोच्च प्राथमिकता है. सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार पीड़िता जहां निवास करती है, वहां भी प्राथमिकी दर्ज की जा सकती है। ऐसे में आदेशों की अवहेलना को गंभीर अनुशासनहीनता माना गया है. इस कार्रवाई से पुलिस महकमे में स्पष्ट संदेश गया है कि महिला सुरक्षा और न्याय से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर की लापरवाही अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी.

कौन हैं आईपीएस विकास वैभव? 

विकास वैभव 2003 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं. उन्होंने आईआईटी कानपुर से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की, लेकिन देश सेवा का जुनून ऐसा था कि करोड़ों के पैकेज पर जॉब ऑफर छोड़कर नागरिकों की सेवा को चुना. वैभव मूल रूप से बिहार के बेगूसराय के रहने वाले हैं. उनका जन्म 21 नवंबर 1979 को हुआ था.

विकास वैभव को 6 साल बाद मिली फील्ड पोस्टिंग

मगध रेंज का आईजी बनाए जाने पर IPS विकास वैभव ने फेसबुक पर एक लंबा पोस्ट किया. उन्होंने लिखा कि मैं 6 साल के बाद फील्ड पुलिसिंग में लौट गया हूं. गया जी मुख्यालय स्थित मगध रेंज के आईजी के रूप में नई जिम्मेदारी संभालते हुए मेरी सर्वोच्च प्राथमिकता हमेशा की तरह कानून के राज को पूरी निष्पक्षता, निर्भीकता और बिना किसी पक्षपात के दृढ़ता से लागू करना होगी. FIR न करने, अपराध की धाराओं को कमतर दिखाने, रिश्वत लेने या एकतरफा कार्रवाई करने वाले पुलिसकर्मियों को तत्काल निलंबित किया जाएगा. जमीन विवाद, अतिक्रमण हटाना और यातायात समस्याओं का समाधान, अवैध शराब कारोबार के विरुद्ध कठोर कार्रवाई, तथा अवैध सड़क जाम के प्रति “ज़ीरो टॉलरेंस” की नीति अपनाई जाएगी. 

वरिष्ठ नागरिकों के लिए हेल्प डेस्क

उन्होंने लिखा कि सभी थानों में वरिष्ठ नागरिकों के लिए हेल्प डेस्क लगाया जाएगा. प्रत्येक माह के प्रथम शनिवार को थाना क्षेत्र के किसी सार्वजनिक स्थान पर “पब्लिक–पुलिस संवाद” कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा. रात्रि के समय थानों का औचक निरीक्षण नियमित रूप से किया जाएगा, विशेषकर लॉक-अप की जांच के लिए, ताकि किसी भी प्रकार की अवैध हिरासत या उगाही जैसी गतिविधि न हो। मैं खुद भी लोगों की शिकायतों को सुनने के लिए उपलब्ध रहूंगा.

अनंत सिंह की गिरफ्तारी से चर्चा में आए थे विकास वैभव

विकास वैभव 2015 में विधायक अनंत को गिरफ्तार करने के बाद चर्चा में आए थे. उससे पहले वे NIA में थे। 2023 में तत्कालीन डीजी (फायर सर्विसेज) शोभा अहोटकर से विवाद के कारण भी वे चर्चा में थे. तब उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर शोभा अहोटकर पर अपमानजनक भाषा के प्रयोग का आरोप लगाया था. शोभा ने उन्हें शोकॉज नोटिस भी जारी किया था. इस विवाद के बाद विकास वैभव को होमगार्ड एवं फायर सर्विसेज के IG के पद से हटाकर पुलिस मुख्यालय भेज दिया था. इन दिनों वे अपने अभियान "लेट्स इंस्पायर बिहार" के तहत अलग - अलग जिलों में जा रहे हैं.

ये भी पढ़ें-  बिहार में पहली बार अपराध करने वालों को राहत, खतरनाक कैदियों से दूर मिलेगा वार्ड

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Bihar News, Bihar Hindi News, Gaya News, Gaya News In Hindi, Gaya News Today
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com