- गोरखनाथ मंदिर में जनता दर्शन के दौरान एक मानसिक रूप से परेशान व्यक्ति सुरक्षा कर्मियों से उलझ गया था
- युवक का नाम राधेश्याम राजभर था और वह बलिया जिले के ग्राम चंद्रवा का निवासी बताया गया
- युवक का पासपोर्ट निरस्त होने के कारण वह मानसिक रूप से परेशान था और सुरक्षा जांच से नाराज था
गोरखनाथ मंदिर जनता दर्शन में बीती शाम आया एक व्यक्ति वहां मौजूद तैनात पुलिस कर्मियों से उलझ गया.शख्स के बारे में पता चला कि वो मानसिक रूप से परेशान था. सुरक्षाकर्मियों ने जब उसकी तलाशी ली तो युवक नाराज होकर झगड़ा करने लगा,लेकिन मौके पर मौजूद सुरक्षा कर्मियों ने हिरासत में लेकर गोरखनाथ पुलिस को सुपुर्द कर दिया.मंदिर सुरक्षा में तैनात सीओ संतोष ने कहा कि एक व्यक्ति का पासपोर्ट निरस्त हो गया था जिससे वे मानसिक रूप से परेशान था.उसकी ओर से सुरक्षा कर्मियों से विवाद की बात सामने आई है. हालांकि मीडिया में यह भी खबर थी कि उसने गोली चलाई है पर सीओ ने इस खबर को खारिज कर दिया.
मंदिर में चेकिंग हुई तो पुलिस से उलझ गया
घटना के अनुसार, गोरखनाथ मंदिर में जनता दर्शन लगा था.उसी जनता दर्शन में एक व्यक्ति राधेश्याम राजभर ग्राम चंद्रवा थाना नगरा जनपद बलिया से मंदिर में आया था.जनता दर्शन के बाद वह चला गया और फिर वह व्यक्ति रात 8.30 बजे दोबारा मंदिर पहुंचा.अंदर जाने की कोशिश की तो उसको सुरक्षा में तैनात सुरक्षा कर्मियों ने रोक कर उसे चेक किया जिससे वे नाराज हो गया और सुरक्षा कर्मियों से झगड़ने लगा.देखते ही देखते नौबत हाथापाई तक आ गई.
पासपोर्ट निरस्त होने से परेशान था युवक
मौके पर मौजूद अन्य पुलिस कर्मियों ने युवक को पकड़कर गोरखनाथ थाने की पुलिस को सुपुर्द कर दिया.पुलिस की मानें तो युवक पासपोर्ट निरस्त होने से मानसिक रूप से परेशान बताया जा रहा है फिलहाल पुलिस पूछताछ कर रही है. संतोष कुमार सिंह सीओ मंदिर सुरक्षा ने बताया कि लगभग 8.30 बजे एक व्यक्ति राधेश्याम राजभर ग्राम चंद्रवा थाना नगरा जनपद बलिया से मंदिर में आया था. गेट पर चेकिंग की गई तो वे सुरक्षा कर्मियों से उलझ गया जिसको पकड़ कर गोरखनाथ थाना को सुपुर्द कर दिया गया.
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