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UIDAI का बड़ा अपडेट, अब आधार नहीं होगा डेट ऑफ बर्थ का प्रमाण, जान‍िए आख‍िर क्‍यों उठाया यह कदम

Aadhaar card update : UIDAI के अनुसार, आधार में दर्ज जन्मतिथि व्यक्ति की तरफ से नामांकन या अपडेट के दौरान दी गई जानकारी पर आधारित होती है. लेकिन जहां कोई प्रूफ उपलब्ध नहीं होता, वहां जन्मतिथि अनुमानित या घोषित रूप में भी दर्ज की जा सकती है.

UIDAI का बड़ा अपडेट, अब आधार नहीं होगा डेट ऑफ बर्थ का प्रमाण, जान‍िए आख‍िर क्‍यों उठाया यह कदम
Aadhaar Card Update : आधार कार्ड अपडेट पर बड़ी खबर.

Aadhaar identity : आधार कार्ड इस्तेमाल करने वालों के लिए एक अहम अपडेट सामने आया है. UIDAI ने साफ कर दिया है कि आधार कार्ड को अब जन्मतिथि (DOB) के लिए ऑफिशियल  प्रूफ नहीं माना जाना चाहिए. हालांकि, यह डॉक्युमेंट पहचान और पते के प्रूफ के तौर पर वैध बना रहेगा. यह जानकारी UIDAI ने आधार यूजर एजेंसियों (AUA) और ई-केवाईसी यूजर एजेंसियों (KUA) को भेजे गए एक ऑफिशियल लेटर से सामने आई है. इस लेटर में आधार के इस्तेमाल और सीमाओं को लेकर तस्वीर साफ की गई है. 

क्यों नहीं माना जाएगा जन्मतिथि का प्रूफ?

UIDAI के अनुसार, आधार का मकसद किसी व्यक्ति की पहचान बताना है, न कि उसकी जन्मतिथि की पुष्टि करना. आधार में दर्ज जन्मतिथि व्यक्ति की तरफ से नामांकन या अपडेट के दौरान दी गई जानकारी पर आधारित होती है. कई मामलों में यह जानकारी डॉक्युमेंट्स के आधार पर दर्ज होती है, लेकिन जहां कोई प्रूफ उपलब्ध नहीं होता, वहां जन्मतिथि अनुमानित या घोषित रूप में भी दर्ज की जा सकती है. ऐसे मामलों में केवल जन्म का साल लिया जाता है और सिस्टम उस साल की 1 जनवरी को डिफॉल्ट जन्मतिथि के तौर पर दर्ज कर देता है. यही कारण है कि इसे जन्मतिथि का प्रूफ नहीं माना जा सकता.

सिर्फ पहचान की पुष्टि

UIDAI ने यह भी साफ किया है कि आधार कार्ड केवल इस बात की पुष्टि करता है कि डॉक्युमेंट्स प्रस्तुत करने वाला व्यक्ति वही है, जिसने अपने बायोमेट्रिक और दूसरी डिटेल्स के साथ रजिस्ट्रेशन कराया था. आधार अथेंटिकेशन प्रोसेस में डेटा का मिलान सेंट्रल डेटाबेस से किया जाता है, जिससे पहचान की पुष्टि हो जाती है. लेकिन इस प्रोसेस में जन्मतिथि जैसी दूसरी जानकारी का वेरिफिकेशन नहीं होता है.

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एजेंसियों को दी गई छूट

UIDAI ने यह भी कहा है कि AUA और KUA एजेंसियां अपने हिसाब से यह तय कर सकती हैं कि वे जन्मतिथि से जुड़े उद्देश्यों के लिए आधार का इस्तेमाल करना चाहती हैं या नहीं. इसके साथ ही कल्याणकारी योजनाओं, सब्सिडी और दूसरी सरकारी सेवाओं में आधार के इस्तेमाल का निर्णय संबंधित मंत्रालयों, राज्य सरकारों और दूसरी संस्थाओं की ओर से लिया जाता है.

पहचान और पते के लिए रहेगा मान्य

UIDAI के मुताबिक, आधार कार्ड के सभी फॉर्मेट पहचान और पते के प्रूफ के तौर पर वैध हैं. लेकिन इस दौरान तय शर्तों का पालन होना जरूरी है. आधार कार्ड के फॉर्मेट्स में फिजिकल कार्ड, ई-आधार, मास्क्ड आधार, ऑफलाइन XML और QR कोड शामिल हैं. 

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