दिल्ली ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन (DTC) अपने कामकाज को बेहतर बनाने के मकसद से अपने बस मैनेजमेंट सिस्टम के डिजिटाइजेशन और उसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को शामिल करने के लिए IIT कानपुर की मदद लेने की योजना बना रही है. अधिकारियों के अनुसार, हाल ही में लागू की गई रूट रेशनलाइजेशन स्कीम को देखते हुए, जिसमें पुरानी बसों को हटाना और ज्यादा इलेक्ट्रिक बसें शामिल करना शामिल है, मौजूदा बस मैनेजमेंट सिस्टम में बड़े बदलाव की जरूरत महसूस की गई. इसको ध्यान में रखते हुए ही डीटीसी जल्द ही अपने मैनेजमेंट सिस्टम में बदलाव कर सकता है.
DTC कामकाज में AI की लेगा मदद
इस विषय पर हाल ही में एक बैठक भी हुई, जिसमें सिस्टम को डिजिटल बनाने पर चर्चा की गई. अधिकारियों के मुताबिक, जल्द ही IIT कानपुर के साथ मिलकर काम करने के लिए औपचारिक प्रस्ताव तैयार किया जाएगा. इसके साथ ही, दिल्ली के बस नेटवर्क को और बेहतर बनाने के लिए IIT दिल्ली और दिल्ली ट्रांसपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (DTIDC) एक विस्तृत अध्ययन कर रहे हैं. इस अध्ययन का उद्देश्य डेटा के आधार पर ऐसा नेटवर्क तैयार करना है, जिससे लोगों को बेहतर सुविधा और समय पर सेवा मिल सके.
दिल्ली के परिवहन मंत्री पंकज सिंह ने रूट रेशनलाइजेशन योजना की घोषणा जनवरी में ही की थी, जिस पर काम करते हुए रूट रेशनलाइजेशन योजना के तहत ईस्ट जोन में 121 रूट, वेस्ट जोन में 181 रूट और नॉर्थ जोन में 194 रूट शामिल किए गए हैं.
DTC बदल रहा है अपना पुराना सिस्टम
दिल्ली ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन इस समय अपने पुराने सिस्टम में बड़े बदलाव कर रहा है. अभी DTC अपनी 15 साल पुरानी CNG लो-फ्लोर बसों को धीरे-धीरे हटा रहा है और उनकी जगह इलेक्ट्रिक बसें ला रहा है. फिलहाल DTC के पास करीब 6,300 बसों का बेड़ा है, जिसमें 4,538 इलेक्ट्रिक बसें और 1,759 CNG बसें शामिल हैं. शहर में इलेक्ट्रिक गाड़ियों को बढ़ावा देने के लिए DTC नए चार्जिंग स्टेशन भी बना रहा है. ये चार्जिंग स्टेशन ओखला, नरेला और द्वारका डिपो में बनाए जा रहे हैं, जिन पर करीब 11 करोड़ रुपये खर्च होंगे. इन स्टेशनों का इस्तेमाल बसों और ट्रकों जैसे कमर्शियल वाहनों के लिए किया जाएगा.
इसके लिए DTC ने टेंडर भी जारी किए हैं, जिसमें CPWD, मिलिट्री इंजीनियर सर्विस (MES), रेलवे, PWD और अन्य सरकारी एजेंसियों में रजिस्टर्ड ठेकेदारों को काम के लिए आमंत्रित किया गया है. अधिकारियों के अनुसार, नए मैनेजमेंट प्लान के तहत इन बस डिपो को भी डिजिटल सिस्टम से जोड़ा जाएगा, ताकि कामकाज और बेहतर और आसान हो सके.
यह भी पढ़ें:- नमो भारत ट्रेन के आनंद विहार स्टेशन पर मिलेगी स्काईवॉक की सुविधा, एक साथ मेट्रो, रेल और बस तक पहुंचना होगा आसान
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं