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NDTV वर्ल्ड समिट में हिस्सा लेने पहली बार भारत आएंगी श्रीलंका की PM हरिनी, जारी किया खास वीडियो मैसेज
- Monday October 13, 2025
- Written by: रिचा बाजपेयी
बतौर प्रधानमंत्री यह श्रीलंकन प्राइम मिनिस्टर की पहली भारत यात्रा होगी. इस मौके पर उन्होंने एक खास वीडियो मैसेज जारी किया है.
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NDTV Explainer: चीन की आंखों के सामने 'आकाश PRIME' ने दिखाई आत्मनिर्भर भारत की नई ताकत
- Friday July 18, 2025
- Reported by: सुशील बहुगुणा, Edited by: अभिषेक पारीक
ऑपरेशन सिंदूर ने भविष्य के युद्धों में स्वदेश में विकसित आधुनिकतम टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल की जरूरत को काफी गंभीरता से साबित किया है. रक्षा के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता के लिए भारत की कोशिशें काफी पहले से चल रही हैं, लेकिन बीते कुछ दशक में ये काफी तेज हुई हैं.
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इस एक्ट्रेस ने की राहुल गांधी की 'भारत जोड़ो यात्रा' की तारीफ, कहा- 'देश की स्थिति को देखते हुए इस तरह....'
- Friday October 28, 2022
- Written by: आनंद कश्यप
स्वरा भास्कर ने एनडीटीवी की चर्चित शो प्राइम टाइम के वीडियो को अपने आधिकारिक ट्विटर अकाउंट पर शेयर किया है. जिसमें पत्रकार रवीश कुमार राहुल गांधी की 'भारत जोड़ो यात्रा' के बारे में जानकारी देते दिखाई दे रही हैं.
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जिस पेशे को अपने पसीने से कमाल ख़ान ने सींचा वो अब उनसे वीरान हो गया...
- Saturday January 15, 2022
- रवीश कुमार
हज़ार दुखों से गुज़र रही भारत की पत्रकारिता का दुख आज हज़ार गुना गहरा लग रहा है. जिस पेश को अपने पसीने से कमाल ख़ान ने सींचा वो अब उनसे वीरान हो गया है. कमाल ख़ान हमारे बीच नहीं हैं. हम देश और दुनिया भर से आ रही श्रद्धांजलियों को भरे मन से स्वीकार कर रहे हैं. आप सबकी संवेदनाएं बता रही हैं कि आपके जीवन में कमाल ख़ान किस तरीके से रचे बचे हुए थे. कमाल साहब की पत्नी रुचि और उनके बेटे अमान इस ग़म से कभी उबर तो नहीं पाएंगे लेकिन जब कभी आपके प्यार और आपकी संवेदनाओं की तरफ उनकी नज़र जाएगी, उन्हें आगे की ज़िंदगी का सफर तय करने का हौसला देगी. उन्हें ग़म से उबरने का सहारा मिलेगा कि कमाल ख़ान ने टीवी की पत्रकारिता को कितनी शिद्दत से सींचा था. एनडीटीवी से तीस साल से जुड़े थे. एक ऐसे काबिल हमसफर साथी को अलविदा कहना थोड़ा थोड़ा ख़ुद को भी अलविदा कहना है.
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Ravish Kumar Prime Time: अपने ही मंत्रियों की जासूसी करवा रही सरकार? रवीश कुमार ने बताया किन-किन के फोन में हो रही थी सेंधमारी?
- Friday April 8, 2022
- Edited by: प्रमोद प्रवीण
Ravish Kumar Prime Time : रवीश ने कहा, "यह खबर दांत चियारनेवाली नहीं है बल्कि ऐसी खबर है कि हलख सूख जानी चाहिए. यह कहानी चोर दरवाजे से लोकतंत्र को रौंदकर मिट्टी में मिला देने की है. अगर आपने अभी नहीं सुनी और हिन्दी प्रदेश के गांव-गांव में नहीं सुनाई तो 20 साल बाद भी बैकडेट में कुछ भी सुनाने को नहीं बचेंगे."
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हर जंग जीतने के लिए नहीं, सिर्फ इसलिए लड़ी जाती है, ताकि दुनिया को बताया जा सके, कोई है, जो लड़ रहा है : रवीश कुमार
- Monday September 9, 2019
- Written by: मानस मिश्रा
हिंदी पत्रकारिता के लिए गौरव का दिन है. आज फिलीपीन्स की राजधानी मनीला में एनडीटीवी इंडिया के रवीश कुमार को रेमॉन मैगसेसे सम्मान प्रदान किया गया है. उनको सम्मान देने वालों ने माना है कि रवीश कुमार उन लोगों की आवाज़ बनते हैं जिनकी आवाज़ कोई और नहीं सुनता. पिछले दो दशकों में एनडीटीवी में अलग-अलग भूमिकाओं में और अलग-अलग कार्यक्रमों के ज़रिए रवीश कुमार ने पत्रकारिता के नए मानक बनाए हैं. एक दौर में रवीश की रिपोर्ट देश की सबसे मार्मिक टीवी पत्रकारिता का हिस्सा बनता रहा. बाद में प्राइम टाइम की उनकी बहसें अपने जन सरोकारों के लिए जानी गईं. और जब सत्ता ने उनके कार्यक्रम का बहिष्कार कर दिया तो रवीश ने जैसे प्राइम टाइम को ही नहीं, टीवी पत्रकारिता को ही नई परिभाषा दे डाली. सरकारी नौकरियों और इम्तिहानों के बहुत मामूली समझे जाने वाले मुद्दों को, शिक्षा और विश्वविद्यालयों के उपेक्षित परिसरों को उन्होंने प्राइम टाइम में लिया और लाखों-लाख छात्रों और नौजवानों की नई उम्मीद बन बैठे. जिस दौर में पूरी की पूरी टीवी पत्रकारिता तमाशे में बदल गई है- राष्ट्रवादी उन्माद के सामूहिक कोरस का नाम हो गई है, उस दौर में रवीश की शांत-संयत आवाज़ हिंदी पत्रकारिता को उनकी गरिमा लौटाती रही है. मनीला में रेमॉन मैगसेसे सम्मान से पहले अपने व्याख्यान में उन्होंने कहा कि अब लोकतंत्र को नागरिक पत्रकार की बचाएंगे और वे ख़ुद ऐसे ही नागरिक पत्रकार की भूमिका में हैं.
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प्राइम टाइम इंट्रो : उद्योग जगत को मिल गई इनकम टैक्स से मुक्ति!
- Friday August 23, 2019
- रवीश कुमार
2014 के बाद शायद यह पहला बड़ा मौक़ा है जब उद्योगपतियों की सुगबुगाहट, खुली नाराज़गी और अर्थव्यवस्था के संकट के दबाव में वित्त मंत्री निमर्ला सीतारमण ने प्रेस कांफ्रेस में कई बड़े एलान किए. ये वो एलान थे जिनके बारे में सरकार के पीछे हटने की उम्मीद कम नज़र आ रही थी
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प्राइम टाइम इंट्रो : आखिर रैगिंग को क्यों छिपा रहे हैं कुलपति?
- Thursday August 22, 2019
- रवीश कुमार
इस देश में आप जिसे चाहें लाइन में खड़ा कर सकते हैं, उसे हांक सकते हैं. इसी की नुमाइश है यह वीडियो और कतार में चले आ रहे मेडिकल के छात्र. यूपी के सैफई आयुर्विज्ञान महाविद्यालय में मेडिकल कालेज के छात्र हैं, जिनकी रैगिंग हुई है और सिर मुड़वा दिया गया है.
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रवीश कुमार को मिला रैमॉन मैगसेसे पुरस्कार तो प्रियंका गांधी ने किया ट्वीट, लिखा- आलोचना के विवेक की मशाल को जिंदा रखने वाले पत्रकार...
- Friday August 2, 2019
- Written by: नंदन सिंह
प्रियंका गांधी ट्वीट किया: "सच कहने का साहस और आलोचना के विवेक की मशाल को जिंदा रखने वाले पत्रकार रवीश कुमार को रैमॉन मैग्सेसे पुरस्कार मिलने पर बधाई. मैं उनके धैर्य का आदर करती हूं."
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'रैमॉन मैगसेसे' पुरस्कार से सम्मानित रवीश कुमार पहले देखते थे NDTV में चिट्ठियों का काम, 10 बातें
- Friday August 2, 2019
- ख़बर न्यूज़ डेस्क
एनडीटीवी के रवीश कुमार को 'रैमॉन मैगसेसे' पुरस्कार 2019 से शुक्रवार को सम्मानित किया गया है. इस पुरस्कार को नोबेल पुरस्कार का एशियाई संस्करण माना जाता है. प्रशस्ति पत्र में 44 वर्षीय कुमार को भारत के सबसे प्रभावी टीवी पत्रकारों में से एक बताया गया है. वह एनडीटीवी इंडिया में पत्रकार हैं. उनका नाम उन पांच व्यक्तियों में शुमार है जिन्हें इस पुरस्कार का विजेता घोषित किया गया है. प्रशस्ति पत्र में कहा गया कि कुमार का कार्यक्रम “प्राइम टाइम” “आम लोगों की वास्तविक, अनकही समस्याओं को उठाता है.’’ साथ ही इसमें कहा गया, “अगर आप लोगों की अवाज बन गए हैं, तो आप पत्रकार हैं.” इस साल के रमन मैगसेसे पुरस्कार के चार अन्य विजेताओं में म्यामां के ‘को स्वे विन’, थाइलैंड की ‘अंगखाना नीलापाइजित’, फिलीपीन के ‘रैयमुंडो पुजंते कायाबायऐब’ और दक्षिण कोरिया के ‘किम जोंग की’ शामिल हैं. 1957 में शुरू हुए इस पुरस्कार को एशिया का सर्वोच्च सम्मान माना जाता है.
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जल संकट की अनदेखी क्यों?
- Saturday June 22, 2019
- रवीश कुमार
सबमर्सिबल पंप पानी का ऐसा संकट लेकर आ रहा है जिसका अंदाज़ा हम सभी को है मगर नज़र हम सभी फेर ले रहे हैं. इस पंप के कारण ज़मीन के नीचे का पानी ग़ायब हो जाने वाला है. अगर ऐसा नहीं होता तो दिसंबर 2010 में पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट ने गुड़गांव ज़िले में बोरवेल लगाने पर रोक नहीं लगाया होता.
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रवीश कुमार का ब्लॉग : जेम्स बॉन्ड को मालूम है, बंगाल में 370 करोड़ के इलेक्टोरल बॉन्ड का ख़रीदार कौन है
- Friday June 7, 2019
- रवीश कुमार
क्या ऐसा हो सकता है कि कई सारी अज्ञात शक्तियां, देसी और विदेशी, एक पार्टी के लिए इलेक्टोरल बॉन्ड ख़रीदती हैं. वह पार्टी उस बॉन्ड के पैसे से कुछ प्रभावशाली लोगों को ख़रीद लेती है और वो लोग उन वोटरों को जो दो से तीन हज़ार के नोट के लिए वोट बेचने के लिए तैयार बैठे हैं.
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जब रवीश कुमार ने अमित शाह का किया था इंटरव्यू, देखें Video
- Friday May 31, 2019
- ख़बर न्यूज़ डेस्क
उन्होंने बताया कि 2007 का साल था. मैं नया नया रिपोर्टर था. गुजरात विधानसभा चुनाव के नतीजे आ रहे थे. मेरी तैनाती अमित शाह के घर पर हुई थी. 2014 के बाद से मेरी अमित शाह से कोई मुलाकात नहीं.
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Exit Poll Results 2019 : योगेंद्र यादव ने क्यों कहा- 'The Congress Must Die' यानी 'कांग्रेस को निश्चित खत्म हो जाना चाहिए'
- Monday May 20, 2019
- Reported by: शरद शर्मा
एग्जिट पोल पर रवीश कुमार के प्राइम टाइम में 23 मई को हैरान कर देने वाले नतीजों का दावा करने वाले चुनाव विशेषज्ञ योगेंद्र यादव ने ट्विटर पर कांग्रेस पर हमला बोला है. उन्होंने लिखा है, 'Congress Must Die' मतलब 'कांग्रेस को खत्म होना चाहिए'. उन्होंने आगे लिखा, 'यह (कांग्रेस) आइडिया ऑफ इंडिया बचाने के लिए यह पार्टी बीजेपी को रोक नहीं सकी, अब इस पार्टी की भारतीय इतिहास में कोई सकारात्मक भूमिका नहीं बची है. अब यह दूसरा विकल्प बनने में खुद एक बड़ी बाधा बन गई है. उनके इस बयान पर एनडीटीवी ने जब योगेंद्र यादव से बात की तो उन्होंने कांग्रेस की तीखी आलोचना की. उन्होंने कहा, 'यह जो चुनाव हुआ यह कोई साधारण चुनाव नहीं था यह एक तरह से भारत की आत्मा को बचाने के लिए स्वधर्म को बचाने के लिए चुनाव था और अगर इस चुनाव में कांग्रेस, बीजेपी जिसने देश में बंटवारे की राजनीति की है, उसका मुकाबला करने का औजार नहीं बन सकती तो फिर उस कांग्रेस को रहने का मतलब क्या है? '
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NDTV वर्ल्ड समिट में हिस्सा लेने पहली बार भारत आएंगी श्रीलंका की PM हरिनी, जारी किया खास वीडियो मैसेज
- Monday October 13, 2025
- Written by: रिचा बाजपेयी
बतौर प्रधानमंत्री यह श्रीलंकन प्राइम मिनिस्टर की पहली भारत यात्रा होगी. इस मौके पर उन्होंने एक खास वीडियो मैसेज जारी किया है.
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NDTV Explainer: चीन की आंखों के सामने 'आकाश PRIME' ने दिखाई आत्मनिर्भर भारत की नई ताकत
- Friday July 18, 2025
- Reported by: सुशील बहुगुणा, Edited by: अभिषेक पारीक
ऑपरेशन सिंदूर ने भविष्य के युद्धों में स्वदेश में विकसित आधुनिकतम टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल की जरूरत को काफी गंभीरता से साबित किया है. रक्षा के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता के लिए भारत की कोशिशें काफी पहले से चल रही हैं, लेकिन बीते कुछ दशक में ये काफी तेज हुई हैं.
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इस एक्ट्रेस ने की राहुल गांधी की 'भारत जोड़ो यात्रा' की तारीफ, कहा- 'देश की स्थिति को देखते हुए इस तरह....'
- Friday October 28, 2022
- Written by: आनंद कश्यप
स्वरा भास्कर ने एनडीटीवी की चर्चित शो प्राइम टाइम के वीडियो को अपने आधिकारिक ट्विटर अकाउंट पर शेयर किया है. जिसमें पत्रकार रवीश कुमार राहुल गांधी की 'भारत जोड़ो यात्रा' के बारे में जानकारी देते दिखाई दे रही हैं.
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जिस पेशे को अपने पसीने से कमाल ख़ान ने सींचा वो अब उनसे वीरान हो गया...
- Saturday January 15, 2022
- रवीश कुमार
हज़ार दुखों से गुज़र रही भारत की पत्रकारिता का दुख आज हज़ार गुना गहरा लग रहा है. जिस पेश को अपने पसीने से कमाल ख़ान ने सींचा वो अब उनसे वीरान हो गया है. कमाल ख़ान हमारे बीच नहीं हैं. हम देश और दुनिया भर से आ रही श्रद्धांजलियों को भरे मन से स्वीकार कर रहे हैं. आप सबकी संवेदनाएं बता रही हैं कि आपके जीवन में कमाल ख़ान किस तरीके से रचे बचे हुए थे. कमाल साहब की पत्नी रुचि और उनके बेटे अमान इस ग़म से कभी उबर तो नहीं पाएंगे लेकिन जब कभी आपके प्यार और आपकी संवेदनाओं की तरफ उनकी नज़र जाएगी, उन्हें आगे की ज़िंदगी का सफर तय करने का हौसला देगी. उन्हें ग़म से उबरने का सहारा मिलेगा कि कमाल ख़ान ने टीवी की पत्रकारिता को कितनी शिद्दत से सींचा था. एनडीटीवी से तीस साल से जुड़े थे. एक ऐसे काबिल हमसफर साथी को अलविदा कहना थोड़ा थोड़ा ख़ुद को भी अलविदा कहना है.
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Ravish Kumar Prime Time: अपने ही मंत्रियों की जासूसी करवा रही सरकार? रवीश कुमार ने बताया किन-किन के फोन में हो रही थी सेंधमारी?
- Friday April 8, 2022
- Edited by: प्रमोद प्रवीण
Ravish Kumar Prime Time : रवीश ने कहा, "यह खबर दांत चियारनेवाली नहीं है बल्कि ऐसी खबर है कि हलख सूख जानी चाहिए. यह कहानी चोर दरवाजे से लोकतंत्र को रौंदकर मिट्टी में मिला देने की है. अगर आपने अभी नहीं सुनी और हिन्दी प्रदेश के गांव-गांव में नहीं सुनाई तो 20 साल बाद भी बैकडेट में कुछ भी सुनाने को नहीं बचेंगे."
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हर जंग जीतने के लिए नहीं, सिर्फ इसलिए लड़ी जाती है, ताकि दुनिया को बताया जा सके, कोई है, जो लड़ रहा है : रवीश कुमार
- Monday September 9, 2019
- Written by: मानस मिश्रा
हिंदी पत्रकारिता के लिए गौरव का दिन है. आज फिलीपीन्स की राजधानी मनीला में एनडीटीवी इंडिया के रवीश कुमार को रेमॉन मैगसेसे सम्मान प्रदान किया गया है. उनको सम्मान देने वालों ने माना है कि रवीश कुमार उन लोगों की आवाज़ बनते हैं जिनकी आवाज़ कोई और नहीं सुनता. पिछले दो दशकों में एनडीटीवी में अलग-अलग भूमिकाओं में और अलग-अलग कार्यक्रमों के ज़रिए रवीश कुमार ने पत्रकारिता के नए मानक बनाए हैं. एक दौर में रवीश की रिपोर्ट देश की सबसे मार्मिक टीवी पत्रकारिता का हिस्सा बनता रहा. बाद में प्राइम टाइम की उनकी बहसें अपने जन सरोकारों के लिए जानी गईं. और जब सत्ता ने उनके कार्यक्रम का बहिष्कार कर दिया तो रवीश ने जैसे प्राइम टाइम को ही नहीं, टीवी पत्रकारिता को ही नई परिभाषा दे डाली. सरकारी नौकरियों और इम्तिहानों के बहुत मामूली समझे जाने वाले मुद्दों को, शिक्षा और विश्वविद्यालयों के उपेक्षित परिसरों को उन्होंने प्राइम टाइम में लिया और लाखों-लाख छात्रों और नौजवानों की नई उम्मीद बन बैठे. जिस दौर में पूरी की पूरी टीवी पत्रकारिता तमाशे में बदल गई है- राष्ट्रवादी उन्माद के सामूहिक कोरस का नाम हो गई है, उस दौर में रवीश की शांत-संयत आवाज़ हिंदी पत्रकारिता को उनकी गरिमा लौटाती रही है. मनीला में रेमॉन मैगसेसे सम्मान से पहले अपने व्याख्यान में उन्होंने कहा कि अब लोकतंत्र को नागरिक पत्रकार की बचाएंगे और वे ख़ुद ऐसे ही नागरिक पत्रकार की भूमिका में हैं.
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प्राइम टाइम इंट्रो : उद्योग जगत को मिल गई इनकम टैक्स से मुक्ति!
- Friday August 23, 2019
- रवीश कुमार
2014 के बाद शायद यह पहला बड़ा मौक़ा है जब उद्योगपतियों की सुगबुगाहट, खुली नाराज़गी और अर्थव्यवस्था के संकट के दबाव में वित्त मंत्री निमर्ला सीतारमण ने प्रेस कांफ्रेस में कई बड़े एलान किए. ये वो एलान थे जिनके बारे में सरकार के पीछे हटने की उम्मीद कम नज़र आ रही थी
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प्राइम टाइम इंट्रो : आखिर रैगिंग को क्यों छिपा रहे हैं कुलपति?
- Thursday August 22, 2019
- रवीश कुमार
इस देश में आप जिसे चाहें लाइन में खड़ा कर सकते हैं, उसे हांक सकते हैं. इसी की नुमाइश है यह वीडियो और कतार में चले आ रहे मेडिकल के छात्र. यूपी के सैफई आयुर्विज्ञान महाविद्यालय में मेडिकल कालेज के छात्र हैं, जिनकी रैगिंग हुई है और सिर मुड़वा दिया गया है.
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रवीश कुमार को मिला रैमॉन मैगसेसे पुरस्कार तो प्रियंका गांधी ने किया ट्वीट, लिखा- आलोचना के विवेक की मशाल को जिंदा रखने वाले पत्रकार...
- Friday August 2, 2019
- Written by: नंदन सिंह
प्रियंका गांधी ट्वीट किया: "सच कहने का साहस और आलोचना के विवेक की मशाल को जिंदा रखने वाले पत्रकार रवीश कुमार को रैमॉन मैग्सेसे पुरस्कार मिलने पर बधाई. मैं उनके धैर्य का आदर करती हूं."
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'रैमॉन मैगसेसे' पुरस्कार से सम्मानित रवीश कुमार पहले देखते थे NDTV में चिट्ठियों का काम, 10 बातें
- Friday August 2, 2019
- ख़बर न्यूज़ डेस्क
एनडीटीवी के रवीश कुमार को 'रैमॉन मैगसेसे' पुरस्कार 2019 से शुक्रवार को सम्मानित किया गया है. इस पुरस्कार को नोबेल पुरस्कार का एशियाई संस्करण माना जाता है. प्रशस्ति पत्र में 44 वर्षीय कुमार को भारत के सबसे प्रभावी टीवी पत्रकारों में से एक बताया गया है. वह एनडीटीवी इंडिया में पत्रकार हैं. उनका नाम उन पांच व्यक्तियों में शुमार है जिन्हें इस पुरस्कार का विजेता घोषित किया गया है. प्रशस्ति पत्र में कहा गया कि कुमार का कार्यक्रम “प्राइम टाइम” “आम लोगों की वास्तविक, अनकही समस्याओं को उठाता है.’’ साथ ही इसमें कहा गया, “अगर आप लोगों की अवाज बन गए हैं, तो आप पत्रकार हैं.” इस साल के रमन मैगसेसे पुरस्कार के चार अन्य विजेताओं में म्यामां के ‘को स्वे विन’, थाइलैंड की ‘अंगखाना नीलापाइजित’, फिलीपीन के ‘रैयमुंडो पुजंते कायाबायऐब’ और दक्षिण कोरिया के ‘किम जोंग की’ शामिल हैं. 1957 में शुरू हुए इस पुरस्कार को एशिया का सर्वोच्च सम्मान माना जाता है.
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जल संकट की अनदेखी क्यों?
- Saturday June 22, 2019
- रवीश कुमार
सबमर्सिबल पंप पानी का ऐसा संकट लेकर आ रहा है जिसका अंदाज़ा हम सभी को है मगर नज़र हम सभी फेर ले रहे हैं. इस पंप के कारण ज़मीन के नीचे का पानी ग़ायब हो जाने वाला है. अगर ऐसा नहीं होता तो दिसंबर 2010 में पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट ने गुड़गांव ज़िले में बोरवेल लगाने पर रोक नहीं लगाया होता.
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रवीश कुमार का ब्लॉग : जेम्स बॉन्ड को मालूम है, बंगाल में 370 करोड़ के इलेक्टोरल बॉन्ड का ख़रीदार कौन है
- Friday June 7, 2019
- रवीश कुमार
क्या ऐसा हो सकता है कि कई सारी अज्ञात शक्तियां, देसी और विदेशी, एक पार्टी के लिए इलेक्टोरल बॉन्ड ख़रीदती हैं. वह पार्टी उस बॉन्ड के पैसे से कुछ प्रभावशाली लोगों को ख़रीद लेती है और वो लोग उन वोटरों को जो दो से तीन हज़ार के नोट के लिए वोट बेचने के लिए तैयार बैठे हैं.
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जब रवीश कुमार ने अमित शाह का किया था इंटरव्यू, देखें Video
- Friday May 31, 2019
- ख़बर न्यूज़ डेस्क
उन्होंने बताया कि 2007 का साल था. मैं नया नया रिपोर्टर था. गुजरात विधानसभा चुनाव के नतीजे आ रहे थे. मेरी तैनाती अमित शाह के घर पर हुई थी. 2014 के बाद से मेरी अमित शाह से कोई मुलाकात नहीं.
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Exit Poll Results 2019 : योगेंद्र यादव ने क्यों कहा- 'The Congress Must Die' यानी 'कांग्रेस को निश्चित खत्म हो जाना चाहिए'
- Monday May 20, 2019
- Reported by: शरद शर्मा
एग्जिट पोल पर रवीश कुमार के प्राइम टाइम में 23 मई को हैरान कर देने वाले नतीजों का दावा करने वाले चुनाव विशेषज्ञ योगेंद्र यादव ने ट्विटर पर कांग्रेस पर हमला बोला है. उन्होंने लिखा है, 'Congress Must Die' मतलब 'कांग्रेस को खत्म होना चाहिए'. उन्होंने आगे लिखा, 'यह (कांग्रेस) आइडिया ऑफ इंडिया बचाने के लिए यह पार्टी बीजेपी को रोक नहीं सकी, अब इस पार्टी की भारतीय इतिहास में कोई सकारात्मक भूमिका नहीं बची है. अब यह दूसरा विकल्प बनने में खुद एक बड़ी बाधा बन गई है. उनके इस बयान पर एनडीटीवी ने जब योगेंद्र यादव से बात की तो उन्होंने कांग्रेस की तीखी आलोचना की. उन्होंने कहा, 'यह जो चुनाव हुआ यह कोई साधारण चुनाव नहीं था यह एक तरह से भारत की आत्मा को बचाने के लिए स्वधर्म को बचाने के लिए चुनाव था और अगर इस चुनाव में कांग्रेस, बीजेपी जिसने देश में बंटवारे की राजनीति की है, उसका मुकाबला करने का औजार नहीं बन सकती तो फिर उस कांग्रेस को रहने का मतलब क्या है? '
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