रोलेंट ओल्टमेंस ने कहा, हॉकी टीम ने खेल के मानसिक-शारीरिक पहलू पर काफी मेहनत की है (फाइल फोटो)
बेंगलुरू:
भारतीय हॉकी टीम के मुख्य कोच रोलेंट ओल्टमेंस का मानना है कि आगामी सुल्तान अजलन शाह कप से पता चलेगा कि भारतीय टीम कहां ठहरती है जिसने खेल के मानसिक और शारीरिक पहलू पर काफी मेहनत की है. टीम आज रात मलेशिया के इपोह रवाना हो रही है . यह टूर्नामेंट सीनियर पुरुष टीम के लिए इस साल अंतरराष्ट्रीय कैलेंडर का पहला बड़ा टूर्नामेंट है. मुख्य कोच ओल्टमेंस ने कहा,‘सत्र की अच्छी शुरुआत जरूरी है लेकिन मेरे लिये अंत भी अहम है जो अच्छा होना चाहिए . इस टूर्नामेंट से पता चल जायेगा कि हमने कितनी तरक्की की है और कहां सुधार की गुंजाइश है.’ भारत का सामना ऑस्ट्रेलिया, ब्रिटेन, न्यूजीलैंड, जापान और मेजबान मलेशिया से होगा.
भारत ने पिछले साल इसमें रजत पदक जीता था. कप्तान पीआर श्रीजेश ने कहा,‘‘ऑस्ट्रेलिया सबसे कठिन टीम होगी. दबाव के क्षणों में वह बेहतरीन प्रदर्शन करती है और हम उसे हर हालत में हराना चाहेंगे.’ उन्होंने कहा,‘हमारी टीम के पास अनुभवी युवा हैं जो मैच का पासा पलट सकते हैं. इस तरह के टूर्नामेंटों में ऑस्ट्रेलिया जैसी बड़ी टीमों को हराकर आत्मविश्वास बढता है.’भारतीय टीम में कई युवा और अनुभवी खिलाड़ी है जबकि ऑस्ट्रेलिया के पास भी युवा टीम है.
ओल्टमेंस ने कहा,‘ऑस्ट्रेलिया के पास नई टीम, नया कोचिंग स्टाफ और कुछ अनुभवी खिलाड़ी हैं. हम तीसरे मैच में उनसे खेलेंगे लिहाजा पहले दो मैच में उनका प्रदर्शन देख सकते हैं और उसी के मुताबिक रणनीति बना सकते हैं.’ भारतीय टीम ने 40 दिन तक राष्ट्रीय शिविर में भाग लिया जिसमें रोज पांच से छह घंटे गहन अभ्यास होता था.ओल्टमेंस ने कहा,‘हमने जान बूझकर 40 दिन का शिविर रखा. मैं चाहता था कि हरेक पहलू पर गहन अभ्यास किया जाये और खिलाड़ियों का आपसी तालमेल भी बेहतरीन हो.’भारत 29 अप्रैल को ब्रिटेन से पहला मैच खेलेगा.
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
भारत ने पिछले साल इसमें रजत पदक जीता था. कप्तान पीआर श्रीजेश ने कहा,‘‘ऑस्ट्रेलिया सबसे कठिन टीम होगी. दबाव के क्षणों में वह बेहतरीन प्रदर्शन करती है और हम उसे हर हालत में हराना चाहेंगे.’ उन्होंने कहा,‘हमारी टीम के पास अनुभवी युवा हैं जो मैच का पासा पलट सकते हैं. इस तरह के टूर्नामेंटों में ऑस्ट्रेलिया जैसी बड़ी टीमों को हराकर आत्मविश्वास बढता है.’भारतीय टीम में कई युवा और अनुभवी खिलाड़ी है जबकि ऑस्ट्रेलिया के पास भी युवा टीम है.
ओल्टमेंस ने कहा,‘ऑस्ट्रेलिया के पास नई टीम, नया कोचिंग स्टाफ और कुछ अनुभवी खिलाड़ी हैं. हम तीसरे मैच में उनसे खेलेंगे लिहाजा पहले दो मैच में उनका प्रदर्शन देख सकते हैं और उसी के मुताबिक रणनीति बना सकते हैं.’ भारतीय टीम ने 40 दिन तक राष्ट्रीय शिविर में भाग लिया जिसमें रोज पांच से छह घंटे गहन अभ्यास होता था.ओल्टमेंस ने कहा,‘हमने जान बूझकर 40 दिन का शिविर रखा. मैं चाहता था कि हरेक पहलू पर गहन अभ्यास किया जाये और खिलाड़ियों का आपसी तालमेल भी बेहतरीन हो.’भारत 29 अप्रैल को ब्रिटेन से पहला मैच खेलेगा.
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं