हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा पंजाब से सटे सीमावर्ती इलाकों में लगाए गए एंट्री टैक्स के विरोध में निहंग सिंह संगठनों ने 3 जून 2026 से किरतपुर-मनाली नेशनल हाईवे पर ‘खालसा टैक्स' अभियान शुरू कर दिया है. यह प्रतीकात्मक कार्रवाई बाबा अच्छर सिंह 'महाकाल' के नेतृत्व में मोढ़ा टोल प्लाजा के पास की गई.
चार घंटे तक चक्का जाम कर प्रदर्शन
गौरतलब है कि इससे पहले 1 जून 2026 को विभिन्न किसान संगठनों, टैक्सी यूनियनों, सीमावर्ती इलाकों के स्थानीय निवासियों और निहंग संगठनों ने हिमाचल सरकार के इस टैक्स के विरोध में करीब चार घंटे तक चक्का जाम कर प्रदर्शन किया था. उसी दौरान निहंग सिंहों ने चेतावनी दी थी कि यदि हिमाचल सरकार ने इस टैक्स को वापस नहीं लिया, तो हिमाचल प्रदेश से पंजाब आने वाले वाहनों के लिए ‘खालसा टैक्स' की पर्चियां काटी जाएंगी.
पर्चियां जारी करना शुरू कर दिया
अपनी इसी घोषणा पर अमल करते हुए, निहंग संगठनों ने आज हिमाचल से आने वाले वाहनों के लिए पर्चियां जारी करना शुरू कर दिया. हालांकि, इसके लिए कोई निश्चित राशि तय नहीं की गई है; वाहन चालकों की स्वेच्छा के अनुसार 10, 20, 50 या 100 रुपये का योगदान लिया जा रहा है. निहंग संगठनों का कहना है कि इस अभियान के तहत जमा की जाने वाली राशि का उपयोग जन-कल्याण और जरूरतमंदों की मदद के लिए किया जाएगा.
दूसरी ओर, स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए कीरतपुर साहिब थाने के प्रभारी इंस्पेक्टर राहुल शर्मा के नेतृत्व में मौके पर भारी पुलिस बल तैनात रहा. पुलिस प्रशासन ने निहंग सिंहों से बातचीत की और कानून-व्यवस्था बनाए रखने की अपील करते हुए स्थिति पर लगातार नज़र रखी.
एंट्री टैक्स पूरी तरह से खत्म करवाएंगे
बाबा अच्छर सिंह 'महाकाल' ने इस संबंध में कहा कि यह धरना और ‘खालसा टैक्स' अभियान हिमाचल सरकार को नींद से जगाने के लिए एक प्रतीकात्मक कदम है. उन्होंने साफ किया कि यह संघर्ष तब तक जारी रहेगा जब तक सीमावर्ती क्षेत्रों में लगाया गया एंट्री टैक्स पूरी तरह से खत्म नहीं हो जाता. समाचार लिखे जाने तक पुलिस प्रशासन और निहंग संगठनों के बीच बातचीत का दौर जारी था. इस बीच, हाईवे से गुजरने वाले कई वाहन चालकों ने भी इस अभियान की सराहना करते हुए जन-कल्याण के लिए स्वेच्छा से अपना योगदान दिया.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं