Live: Live: भारत का पहला प्राइवेट रॉकेट 'विक्रम-1' लॉन्च हो गया है. आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा से रॉकेट ने उड़ान भरी है. यह रॉकेट 450 किलोमीटर तक पृथ्वी की निचली कक्षा तक जाएगा. ये लॉन्च श्रीहरिकोटा से हो रहा है. ऐसे में यहां इसरो के वैज्ञानिक भी मौजूद है. लॉन्चिंग से पहले पीएम मोदी ने भी बधाई दी है. इस लॉन्चिंग को 'मिशन आगमन' नाम दिया गया है. जिसके लिए पहले से ही तैयारियां चल रही थी.
A historic new frontier for India's space journey!
— Narendra Modi (@narendramodi) July 18, 2026
At 11:30 AM today, Skyroot Aerospace will undertake the maiden orbital launch of Vikram-1, India's first privately developed launch vehicle.
This four-stage rocket is designed to provide rapid and on-demand launch services.… pic.twitter.com/1qFVTwNOuZ
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विक्रम-1 ऑर्बिट में पहुंच गया
विक्रम-1 टेस्ट फ्लाइट-1 ऑर्बिट में पहुंच गया है. भारत के पहले प्राइवेट तौर पर विकसित ऑर्बिटल रॉकेट ने अपना फाइनल बर्न पूरा कर लिया है और अपने पेलोड को लगभग 450 km की कक्षा (ऑर्बिट) में पहुंचा दिया है. इसके साथ ही भारत दुनिया का तीसरा ऐसा देश बन गया है जिसके पास प्राइवेट ऑर्बिटल लॉन्च की क्षमता है.
अंतरिक्ष में स्थापित हुआ विक्रम-1
विक्रम-1 लॉन्च होने के बाद सफलता पूर्वक अंतरिक्ष में अपनी कक्षा में स्थापित हो गया है. यह सफलता भारत के लिए अहम मानी जा रही है कि क्योंकि इंडिया अब उन देशों में शामिल हो गया है, जिनके अपने प्राइवेट रॉकेट हैं. विक्रम-1 को हैदराबाद की अंतरिक्ष-तकनीकी कंपनी स्काईरूट एयरोस्पेस ने तैयार किया है.
भारत का पहला प्राइवेट रॉकेट लॉन्च
यह लॉन्चिंग आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा से दोपहर 12 बजकर 05 मिनट पर की गई है. हर कोई इस यादगार पल का साक्षी बनना चाह रहा था. ऐसे में श्रीहरिकोटा में बड़ी संख्या में लोग पहुंचे हुए थे. जैसे ही रॉकेट ने उड़ान भरती तो हर तरफ तालियों की गड़गड़ाहट सुनाई दी.
विक्रम-1 की लॉन्चिंग में देरी
भारत के पहले प्राइवेट रॉकेट की लॉन्चिंग में देरी हो रही है. लॉन्च से 5 मिनट पहले काउंटडाउन रोक दिया गया है. अब 12 बजकर 05 मिनट पर दोबार से लॉन्चिंग होगी. कुछ देर में ऑटोमैटिक लॉन्च सिक्वेंस को दोबारा शुरू किया जाएगा.
टिन्नू यादव और मनीष यादव रिमांड पर
अयोध्या राम जन्मभूमि मंदिर चढ़ावा चोरी प्रकरण में आरोपी राम शंकर यादव उर्फ टिन्नू और मनीष यादव को पुलिस ने मंडल कारागार से 39 घंटे की रिमांड पर लिया है. टिन्नू और मनीष आपस में चाचा भतीजे हैं. पुलिस रिमांड पर लेने के बाद दोनों आरोपियों को लेकर पुलिस लाइन के लिए निकल चुकी है. जहां दोनों से कड़ी पूछताछ की जाएगी. राम मंदिर चढ़ावा चोरी को लेकर जांच जारी है.
विक्रम-1 को लेकर श्रीहरिकोटा में तैयारियां पूरी
भारत का पहला प्राइवेट तौर पर बनाया गया ऑर्बिटल-क्लास रॉकेट 'विक्रम-1', आज सुबह 11:30 बजे श्रीहरिकोटा के सतीश धवन स्पेस सेंटर से अपनी पहली टेस्ट फ़्लाइट, 'मिशन आगमन' के लिए लॉन्च होने वाला है. हैदराबाद की कंपनी स्काईरूट एयरोस्पेस द्वारा बनाया गया यह 24 मीटर लंबा कार्बन-कंपोजिट रॉकेट, 350 किलोग्राम तक के पेलोड को 450 किलोमीटर की लो अर्थ ऑर्बिट (LEO) में स्वतंत्र रूप से पहुंचाएगा. इन पेलोड में कॉसमॉस डायमंड्स का लैब में तैयार किया गया 'डायमंड लोटस' भी शामिल है. विक्रम-1 रॉकेट को पहले लॉन्च पैड पर खड़ा देखा जा सकता है, और ISRO व स्काईरूट के वैज्ञानिक अंतिम तैयारियां कर रहे हैं.
विक्रम-1 का नाम 'मिशन आगमन'
विक्रम-1 के इस लॉन्चिंग को 'मिशन आगमन' नाम दिया गया है. जो माइक्रो मूर्तियां भी अपने साथ ले जा रहा है. जिसमें एपीजे अब्दुल कलाम, विक्रम साराभाई और सीवी रमन की माइक्रों मूर्तियां भेजी जा रही हैं. इसके अलावा 18 कैरेट सोने से बना आर्ट पीस 'कॉस्मिक ब्लूम' को भी भेजा जा रहा है. इस मिशन की लॉन्चिंग को लेकर जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है.
पीएम मोदी ने विक्रम-1 की लॉन्चिंग पर किया ट्वीट
पीएम मोदी ने भारत के पहले प्राइवेट रॉकेट 'विक्रम-1' की लॉन्चिंग को लेकर ट्वीट किया है. उन्होंने लिखा 'भारत की अंतरिक्ष यात्रा के लिए एक ऐतिहासिक नई शुरुआत! आज सुबह 11:30 बजे, स्काईरूट एयरोस्पेस भारत के पहले निजी तौर पर विकसित लॉन्च व्हीकल, 'विक्रम-1' का पहला ऑर्बिटल लॉन्च करेगा. यह चार-स्टेज वाला रॉकेट तेज़ी से और ज़रूरत के हिसाब से लॉन्च सर्विस देने के लिए बनाया गया है. यह मिशन हमारे युवाओं की प्रतिभा, दृढ़ संकल्प और उद्यमिता की भावना को दिखाता है. यह यह भी दिखाता है कि कैसे हमारे अंतरिक्ष-क्षेत्र के सुधार इनोवेशन और उद्यम के लिए नए अवसर खोल रहे हैं. सफल लॉन्च के लिए स्काईरूट एयरोस्पेस की पूरी टीम को मेरी शुभकामनाएं. विक्रम-1 ऊँचाइयों को छुए, इतिहास रचे और इनोवेटर्स की एक पीढ़ी को प्रेरित करे. मैं सभी भारतीयों, खासकर अपने युवा दोस्तों से अपील करता हूँ कि वे इस ऐतिहासिक मिशन को देखें और स्काईरूट टीम की सफलता के लिए शुभकामनाएँ दें.'
विक्रम-1 लॉन्चिंग के लिए तैयार
भारत के पहले निजी ऑर्बिटल रॉकेट विक्रम-1 को तैयार करने में लंबा समय लगा है. इसे 1,000 वैज्ञानिकों और इंजीनियरों की टीम ने कड़ी मेहनत के बाद कई महीनों में तैयार किया है. जिसके बाद अब यह लॉन्चिंग के लिए तैयार है.
सुबह 11.30 पर लॉन्च होगा विक्रम-1 रॉकेट
भारत का पहला प्राइवेट रॉकेट 'विक्रम-1 ' आज यानि 18 जुलाई को लॉन्च हो रहा है. यह सुबह 11 बजकर 30 मिनट पर श्रीहरिकोटा स्थित सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र से अंतरिक्ष में उड़ान भरेगा. यह भारत के लिए बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है. क्योंकि इंडिया अब उन चुनिंदा देशों में शामिल हो जाएगा. जिनका अपना प्राइवेट रॉकेट होगा.