- बिहार में जदयू ने नीतीश कुमार के इस्तीफा देने के बाद अपनी पहली विधायक दल की बैठक पटना में आयोजित की
- नीतीश कुमार ने विधायक दल को 200 सीटें जीतने के लक्ष्य पर काम करने और जनता के बीच व्यापक यात्रा करने को कहा
- बैठक में विधायक दल के नेता चुनने का अधिकार नीतीश कुमार को सौंपा गया और निशांत कुमार पर चर्चा नहीं हुई
बिहार में नए मुख्यमंत्री के चुने जाने के बाद भी राजनीतिक हलचल तेज है. सोमवार को बिहार में बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम हुआ, जब जदयू ने नीतीश कुमार के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने के बाद अपनी पहली बड़ी विधायक दल की बैठक आयोजित की. यह बैठक पटना के 1 अणे मार्ग पर लगभग एक घंटे तक चली. जदयू विधायक अनंत सिंह ने विधायक दल की बैठक को लेकर कहा कि नीतीश कुमार ने सभी विधायकों से अपने-अपने क्षेत्र में काम करने और इस बार 200 सीटें जीतने के लक्ष्य पर मेहनत करने को कहा है.
'जो नीतीश कुमार तय करेंगे वही होगा विधायक दल का नेता'
विधायक दल का नेता चुनने का अधिकार नीतीश कुमार को दिए जाने पर अनंत सिंह ने कहा कि मालिक वही हैं, जो वे चुनेंगे वही नेता होगा. उन्होंने कहा कि बैठक में निशांत कुमार को लेकर कोई चर्चा नहीं हुई और नीतीश कुमार ने भी अपने संबोधन में निशांत का जिक्र नहीं किया. अनंत सिंह ने बताया कि नीतीश कुमार ने कहा है कि वे जनता के बीच यात्रा करेंगे और पहले की तुलना में अधिक व्यापक स्तर पर बिहार की जनता के बीच जाएंगे.
बिहार में शराबबंदी कानून को लेकर अनंत सिंह ने एक बार फिर सवाल उठाते हुए कहा कि उन्होंने सिर्फ जमीनी हकीकत बताई है और यह उनकी व्यक्तिगत राय है. उन्होंने कहा मैं सरकार नहीं हूं. मुझे जो सही लगा, मैंने वही कहा. अगर मेरी बात कोई नहीं मानेगा तो मैं क्या कर सकता हूं. अनंत सिंह ने कहा कि शराबबंदी कानून पर वे झूठ नहीं बोलते और जो उन्हें सही लगता है, वही बोलते हैं.

शराबबंदी कानून पर क्या बोले अनंत सिंह?
सम्राट चौधरी द्वारा शराबबंदी कानून को लागू रखने की बात पर अनंत सिंह ने कहा कि उन्होंने वह बयान नहीं सुना है, लेकिन सरकार जो फैसला करेगी वही मान्य होगा. उन्होंने यह भी कहा कि मेरे जैसा बोलने वाले बहुत लोग हैं.
बैठक के बाद मीडिया को जानकारी देते हुए जेडीयू के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने पुष्टि की कि एक औपचारिक प्रस्ताव पारित किया गया है, जिसके तहत अंतिम निर्णय लेने का अधिकार नीतीश कुमार को सौंपा गया है. उन्होंने जोर देकर कहा कि सभी पार्टी सदस्यों ने नीतीश कुमार के शासन, नेतृत्व और बिहार को राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने के लिए उनके प्रति गहरी कृतज्ञता व्यक्त की.
बैठक के दौरान नीतीश कुमार ने यह भी संकेत दिया कि संसदीय जिम्मेदारियों को निभाने के साथ-साथ वह राज्य के विभिन्न क्षेत्रों का दौरा कर पार्टी नेताओं के साथ सक्रिय रूप से जुड़े रहेंगे. उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य संगठनात्मक मामलों और सरकारी योजनाओं की प्रगति से सीधे जुड़े रहना है. पार्टी के भीतर मतभेदों की अटकलों को खारिज करते हुए नीरज कुमार ने स्पष्ट कहा कि किसी भी तरह का कोई विवाद नहीं है. उन्होंने कहा,"आखिर हमारी पार्टी का नाम ही ‘यूनाइटेड' है.”
यह भी पढ़ें: नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद जदयू विधायक दल की बैठक आज, नए नेता के नाम पर मंथन
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं