विशाखापत्तनम के स्टील प्लांट में ऐसा हादसा हुआ, जिसे सुन दिल दहल उठा. 1600 डिग्री सेल्सियस पर खौलता स्टील यहां मजदूरों पर गिरने लगा. ऐसे में पूरे प्लांट में लोगों की चीखें गूंज उठीं. लोग इधर-उधर भागने लगे. लावे जैसे गर्म स्टील की चपेट में जो आया, वो फिर हिल ही नहीं पाया. सोमवार को हुए इस हादसे में 8 लोगों की मौत हो गई और कई लोग घायल हुए हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस हादसे पर दुख जताया है.
कैसे हुआ हादसा?
बताया जा रहा है कि प्लांट में एक धमाका हुआ, जिसके बाद अफरा-तफरी मच गई. यह हादसा उस वक्त हुआ, जब बहुत ज्यादा तापमान पर 1.5 टन स्टील ले जा रही लैडल में विस्फोट हो गया. विस्फोट होने के बाद लैडर में मौजूद खौलता स्टील बहने लगा. बताया जा रहा है कि बड़ी मात्रा में पिघला हुआ स्टील लीक हो गया. अंदाजा लगाना भी मुश्किल है कि जब 1600 डिग्री सेल्सियस पर खौलता स्टील लोगों पर गिरा होगा, तो कितना दर्द हुआ होगा? आखिर, इस हादसे का कारण क्या रहा, किसकी गलती थी, इसे लेकर जांच शुरू हो गई है.

PM मोदी ने जताया दुख
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मृतकों के परिजनों को 2-2 लाख रुपए की मुआवजा राशि देने की घोषणा की है. साथ ही, घायलों को 50 हजार रुपए दिए जाएंगे. प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने इस संबंध में एक्स पर एक पोस्ट में कहा, "विशाखापत्तनम स्टील प्लांट में हुए हादसे से दुखी हूं. जिन्होंने अपने प्रियजनों को खोया है, उनके प्रति संवेदनाएं. घायलों के जल्द ठीक होने की प्रार्थना करता हूं. स्थानीय प्रशासन प्रभावित लोगों को हर संभव मदद दे रहा है. प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (पीएमएनआरएफ) से प्रत्येक मृतक के परिवार को 2 लाख रुपए की मुआवजा राशि दी जाएगी. घायलों को 50 हजार रुपए दिए जाएंगे."

प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने मुख्य सचिव साई प्रसाद, राज्य सरकार के अधिकारियों और विशाखापत्तनम के जिला कलेक्टर के साथ विशाखा स्टील प्लांट हादसे की समीक्षा की. जिला कलेक्टर ने मुख्यमंत्री को हादसे, घायलों को दी जा रही चिकित्सा सुविधा और मौजूदा स्थिति के बारे में जानकारी दी. इस दौरान मुख्यमंत्री चंद्रबाबू ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे सुनिश्चित करें कि घायलों को बेहतर इलाज मिले.

हादसे के लिए कौन जिम्मेदार, हो जांच
इस दर्दनाक हादसे पर तेलंगाना भाजपा अध्यक्ष एन रामचंद्र राव ने दुख जताते हुए जांच की मांग की है. रामचंद्र राव ने कहा कि विजाग ब्लास्ट में आठ लोगों की मौत पर हम संवेदना व्यक्त करते हैं. यह एक दुर्घटना है, जिसकी जांच होनी चाहिए. ऐसे हादसे बेहद दुर्भाग्यपूर्ण हैं. अधिकारियों और कामगारों को ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए उचित सुरक्षा उपाय अपनाने चाहिए. साथ ही, मृतकों के परिवारों को उचित मुआवजा दिए जाने की उम्मीद है.
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