विज्ञापन

जबरन धर्मांतरण और धार्मिक भावनाओं को जानबूझकर ठेस पहुंचाया... नासिक TCS केस में पुलिस की चार्जशीट में बड़े खुलासे

पुलिस ने नासिक रोड स्थित विशेष न्यायालय में देवलाली कैंप पुलिस स्टेशन में दर्ज केस में दानिश इजाज शेख, तौसिफ बिलाल अत्तार, निदा एजाज खान और मतिन माजीद पटेल के खिलाफ 1500 पन्नों का आरोप पत्र पेश किया है.

जबरन धर्मांतरण और धार्मिक भावनाओं को जानबूझकर ठेस पहुंचाया... नासिक TCS केस में पुलिस की चार्जशीट में बड़े खुलासे
नासिक (महाराष्ट्र):

नासिक टीसीएस धर्मांतरण मामले में पुलिस ने नासिक रोड कोर्ट में 1500 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की है. देवलाली कैंप पुलिस स्टेशन में यौन उत्पीड़न, धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने और एट्रोसिटी अत्याचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है. पुलिस ने दानिश इजाज शेख, तौसिफ बिलाल अत्तार, निदा एजाज खान और एआईएमआईएम के पूर्व पार्षद मतीन माजिद पटेल के खिलाफ ये आरोप पत्र दाखिल किया है.

इस मामले में 17 गवाहों के बयान दर्ज किए गए हैं और पीड़ित और आरोपियों की मेडिकल जांच रिपोर्ट भी शामिल की गई है. जांच में पीड़िता के जबरन धर्मांतरण और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के तकनीकी और डिजिटल सबूत मिले हैं. साथ ही, पीड़िता का नाम बदलने के लिए आरोपियों द्वारा लिए गए उसके मूल दस्तावेज भी पुलिस ने जब्त कर लिए हैं.

Latest and Breaking News on NDTV

चार्जशीट में कई अहम खुलासे

नासिक की बहुराष्ट्रीय कंपनी टीसीएस में काम करने वाली महिलाओं के यौन उत्पीड़न, धर्मांतरण के प्रयास और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप में देवलाली कैंप और मुंबई नाका पुलिस स्टेशनों में कुल 9 मामले दर्ज किए गए हैं. मामले की गंभीरता को देखते हुए नासिक शहर के पुलिस आयुक्त संदीप कर्णिक के आदेश पर एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया था.

पुलिस ने नासिक रोड स्थित विशेष न्यायालय में देवलाली कैंप पुलिस स्टेशन में दर्ज केस में दानिश इजाज शेख, तौसिफ बिलाल अत्तार, निदा एजाज खान और मतिन माजीद पटेल के खिलाफ 1500 पन्नों का आरोप पत्र पेश किया है.

Latest and Breaking News on NDTV

आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989 की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है. जांच के दौरान पुलिस ने 17 गवाहों के बयान दर्ज किए हैं.

पुलिस ने सबूत के तौर पर पीड़िता और आरोपियों की मेडिकल रिपोर्ट, जबरन धर्मांतरण के प्रमाण, मोबाइल व्हाट्सएप चैट के स्क्रीनशॉट और ईमेल ट्रेल्स जैसे तकनीकी साक्ष्य एकत्र किए हैं.

आरोपियों ने पीड़िता का नाम बदलने के लिए उसके मूल दस्तावेज ले लिए थे, जिन्हें पुलिस ने अब जब्त कर लिया है. अन्य साक्ष्यों में घटनास्थल का पंचनामा, आरोपियों के बैंक स्टेटमेंट, जाति प्रमाण पत्र और अपराध में इस्तेमाल किया गया वाहन शामिल है.

Latest and Breaking News on NDTV

प्राथमिक आरोप पत्र दाखिल कर दिया गया है, लेकिन पुलिस भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 193 (8) के तहत अतिरिक्त सबूत जुटाकर पूरक आरोप पत्र भी दाखिल करेगी. मुंबई नाका पुलिस स्टेशन में दर्ज अन्य 8 मामलों में भी निर्धारित समय सीमा के भीतर आरोप पत्र दाखिल करने की प्रक्रिया जारी है. न्यायालय ने इस मामले के सभी आरोपियों की जमानत याचिकाएं खारिज कर दी हैं.

इसे भी पढ़ें: नासिक TCS केस: कोर्ट में भावुक हुई पीड़िता, आरोपियों के खौफ से दो युवतियों ने छोड़ा शहर; 5 की जमानत अर्जी खारिज

इसे भी पढ़ें: नासिक TCS केस की निदा खान को पनाह देने वाले AIMIM पार्षद के घर पर चला बुलडोजर

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com