प्रतीकात्मक तस्वीर.
नई दिल्ली:
पत्नी के बार-बार अपने माता-पिता के पास जाने से परेशान पति ने क्रूरता के आधार पर तलाक मांगा, लेकिन दिल्ली उच्च न्यायालय ने उसकी याचिका खारिज करते हुए कहा कि महिला को अपने अभिभावकों के पास जाने का अधिकार है. कोर्ट ने कहा कि पति के लिए शिकायत करने का यह कोई कारण नहीं बनता है.
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पति ने दावा किया था कि उसकी पत्नी उसे और उसके परिजन को बताए बगैर बार-बार अपने माता-पिता के घर चली जाती है. इससे उसे मानसिक पीड़ा होती है. उसने पत्नी पर कई अन्य आरोप भी लगाए. न्यायमूर्ति हिमा कोहली और न्यायमूर्ति दीपा शर्मा की पीठ ने उसके दावे को खारिज करते हुए कहा कि पत्नी को अपने माता-पिता के घर जाने का अधिकार है और पति के लिए यह शिकायत का कोई कारण नहीं बनता है.
VIDEO : तीन तलाक़ पर होगी जेल!
निचली अदालत ने उसकी तलाक की याचिका को ठुकरा दिया था, जिसे व्यक्ति ने हाईकोर्ट में चुनौती दी थी.
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निचली अदालत ने उसकी तलाक की याचिका को ठुकरा दिया था, जिसे व्यक्ति ने हाईकोर्ट में चुनौती दी थी.
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