विज्ञापन

Kalashtami 2026: आज कालाष्टमी पर जरूर करें ये उपाय, ज्योतिषाचार्य ने बताया नजर दोष से मिलेगा छुटकारा

Kalashtami ke Upay: मान्यता है कि कालाष्टमी व्रत और पूजा करने से जीवन की परेशानियां कम होती हैं और नकारात्मक ऊर्जा से मुक्ति मिलती है. साथ ही कई लोग इस दिन नजर दोष से बचने के लिए भी विशेष उपाय करते हैं. NDTV संग हुई खास बातचीत में ज्योतिषाचार्य डॉक्टर गौरव कुमार दीक्षित ने कुछ ऐसे ही उपाय बताए हैं, आइए एक नजर डालते हैं इनपर-

Kalashtami 2026: आज कालाष्टमी पर जरूर करें ये उपाय, ज्योतिषाचार्य ने बताया नजर दोष से मिलेगा छुटकारा
आज कालाष्टमी पर जरूर करें ये उपाय

Kalashtami 2026: हिंदू धर्म में कालाष्टमी का विशेष महत्व माना जाता है. हर महीने कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को कालाष्टमी का व्रत रखा जाता है. वैदिक पंचांग के अनुसार, चैत्र माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि 11 मार्च 2026 को रात 1 बजकर 55 मिनट से शुरू हो रही है और 12 मार्च 2026 को सुबह 4 बजकर 18 मिनट तक रहेगी. उदया तिथि के आधार पर इस बार कालाष्टमी का व्रत 11 मार्च को रखा जा रहा है. यह दिन भगवान काल भैरव की पूजा के लिए समर्पित होता है. मान्यता है कि इस दिन व्रत और पूजा करने से जीवन की परेशानियां कम होती हैं और नकारात्मक ऊर्जा से मुक्ति मिलती है. साथ ही कई लोग इस दिन नजर दोष से बचने के लिए भी विशेष उपाय करते हैं. NDTV संग हुई खास बातचीत में ज्योतिषाचार्य डॉक्टर गौरव कुमार दीक्षित ने कुछ ऐसे ही उपाय बताए हैं, आइए एक नजर डालते हैं इनपर-

यह भी पढ़ें- Sheetala Ashtami 2026: शीतला अष्टमी पर जरूर पढ़ें माता शीतला की कथा, तभी मिलता है व्रत का पूरा फल

काल भैरव पूजा का महत्व

ज्योतिषाचार्य बताते हैं, भगवान काल भैरव को भगवान शिव का एक शक्तिशाली रूप माना जाता है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, वे अपने भक्तों की रक्षा करते हैं और जीवन में आने वाली बाधाओं को दूर करते हैं. इसलिए कालाष्टमी के दिन उनकी पूजा करने से कर्ज, डर, नकारात्मक ऊर्जा और नजर दोष से राहत मिल सकती है.

नजर दोष से बचने के लिए करें ये उपाय

लोहे की वस्तु का दान करें

ज्योतिष मान्यताओं के अनुसार, कालाष्टमी के दिन लोहे की चीजें जैसे कढ़ाई या बर्तन दान करना शुभ माना जाता है. इससे नजर दोष से बचाव होता है और जीवन में सकारात्मकता बढ़ती है.

सिंदूर और काला धागा

काल भैरव मंदिर से लाल सिंदूर लाकर माथे पर लगाएं. इसके साथ ही हाथ की कलाई पर काला धागा बांधना भी शुभ माना जाता है. यह उपाय नकारात्मक प्रभावों से रक्षा करता है.

मुख्य द्वार पर दीपक जलाएं

शाम के समय घर के मुख्य दरवाजे पर चौमुखी दीपक जलाना बहुत अच्छा माना जाता है. मान्यता है कि इससे घर में सकारात्मक ऊर्जा आती है और बुरी नजर का असर कम होता है.

काले कुत्ते को मीठी रोटी खिलाएं

ज्योतिषाचार्य आगे कहते हैं, इस दिन तंदूर की मीठी रोटी काले कुत्ते को खिलाने से नजर दोष से बचाव होता है और भगवान भैरव की कृपा मिलती है.

पूजा का शुभ समय

कालाष्टमी के दिन निशा काल में पूजा करना सबसे अधिक शुभ माना जाता है. इस बार पूजा का शुभ समय रात 11 बजकर 35 मिनट से 12 बजकर 23 मिनट तक रहेगा. इस समय विधि-विधान से भगवान काल भैरव की पूजा करने से विशेष फल मिलने की मान्यता है. अगर इस दिन सच्चे मन से व्रत और पूजा की जाए, तो व्यक्ति के जीवन में शांति, सुरक्षा और सकारात्मक ऊर्जा का अनुभव हो सकता है.

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com