विज्ञापन
This Article is From Nov 03, 2018

दिल्ली में प्रदूषण के स्तर में मामलू गिरावट, स्थिति अभी भी चिंताजनक

केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़ों के अनुसार, राष्ट्रीय राजधानी का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 346 दर्ज किया गया जो ‘बहुत खराब’ की श्रेणी में आता है.

दिल्ली में प्रदूषण के स्तर में मामलू गिरावट, स्थिति अभी भी चिंताजनक
दिल्ली में प्रदूषण के स्तर में मामूली गिरावट
नई दिल्ली: दिल्ली और एनसीआर में प्रदूषण (Delhi Population) के स्तर में शनिवार को मामलू गिरावट देखी गई. हालांकि जानकारों के अनुसार यह स्तर अभी भी खतरे के स्तर से ऊपर है. केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़ों के अनुसार, राष्ट्रीय राजधानी का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 346 दर्ज किया गया जो ‘बहुत खराब' की श्रेणी में आता है. वजीरपुर इलाके को ‘गंभीर' वायु गुणवत्ता में जबकि 34 अन्य इलाकों को ‘बहुत खराब' की श्रेणी में रखा गया है. हवा में निलंबित कण या पीएम 2.5 का स्तर 175 दर्ज किया गया. यह कण पीएम 10 से भी छोटे होते हैं और सेहत को ज्यादा नुकसान पहुंचाते हैं. केन्द्र द्वारा संचालित वायु गुणवत्ता पूर्वानुमान एवं अनुसंधान प्रणाली (एसएएफएआर) के आंकड़ों के मुताबिक दिल्ली में पीएम10 का स्तर 302 पर बना हुआ है.

यह भी पढ़ें: CPCB की हिदायत के बाद दिल्ली के पब्लिक स्कूल में नहीं होगी असेंबली और आउटडोर एक्टिविटी

एसएएफएआर के अनुसार पांच नवम्बर से प्रतिकूल मौसम के हालात होने की आशंका से वायु गुणवत्ता ‘गंभीर' श्रेणी में आ सकती है. पर पांच नवम्बर तक हालात ऐसे ही बने रह सकते है. उन्होंने बताया कि दिल्ली में पीएम 2.5 प्रदूषण का दस फीसदी हिस्सा, पराली जलाने से आया है. गौरतलब है कि सूचकांक शून्य से 50 तक होने पर हवा को ‘अच्छा', 51 से 100 होने पर 'संतोषजनक', 101 से 200 के बीच ‘सामान्य', 201 से 300 से ‘खराब', 301 से 400 तक ‘बहुत खराब' और 401 से 500 के बीच को ‘गंभीर' श्रेणी में रखा जाता है. गौरतलब है कि दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण के स्तर को कम करने के लिए कई कड़े कदम उठाए जा रहे हैं.  प्रदूषण से निपटने के लिए ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान को लागू कर दिया है.

यह भी पढ़ें: दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे का निर्माण 10 दिनों के लिए बंद

10 नवंबर तक दिल्ली-एनसीआर में सभी निर्माण कार्य बंद रहेंगे. स्टोन क्रशर और हॉट मिक्स प्लांट बंद रहेंगे. दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण मामले में गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होनी है. पिछली सुनवाई में कोर्ट ने दिल्ली-एनसीआर की सड़कों पर 15 साल पुरानी पेट्रोल गाड़ियां और 10 साल पुरानी डीज़ल गाड़ियों पर रोक लगा दी थी.परिवहन विभाग को सड़कों पर ऐसी गाड़ियां मिलने पर ज़ब्त करने का निर्देश दिया था.

VIDEO: दिल्ली में इलेक्ट्रिक बसों का ट्रायल शुरू.

वायु प्रदूषण की निगरानी के लिए विभिन्न एजेंसियों के करीब 44 संयुक्त दलों को गुरुवार से तैनात किया जाएगा. दिल्ली सरकार ने यह जानकारी दी है. सरकार ने एक बयान में कहा कि इन दलों को वायु प्रदूषण फैलाने के जिम्मेदार लोगों के लिए दण्डात्मक कार्रवाई करने का आदेश दिया गया है. केन्द्रीय प्रदूषण नियन्त्रण बोर्ड के अधिकारियों ने बताया कि समग्र वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 401 पहुंच गया जो ‘बेहद खराब' श्रेणी में था. इस मौसम में यह सबसे खराब स्थिति है. केन्द्र द्वारा चलाये जाने वाले सिस्टम आफ एयर क्वालिटी फोरकास्टिंग एंड रिसर्च ने एक्यूआई 410 दर्ज किया.
पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Pollution In Delhi
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com