सीबीआई ने रिलायंस एडीए ग्रुप से जुड़े बैंक धोखाधड़ी मामले में एक बड़ी कार्रवाई की है. सीबीआई ने रिलायंस कैपिटल लिमिटेड के पूर्व चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर अमित बापना को गिरफ्तार किया है. जांच में सामने आया है कि अमित बापना अगस्त 2014 से दिसंबर 2019 तक रिलायंस कैपिटल लिमिटेड के CFO थे. इस दौरान वो कंपनी के फाइनेंस से जुड़े फैसलों में अहम भूमिका निभाते थे. आरोप है कि उन्होंने भारतीय रिजर्व बैंक के नियमों और सरकारी बैंकों की शर्तों को पीछे कर कई कंड्यूट कंपनियों को लोन देने की मंजूरी दी.
इतना ही नहीं, जांच में ये भी पता चला कि रिलायंस कमर्शियल फाइनेंस लिमिटेड (RCFL) के बैंकों से लिए कर्ज को इन कंपनियों के जरिए रिलायंस एडीए ग्रुप की दूसरी कंपनियों जैसे रिलायंस कैपिटल, रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर और रिलायंस पावर में ट्रांसफर कर दिया गया. इससे कर्ज देने वाले सरकारी बैंकों को बड़ा नुकसान हुआ.
तिहाड़ जेल से मुंबई लाई CBI
अमित बापना पहले से ही ईडी के एक मामले में दिल्ली की तिहाड़ जेल में हिरासत में बंद थे. 4 जुलाई 2026 को उन्हें मुंबई की सीबीआई स्पेशल कोर्ट में पेश करके गिरफ्तार कर लिया. कोर्ट ने अमित बापना को पूछताछ के लिए 4 दिनों की सीबीआई कस्टडी में भेज दिया है.
मामले में अब तक क्या हुई कार्रवाई?
मालूम हो कि सरकारी बैंकों और एलआईसी से मिली शिकायतों के बेस पर सीबीआई ने रिलायंस कम्युनिकेशंस, रिलायंस होम फाइनेंस, रिलायंस कमर्शियल फाइनेंस और रिलायंस टेलीकॉम (के खिलाफ कुल 7 एफआईआर दर्ज की थीं. इससे पहले, 29 मई 2026 को सीबीआई ने आरकॉम मामले में अपनी पहली चार्जशीट दाखिल की थी, जिसमें कंपनी, 5 सीनियर अधिकारियों और 10 बैंक अफसरों के साथ 16 लोगों को आरोपी बनाया गया. अभी फिलहाल मामले में आगे की जांच जारी है.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं