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विशाखापट्टनम में देश के सबसे बड़े डेटा सेंटर का शिलान्यास, अदाणी ग्रुप और गूगल मिलकर करेंगे 15 बिलियन डॉलर का निवेश

अदाणी समूह और गूगल की पार्टनरशिप में बनेगा भारत का सबसे बड़ा एआई डेटा सेंटर.विशाखापट्टनम में 15 बिलियन डॉलर के निवेश के साथ शुरू हुआ काम. जानें अदाणी ग्रुप का 2035 तक का मास्टर प्लान...

विशाखापट्टनम में देश के सबसे बड़े डेटा सेंटर का शिलान्यास, अदाणी ग्रुप और गूगल मिलकर करेंगे 15 बिलियन डॉलर का निवेश
Google AI Data Centre: जीत अदाणी के नेतृत्व में यह सेंटर भारत की डिजिटल क्षमता को कई गुना बढ़ाने का दम रखता है.

अदाणी समूह (Adani Group) ने देश को डिजिटल सुपरपावर बनाने की दिशा में अब तक का सबसे बड़ा कदम उठाया है. गूगल के साथ मिलकर अदाणी एंटरप्राइजेज की ज्वाइंट वेंचर कंपनी अदाणीकनेक्स (AdaniConneX) विशाखापट्टनम में एक ऐसा एआई डेटा सेंटर (AI Data Centre) तैयार कर रहा है, जो न केवल भारत का सबसे बड़ा डेटा सेंटर होगा, बल्कि भारत की टेक्नोलॉजी ताकत को दुनिया भर में नई पहचान दिलाएगा. इस मेगा प्रोजेक्ट के लिए दुनिया की दिग्गज टेक कंपनी गूगल और अदाणी ग्रुप (Adani Group) ने एक बड़ी साझेदारी की है .

आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू और केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज यानी मंगलवार को विशाखापट्टनम में इस गूगल एआई डेटा सेंटर (Google AI Data Centre) का शिलान्यास किया है. आजआनंदपुरम मंडल के थरलुवाड़ा में इस सेंटर का भूमि पूजन हुआ, जिसमें जीत अदाणी और करण अदाणी भी शामिल हुए. 

बता दें कि यह सिर्फ एक डेटा सेंटर नहीं है, बल्कि भारत का अब तक का सबसे बड़ा एआई हब (AI Hub) बनने जा रहा है.गूगल ने इस प्रोजेक्ट के लिए करीब 15 बिलियन डॉलर करीब ₹1.25 लाख करोड़ के निवेश का वादा किया है. यह भारत के टेक्नोलॉजी इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर में अब तक के सबसे बड़े विदेशी निवेशों (FDI) में से एक है.

 6.5 गीगावाट विशाल कैपेसिटी तक पहुंचाने का लक्ष्य: जीत अदाणी

विशाखापट्टनम में बनने वाला यह एआई हब अपनी क्षमता के मामले में बेमिसाल होगा. अदाणी एयरपोर्ट होल्डिंग्स लिमिटेड के डायरेक्टर जीत अदाणी के मुताबिक, फिलहाल पूरे भारत की डेटा सेंटर क्षमता लगभग 1.3 गीगावाट है, जबकि यह अकेला सेंटर 1 गीगावाट (1 Gigawatt) स्केल की कैपेसिटी वाला होगा. थरलुवाड़ा, अदविवरम और रामबाली क्षेत्रों में करीब 600 एकड़ जमीन पर फैलने वाले इस हब का भविष्य का लक्ष्य 6.5 गीगावाट तक पहुंचाने का है.

पूरी तरह 'ग्रीन एनर्जी' से होगा ऑपरेट 

इस डेटा सेंटर की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यह पूरी तरह पर्यावरण के अनुकूल होगा. इसे चलाने के लिए सौर ऊर्जा (Solar Energy) और पवन ऊर्जा (Wind Energy) का इस्तेमाल किया जाएगा. साथ ही, बिजली को सुरक्षित रखने के लिए हाई-लेवल स्टोरेज सिस्टम लगाए जाएंगे, जिससे देश का पावर ग्रिड भी मजबूत होगा और कार्बन इमीशन भी कम होगा. यह प्रोजेक्ट भारत के 'ग्रीन डिजिटल मिशन' को नई ऊंचाई देगा.

रोजगार के खुलेंगे बंपर मौके 

यह एआई डेटा सेंटर न केवल टेक्नोलॉजी बल्कि नौकरियों में भी तेजी आने वाली है. इसके शुरू होने से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), क्लाउड ऑपरेशंस, साइबर सुरक्षा (Cybersecurity), डेटा साइंस और इंफ्रास्ट्रक्चर मेंटेनेंस जैसे हाई-टेक सेक्टर्स में हजारों युवाओं को रोजगार मिलेगा. इसके  साथ ही, विशाखापट्टनम अब एशिया के एक बड़े एआई और क्लाउड कंप्यूटिंगहब के रूप में उभरेगा.

(Disclaimer: New Delhi Television is a subsidiary of AMG Media Networks Limited, an Adani Group Company.)

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