Patna NEET student death case: राजधानी पटना के बहुचर्चित शम्भू गर्ल्स हॉस्टल में नीट छात्रा की संदिग्ध मौत का मामला और गरमाता जा रहा है. मंगलवार शाम बिहार के डिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की और उन्हें निष्पक्ष जांच एवं न्याय का भरोसा दिलाया. हालांकि, इस मुलाकात के बावजूद परिजनों का गुस्सा और पुलिस के प्रति अविश्वास कम होता नहीं दिख रहा है.
पीड़िता के पिता ने लगाए गंभीर आरोप
डिप्टी सीएम से मुलाकात के बाद मीडिया से बात करते हुए पीड़िता के पिता ने गंभीर आरोप लगाए. उन्होंने कहा, कि वे वर्तमान SIT की जांच से वे बिल्कुल संतुष्ट नहीं हैं. उनके अनुसार, जांच सही दिशा में नहीं जा रही है. पिता ने सीधे तौर पर गर्ल्स हॉस्टल संचालक, अस्पताल प्रबंधन और स्थानीय पुलिस को इस त्रासदी के लिए जिम्मेदार ठहराया है. उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा, कि अगर हमें न्याय नहीं मिला, तो मैं अपने प्राण त्याग दूंगा.
पुलिस के व्यवहार ने उन्हें तोड़ दिया है
वही पीड़िता की मां का रो-रो कर बुरा हाल है. उन्होंने पुलिसिया कार्रवाई पर बेहद गंभीर और चौंकाने वाले आरोप लगाए हैं. उन्होंने कहा कि पुलिस जांच के नाम पर रात के 12 और 1 बजे कभी मां तो कभी पिता तो कभी रिश्तेदारों का ब्लड सैंपल ले रही है. पुलिस परिवार को लगातार धमका रही है और यह थ्योरी गढ़ने की कोशिश कर रही है कि लड़की के साथ यही कुछ हुआ था. रिश्तेदारों और परिवार के सदस्यों को अनावश्यक रूप से परेशान किया जा रहा है.
किसी भी खोखले आश्वासन पर विश्वास नहीं
रोते हुए पीड़िता की मां ने कहा, कि डिप्टी सीएम ने भरोसा तो दिया है, लेकिन पुलिस के व्यवहार ने उन्हें तोड़ दिया है. उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक दोषियों को सख्त सजा नहीं मिल जाती, उन्हें किसी भी खोखले आश्वासन पर विश्वास नहीं होगा. फिलहाल, इस मामले ने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं. देखना यह होगा कि डिप्टी सीएम के हस्तक्षेप के बाद जांच में क्या नया मोड़ आता है.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं