प्रचंड पीएम पद के अकेले उम्मीदवार हैं (फाइल फोटो)
काठमांडू:
नेपाल की कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी सेंटर) के अध्यक्ष पुष्प कमल दहाल उर्फ प्रचंड ने मंगलवार को प्रधानमंत्री पद की उम्मीदवारी पेश की. नेपाल की जनता बुधवार को अपना नया प्रधानमंत्री चुनने के लिए पूरी तरह से तैयार है. उन्होंने संसदीय सचिवालय में नेपाली कांग्रेस के अध्यक्ष शेर बहादुर देउबा, माओवादी नेता कृष्ण बहादुर महारा और संघीय समाजवादी फोरम नेपाल के अध्यक्ष उपेंद्र यादव द्वारा समर्थित अपना उम्मीदवारी दाखिल की.
हालांकि प्रचंड इस पद के अकेले उम्मीदवार हैं. इससे पहले भी सदन की दूसरी सबसे बड़ी पार्टी नेपाली कम्युनिस्ट पार्टी-एकीकृत मार्क्सवादी-लेनिनवादी (सीपीएन-यूएमएल) ने अपना उम्मीदवार पेश करने का ऐलान था, लेकिन बाद में पार्टी ने अपना फैसला बदल लिया. इसी तरह संघीय लोकतांत्रिक मधेसी मोर्चा ने भी प्रचंड के उम्मीदवारी का समर्थन किया है. तराई मधेस लोकतांत्रिक पार्टी के नेता सर्वेंद्र नाथ शुक्ल और सद्भावना पार्टी के नेता लक्ष्मण लाल कर्ण ने भी प्रधानमंत्री पद के लिए प्रचंड का समर्थन किया है.
प्रचंड प्रधानमंत्री के रूप में दूसरी बार चुने जाएंगे. वह इससे पहले साल 2008 में प्रधानमंत्री बने थे और प्रमुख सेना अधिकारी रुकमनगुड कुटवाल को हाटाने की कोशिश में नाकाम रहने पर अपने पद से इस्तीफा दे दिया था.
जीत के लिए 595 सदस्यों के सदन में प्रचंड को 298 मतों की जरूरत होगी. सदन में तीसरी बड़ी पार्टी 'माओवादी सेंटर' के पास 82 सीट और समर्थन देने वाली नेपाली कांग्रेस के पास 207 सीटें हैं.
नए प्रधानमंत्री के चुनाव के लिए संसदीय सचिवालय से जारी समय सारिणी के मुताबिक, नामांकन दाखिल करने का समय सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक है. मंगलवार को 4.30 पर अंतिम सूची जारी की जाएगी. अगर किसी निर्णायक चुनाव की जरूरत पड़ी तो वह बुधवार को सुबह 11 बजे शुरू होगा.
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
हालांकि प्रचंड इस पद के अकेले उम्मीदवार हैं. इससे पहले भी सदन की दूसरी सबसे बड़ी पार्टी नेपाली कम्युनिस्ट पार्टी-एकीकृत मार्क्सवादी-लेनिनवादी (सीपीएन-यूएमएल) ने अपना उम्मीदवार पेश करने का ऐलान था, लेकिन बाद में पार्टी ने अपना फैसला बदल लिया. इसी तरह संघीय लोकतांत्रिक मधेसी मोर्चा ने भी प्रचंड के उम्मीदवारी का समर्थन किया है. तराई मधेस लोकतांत्रिक पार्टी के नेता सर्वेंद्र नाथ शुक्ल और सद्भावना पार्टी के नेता लक्ष्मण लाल कर्ण ने भी प्रधानमंत्री पद के लिए प्रचंड का समर्थन किया है.
प्रचंड प्रधानमंत्री के रूप में दूसरी बार चुने जाएंगे. वह इससे पहले साल 2008 में प्रधानमंत्री बने थे और प्रमुख सेना अधिकारी रुकमनगुड कुटवाल को हाटाने की कोशिश में नाकाम रहने पर अपने पद से इस्तीफा दे दिया था.
जीत के लिए 595 सदस्यों के सदन में प्रचंड को 298 मतों की जरूरत होगी. सदन में तीसरी बड़ी पार्टी 'माओवादी सेंटर' के पास 82 सीट और समर्थन देने वाली नेपाली कांग्रेस के पास 207 सीटें हैं.
नए प्रधानमंत्री के चुनाव के लिए संसदीय सचिवालय से जारी समय सारिणी के मुताबिक, नामांकन दाखिल करने का समय सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक है. मंगलवार को 4.30 पर अंतिम सूची जारी की जाएगी. अगर किसी निर्णायक चुनाव की जरूरत पड़ी तो वह बुधवार को सुबह 11 बजे शुरू होगा.
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