- स्पेन में इतनी बड़ी तादाद में लोग मोरक्को से तैर कर पहुंच गए क्योंकि इसकी दूरी बहुत कम है.
- स्पेन में सबसे अधिक जिस देश से प्रवासी आते हैं, वो है मोरक्को. यहां मोरक्को के प्रवासियों की आबादी 10 लाख है.
- स्पेन, मोरक्को के उन लोगों के यूरोप पहुंचने का जरिया है, जो बेहतर आर्थिक मौकों की तलाश में जाना चाहते हैं.
स्पेन ने बताया है कि उसके नॉर्थ अफ्रीकी एन्क्लेव सेउटा में बीते हफ्ते हजारों की संख्या में मोरक्को से प्रवासी पहुंचे हैं. यह एक स्वायत्त क्षेत्र हैं और उस क्षेत्र के नेता ने स्पेन सरकार से इस मामले में हस्तक्षेप करने का आग्रह किया है. बड़ी संख्या में लोगों के समुद्री इलाके में तैर कर स्पेन के सेउटा तक आने के वीडियो सभी विश्वसनीय न्यूज एजेंसियों ने जारी किए हैं और ये सोशल मीडिया पर भी मौजूद हैं. बीते कुछ दिनों से स्पेन के सेउटा एन्क्लेव में पहुंचने वाले प्रवासियों की संख्या में इजाफा देखा जा रहा था. फिर अचानक गुरुवार को हजारों की संख्या में लोग समुद्र के रास्ते तैरकर यहां पहुंचने की कोशिश करते देखे गए.
NEW: Spain is now deploying its military after thousands of military-aged men stormed over the border into Ceuta, Spain.
— Collin Rugg (@CollinRugg) July 30, 2026
Ceuta authorities are calling on Madrid to declare a national emergency after the border "totally collapsed."
"The situation is absolute chaos. It's not… pic.twitter.com/Mpe5Lc1xlK
प्रवासियों की अवैध तरीके से स्पेन में घुसने की जानकारी मिलते ही प्रशासन ने इस मुहाने को रबर की रिंग और फ्लिपर्स (रुकावट) से ढक दिया गया. इस दौरान कई प्रवासी स्पेन में घुस पाने में कामयाब हुए तो इस कोशिश में दर्जनों की तादाद में लोगों की मौत भी हो गई.
आखिर क्या कारण है कि मोरक्को से लोग स्पेन आ रहे हैं? अलग-अलग महादेशों के इन दो देशों की भौगोलिक स्थिति क्या है कि तैर कर मोरक्को से लोग स्पेन पहुंच सकते हैं? और मोरक्को के लोग आखिर स्पेन क्यों जाने की कोशिश में लगे हैं?

मोरक्को और स्पेन धरती के नक्शे पर कहां हैं?
सबसे पहले ये बता दें कि स्पेन यूरोप में है तो मोरक्को नॉर्थ अफ्रीका का एक देश है. स्पेन की सीमाएं उत्तर में फ्रांस, अंडोरा और बिस्काय की खाड़ी, पश्चिम में पुर्तगाल और अटलांटिक महासागर और दक्षिण के साथ-साथ पूर्व में भी भूमध्य सागर से घिरी हैं.
इसके दक्षिण में जिब्राल्टर स्ट्रेट है जो एक बेहद ही अहम व्यापार मार्ग है और यहां से कुछ किलोमीटर की दूरी पर मोरक्को मौजूद है जो नॉर्थ अफ्रीका के नॉर्थ-वेस्ट कोने में मौजूद एक देश है.
मोरक्को अटलांटिक महासागर, भूमध्य सागर, एटलस पर्वतमाला और अल्जीरिया (देश) से घिरा हुआ है. मोरक्को के नॉर्थ में जिब्राल्टर स्ट्रेट है जो इसे यूरोप से अलग करता है. मोरक्को से महज 13 किलोमीटर (नजदीकी शहर टैरिफा) दूर हैं. हालांकि स्पेन में दो स्वायत्त शहर (एन्क्लेव) सेउटा और मेलिला भी हैं, जो जिब्राल्टर स्ट्रेट में हैं और मोरक्को से इन शहरों की दूरी महज कुछ किलोमीटर है. वीडियो में देखे गए लोग मोरक्को से यहां महज कुछ किलोमीटर तैर कर पहुंचे हैं.

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मोरक्को से अचानक क्यों इतने लोग स्पेन पहुंचे?
स्पेन के तटीय बंदरगाहों (जैसे अल्जेसिरास) और मोरक्को के बीच नियमित फेरी चलती हैं. वैध अनुमति और वीजा वाले कामगार और स्थानीय निवासी दोनों तरफ आने-जाने के लिए इसका उपयोग करते हैं.
मोरक्को के उत्तरी तट पर स्थित स्यूटा, जिब्राल्टर स्ट्रेट के पार मुख्य भूमि स्पेन से अलग है और लंबे समय से यूरोप पहुंचने की कोशिश करने वाले प्रवासियों के लिए एक प्रमुख एंट्री पॉइंट रहा है.
हालांकि अब तक दोनों ओर की सरकारों या किसी अंतरराष्ट्रीय न्यूज एजेंसी ने यह नहीं बताया कि आखिर मोरक्को के लोग इतनी बड़ी तादाद में जिब्राल्टर स्ट्रेट को तैर कर पार कर स्पेन पहुंचने की कोशिश क्यों किए. उधर स्पेन ने प्रधानमंत्री पेड्रो सांचेज ने कहा है कि स्थिति जल्द ही सामान्य हो जाएगी. वो खुद सीमाई क्षेत्रों में शुक्रवार को दौरा करने वाले हैं.
इस बीच स्पेन के गृह मंत्रालय ने कहा है कि सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में जो फैसला दिया है उसका फायदा उठा कर मानव तस्करी करने वाले नेटवर्क बड़ी संख्या में बगैर दस्तावेज वाले प्रवासियों को इस तरह से आने के लिए स्पेन पहुंचने के लिए प्रोत्साहित कर रहे हैं.
दरअसल, इस महीने की शुरुआत में स्पेन के सुप्रीम कोर्ट ने ये फैसला दिया कि जो प्रवासी समुद्र के रास्ते सेउटा या मेलिला पहुंचने की कोशिश के दौरान पकड़े गए हैं, उन्हें बगैर किसी कानूनी प्रक्रिया के सीधे मोरक्को को वापस नहीं भेजा जा सकता.
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सेउटा में ही क्यों आ रहे हैं मोरक्को से प्रवासी?
सेउटा है तो स्पेनिश क्षेत्र पर इसकी भौगोलिक स्थिति ये है कि यह अफ्रीकी महाद्वीप पर मौजूद है. चूंकि यह स्पेन में पड़ता है तो यूरोपीय संघ का हिस्सा भी है, लिहाजा यूरोप में जाने के लिए यह बेहद आकर्षक पॉइंट है.
मोरक्को में हाल के दिनों में हिंसा और तनाव देखने को मिला है. इसका मुख्य कारण खराब सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवाएं, शिक्षा की कमी, बेरोजगारी और बड़े पैमाने पर हो रहे युवा प्रदर्शन माने जाते हैं. साथ ही, 2030 का फीफा वर्ल्ड कप मोरक्को में आयोजित किया जाना है. ऐसे में वहां इसके आयोजनों के स्टेडियमों पर भारी खर्च किया जा रहा है, जबकि आम जनता की बुनियादी जरूरतों की अनदेखी का बार-बार आरोप लग रहा है, जिसे लेकर लोगों में गहरा आक्रोश है. लोग खराब स्वास्थ्य, शिक्षा व्यवस्था और बढ़ते भ्रष्टाचार एवं बेरोजगारी से भी परेशान है. इसकी के विरोध में जेन जी ने वहां प्रदर्शन भी किए हैं.
ऐसे में कई लोग बेहतर आर्थिक मौकों की तलाश में यूरोप पहुंचना चाहते हैं. संघर्ष, गरीबी से उबरने और बेहतर जीवन यापन की आस में मोरक्को और कई अन्य देशों से लोग यूरोप जाने की कोशिश करते हैं.

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मोरक्को से सेउटा सबसे नजदीकी यूरोपीय इलाका है इसलिए यहां बड़ी तादाद में प्रवासियों ने पहुंचने की कोशिश की. 1580 से स्पेन के कब्जे में रहे सेउटा में ईसाई और मुस्लिम आबादी के साथ-साथ स्पेनिश और मोरक्कन निवासी और रोजाना काम करने वाले लोग रहते हैं.
मोरक्को आधिकारिक तौर पर सेउटा और मेलिला को स्पेन का इलाका नहीं मानता है और अक्सर इन्हें कब्जे वाली जमीन कहता है. 85 हजार की आबादी वाला यह शहर हाल के समय में मैड्रिड और रबात के बीच बड़े कूटनीतिक संकटों का केंद्र रहा है.
मई 2021 में, मोरक्को सरकार ने अपनी सीमा पर लगी पाबंदियां हटा लीं और सिर्फ दो दिनों में मोरक्को और सब-सहारा देशों के लगभग 8000 लोग सेउटा में घुस गए थे. इस कदम को मोटे तौर पर मोरक्को की ओर से स्पेन के उस फैसले के जवाब के तौर पर देखा गया, जिसमें स्पेन ने विवादित पश्चिमी सहारा क्षेत्र के आजादी समर्थक नेता को स्पेनिश अस्पताल में इलाज कराने की इजाजत दी थी.
तनाव तब कम हुआ और सीमा की स्थिति सामान्य हुई, जब स्पेन के प्रधानमंत्री ने पश्चिमी सहारा पर स्पेन के लंबे समय से चले आ रहे रुख में बदलाव किया और मोरक्को के राजा मोहम्मद (छठे) से मुलाकात की.

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स्पेन में विदेश में जन्में लोगों की तेजी से बढ़ रही है संख्या
बता दें कि स्पेन में पहले से ही विदेश में जन्में लोग बड़ी तादाद में रह रहे हैं. जनवरी 2025 में हुए वार्षिक जनगणना के आंकड़ों के मुताबिक स्पेन की कुल आबादी 4.9 करोड़ है. इसमें विदेश में जन्में लोगों की संख्या करीब 95 लाख है. ताजा आंकड़े बताते हैं कि विदेश में जन्में लोगों की संख्या में 7 फीसद की वृद्धि हुई है. वहीं अगर ये देखें कि किन देशों से लोग स्पेन की ओर रुख कर रहे हैं तो उसमें सबसे बड़ी संख्या मोरक्को के लोगों की है. यह संख्या 10 लाख के करीब है.
वहीं कोलंबिया 8.5 लाख के साथ दूसरे पायदान पर है तो वेनेजुएला करीब 6 लाख लोगों के साथ तीसरे और रोमानिया 5.32 लाख के साथ चौथे स्थान पर है. वहीं चीन से भी करीब दो लाख तो भारत के 65 हजार लोग स्पेन में रहते हैं. हालांकि, यह विदेशी वर्ग स्पेन की अर्थव्यवस्था में भी बड़ा सहयोग देता है. एक आंकड़े बताते हैं कि स्पेन में काम करने वाली 13 फीसद आबादी विदेशियों की है जो 30 लाख के करीब है
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