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पश्चिम बंगाल में सरकार गठन की तैयारियां तेज, अमित शाह बने भाजपा के केंद्रीय पर्यवेक्षक

भाजपा ने पश्चिम बंगाल और असम में सरकार गठन की प्रक्रिया के लिए केंद्रीय पर्यवेक्षकों की नियुक्ति की है. बंगाल में अमित शाह को केंद्रीय पर्यवेक्षक और ओडिशा के सीएम मोहन चरण माझी को सह‑पर्यवेक्षक बनाया गया है, जबकि असम में जे.पी. नड्डा केंद्रीय पर्यवेक्षक और हरियाणा के सीएम नायब सिंह सैनी सह‑पर्यवेक्षक होंगे.

पश्चिम बंगाल में सरकार गठन की तैयारियां तेज, अमित शाह बने भाजपा के केंद्रीय पर्यवेक्षक
  • भाजपा ने बंगाल में विधायक दल के नेता चयन के लिए अमित शाह को केंद्रीय पर्यवेक्षक नियुक्त किया है.
  • ओडिशा के सीएम मोहन चरण माझी को बंगाल के लिए केंद्रीय सह‑पर्यवेक्षक बनाया गया है. वे शाह के साथ काम करेंगे.
  • असम में भी भाजपा ने विधायक दल के नेता चुनाव के लिए जे. पी. नड्डा को केंद्रीय पर्यवेक्षक नियुक्त किया है.
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पश्चिम बंगाल में नई सरकार के गठन की तैयारी के बीच भारतीय जनता पार्टी ने अहम संगठनात्मक कदम उठाया है. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पश्चिम बंगाल के लिए भाजपा का केंद्रीय पर्यवेक्षक नियुक्त किया गया है. यह नियुक्ति राज्य में विधायक दल के नेता के चयन और सरकार गठन की प्रक्रिया की निगरानी के लिए की गई है.

भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव अरुण सिंह की ओर से जारी 5 मई 2026 की प्रेस विज्ञप्ति में यह जानकारी दी गई. पार्टी के संसदीय बोर्ड ने यह फैसला लिया है कि पश्चिम बंगाल में विधायक दल के नेता के चुनाव के लिए अमित शाह केंद्रीय पर्यवेक्षक की भूमिका निभाएंगे.

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ओडिशा के सीएम को बनाया सह-पर्यवेक्षक

प्रेस विज्ञप्ति में यह भी बताया गया है कि ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी को पश्चिम बंगाल के लिए केंद्रीय सह‑पर्यवेक्षक नियुक्त किया गया है. दोनों नेता मिलकर राज्य में विधायक दल की बैठक और नेतृत्व चयन की प्रक्रिया को पूरा कराएंगे.

अहम होगा शाह का बंगाल दौरा

भाजपा सूत्रों के मुताबिक, अमित शाह का बंगाल दौरा संगठन और सरकार दोनों स्तरों पर बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है. हालिया विधानसभा चुनाव में भाजपा को ऐतिहासिक जनादेश मिलने के बाद पार्टी अब तेजी से सरकार गठन की औपचारिकताएं पूरी करने में जुटी है.

राजनीतिक जानकारों का मानना है कि अमित शाह की केंद्रीय पर्यवेक्षक के रूप में नियुक्ति यह संकेत देती है कि पार्टी नेतृत्व बंगाल में मजबूत और अनुशासित सरकार गठन को लेकर पूरी तरह गंभीर है. जल्द ही विधायक दल की बैठक बुलाए जाने और मुख्यमंत्री के नाम की घोषणा होने की संभावना है.

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असम में सरकार गठन की तैयारियां भी हुईं तेज

पश्चिम बंगाल के साथ ही असम में भी नई सरकार के गठन की प्रक्रिया ने रफ्तार पकड़ ली है. भारतीय जनता पार्टी के संसदीय बोर्ड ने असम में विधायक दल के नेता के चुनाव के लिए केंद्रीय पर्यवेक्षकों की नियुक्ति कर दी है.

नड्डा होंगे असम के पर्यवेक्षक

भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव की ओर से जारी विज्ञप्ति के अनुसार, केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री तथा रसायन व उर्वरक मंत्री जे. पी. नड्डा को असम के लिए केंद्रीय पर्यवेक्षक नियुक्त किया गया है. वे राज्य में भाजपा विधायक दल की बैठक और नेता के चयन की प्रक्रिया की निगरानी करेंगे.

इसके साथ ही हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को असम के लिए केंद्रीय सह‑पर्यवेक्षक बनाया गया है. दोनों वरिष्ठ नेता पार्टी विधायकों से संवाद कर नेतृत्व चयन की औपचारिकताओं को पूरा कराएंगे.

भाजपा सूत्रों के मुताबिक, असम में प्रचंड जनादेश के बाद पार्टी नेतृत्व बिना किसी देरी के सरकार गठन चाहता है. केंद्रीय पर्यवेक्षकों की नियुक्ति को इसी दिशा में अहम कदम माना जा रहा है.

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