आंध्र प्रदेश की सत्तारूढ़ पार्टी वाईएसआरसीपी के प्रमुख और राज्य के मुख्यमंत्री वाई एस जगन मोहन रेड्डी ने बुधवार को पुष्टि की है कि उनकी पार्टी 28 मई को नए संसद भवन के उद्घाटन में शामिल होगी. हालांकि तेलुगु देशम पार्टी (तेदेपा) ने इस संबंध में अभी फैसला नहीं किया है. वहीं इससे पहले ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक की पार्टी बीजू जनता दल ने भी कार्यक्रम में शामिल होने की सहमति दे दी है.
मुख्यमंत्री रेड्डी ने इस समारोह को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि उनकी पार्टी लोकतंत्र की सच्ची भावना के साथ इसमें शामिल होगी. रेड्डी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भव्य, शानदार और विशाल संसद भवन राष्ट्र को समर्पित करने के लिए बधाई देते हुए ट्वीट किया, 'लोकतंत्र की सच्ची भावना के तहत, मेरी पार्टी इस ऐतिहासिक कार्यक्रम में शामिल होगी.'
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इस बीच, रेड्डी ने राजनीतिक दलों से इस मौके पर राजनीतिक मतभेदों को दूर रखने का आह्वान किया. उन्होंने कहा कि इस तरह के शुभ आयोजन का बहिष्कार करना लोकतंत्र की सच्ची भावना नहीं है.
राज्य के प्रमुख विपक्षी दल तेलुगु देशम पार्टी (तेदेपा) ने अभी तक उद्घाटन समारोह में शामिल होने को लेकर अपना रुख घोषित नहीं किया है. पार्टी प्रवक्ता पट्टाभिराम कोमारेड्डी ने पीटीआई-भाषा से कहा कि इस संबंध में शीर्ष नेतृत्व एक या दो दिन में औपचारिक घोषणा कर सकता है.
गौरतलब है कि कांग्रेस सहित 19 विपक्षी दलों ने बुधवार को ऐलान किया कि वे संसद के नए भवन के उद्घाटन समारोह का सामूहिक रूप से बहिष्कार करेंगे, क्योंकि इस सरकार के कार्यकाल में संसद से लोकतंत्र की आत्मा को निकाल दिया गया है और समारोह से राष्ट्रपति को दूर रखकर 'अशोभनीय कृत्य' किया गया है.
उन्होंने एक संयुक्त बयान में यह आरोप भी लगाया कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को उद्घाटन समारोह से दूर रखना और प्रधानमंत्री मोदी द्वारा संसद के नए भवन का उद्घाटन करने का फैसला लोकतंत्र पर सीधा हमला है. उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री मोदी 28 मई को संसद के नए भवन का उद्घाटन करेंगे.
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