विज्ञापन

लोकसभा में अगले हफ्ते पेश हो सकता है FCRA संशोधन विधेयक, क्या है प्रावधान?

केंद्र सरकार ने मार्च में इस बिल को लोकसभा में पेश किया था. अब एक बार फिर से इस एफसीआरए संशोधन विधेयक को पेश किया जाएगा.

लोकसभा में अगले हफ्ते पेश हो सकता है FCRA संशोधन विधेयक, क्या है प्रावधान?
फाइल फोटो
PTI
नई दिल्ली:

विदेशी फंड को लेकर विपक्ष के विरोध के बीच सरकार अगले हफ्ते लोकसभा में FCRA संशोधन विधेयक ला सकती है. इस बिल में सरकार  विदेशी फंडिंग वाले NGO एसेट्स पर नए नियम लागू करने का प्रावधान ला सकती है.

यह बिल इस साल मार्च में लोकसभा में रखा गया था. इसमें एक अथॉरिटी के जरिए विदेशी फंडिंग वाली प्रॉपर्टीज को खरीदने का प्रावधान है. बिल में प्रावधान है कि अगर ऑर्गनाइजेशन दोबारा रजिस्टर नहीं होते हैं, तो उनके विदेशी फंडिंग वाले एसेट्स अथॉरिटी को ट्रांसफर कर दिए जाएंगे.  

विपक्षी पार्टियां इस बिल का विरोध कर रही हैं.

क्या होता है FCRA?

FCRA का पूरा नाम फॉरेन कंट्रीब्यूशन रेगुलेशन एक्ट (Foreign Contribution Regulation Act) यानी विदेशी अंशदान (विनियमन) अधिनियम है. यह भारत का वह कानून है जो देश में मिलने वाले विदेशी फंड और दान को नियंत्रित करता है, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि विदेशी पैसे का गलत इस्तेमाल देश की सुरक्षा या शांति के खिलाफ न हो. लेकिन विदेशी फंड के लेनदेन में खामियों को दुरुस्त करने के लिए सरकार इस कानून में संशोधन करना चाहती है.

इससे पहले केंद्र सरकार ने इस कानून में संशोधन के लिए मार्च में बिल पेश किया था. लेकिन विपक्ष ने इस बिल पर आपत्ति जताई थी. 

विधेयक में क्या प्रावधान था?

मार्च में जब इस बिल को लोकसभा में पेश किया गया तो संशोधन विधयेक में प्रावधान था कि लोक सेवकों के लिए विदेशी फंड हासिल कर पर रोक रहेगी. इसके अलावा प्रावधान था कि विधेयक के तहत कोई भी संस्था (NGO), जिसे विदेशी फंड मिला है, वह उस फंड को किसी दूसरी संस्था या NGO को ट्रांसफर नहीं कर सकती, भले ही दूसरी संस्था के पास भी FCRA रजिस्ट्रेशन हो. 

विदेशी फंड का उपयोग प्रशासनिक कार्यों जैसे ऑफिस का किराया, सैलरी) के लिए करने की सीमा 50% से घटाकर 20% करने का प्रावधान रखा गया था. इसके अलावा कई और प्रावधान थे. इन प्रावधानों को लेकर विवाद हुआ था. 

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
FCRA Act, FCRA, Fcra Amendment Bill
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com