विज्ञापन
This Article is From Oct 04, 2020

कृषि कानूनों को रोकने के लिए कांग्रेसशासित राज्य विधानसभा का विशेष सत्र बुलाएंगे

नए कृषि कानूनों (Farm laws) के खिलाफ सड़क पर उतरी कांग्रेस (Congress) ने अब इसे पार्टीशासित राज्यों में लागू न करने के लिए भी मुहिम छेड़ दी है. कृषि कानूनों को रोकने के लिए कांग्रेसशासित राज्य अपने यहां विधानसभा का विशेष सत्र बुलाएंगे और कानून पारित करेंगे.  

कृषि कानूनों को रोकने के लिए कांग्रेसशासित राज्य विधानसभा का विशेष सत्र बुलाएंगे
केंद्र सरकार द्वारा पारित नए कृषि कानूनों का कांग्रेस ने विरोध तेज किया

नए कृषि कानूनों (Farm laws) के खिलाफ सड़क पर उतरी कांग्रेस (Congress) ने अब इसे पार्टीशासित राज्यों में लागू न करने के लिए भी मुहिम छेड़ दी है. कृषि कानूनों को रोकने के लिए कांग्रेसशासित राज्य अपने यहां विधानसभा का विशेष सत्र बुलाएंगे और कानून पारित करेंगे. कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने पिछले माह पार्टी के मुख्यमंत्रियों से ऐसी संभावनाएं तलाशने को कहा था, जिससे नए कृषि कानूनों को लागू करने से रोका जा सके.

यह भी पढ़ें- कांग्रेस सांसद ने कृषि कानून के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में दाखिल की याचिका

राज्यों में पेश किए जाने वाले एक विधेयक का मसौदा कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व ने तैयार कर लिया है और दो विशेष प्रावधानों के साथ इसे पार्टी के शासन वाले राज्यों को भेज दिया है. पहले प्रावधान में राज्य सरकारों को यह केंद्र के कृषि कानूनों को लागू करने की तारीख तय करने का अधिकार होगा. दूसरा प्रावधान है कि किसान, किसी कंपनी, एग्रीग्रेटर के बीच कांट्रैक्ट फार्मिंग न्यूनतम समर्थन मूल्य से नीचे तय नहीं की जा सकती.

यह भी पढ़ें-  पंजाब : राहुल गांधी ने किसानों से कहा, सत्ता में आते ही रद्द करेंगे काले कृषि कानून

हालांकि अभी यह स्पष्ट नहीं है कि कांग्रेस के गठबंधन वाले राज्यों झारखंड और महाराष्ट्र भी इस तरह का विशेष सत्र बुलाएंगे. यह भी तय नहीं है कि गैर भाजपा या गैर कांग्रेसशासित राज्य केरल, बंगाल भी इस रणनीति पर आगे बढ़ेंगे या नहीं. मगर ध्यान देने योग्य बात है कि राज्यों से पारित ऐसे किसी कानून को राष्ट्रपति (President) राम नाथ कोविंद की मंजूरी मिलना आवश्यक होगी. राष्ट्रपति ऐसे किसी कानून को मंजूरी देने से इनकार कर सकते हैं, लेकिन उन्हें इसकी वजह स्पष्ट करनी होती है.

केंद्र सरकार ने तीन विवादित कृषि विधेयकों को पिछले माह संसद से पारित कराया था. कांग्रेस का आरोप है कि सरकार इन कानूनों के जरिये फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य खत्म कर रही है. कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी का कहना है कि नए कानून से किसानों को एमएसपी का हक छिन जाएगा, खासकर सीमांत और छोटे किसानों को इसका बड़ा नुकसान होगा. कारपोरेट और बड़ी कंपनियों को कृषि क्षेत्र में मनमानी की छूट मिल जाएगी. हालांकि खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Primeminister) कांग्रेस के इन आरोपों का जोरदार खंडन कर चुके हैं.
 

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Farmlaws, Congressrulesstates, Congressfarmlaws
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com