Punjab Elections: बॉलीवुड एक्टर सोनू सूद (Actor Sonu Sood) की बहन पंजाब के मोगा से कांग्रेस के टिकट पर विधानसभा का चुनाव लड़ रही है और फिलहाल चुनाव प्रचार में जुटी हुई हैं. जबकि सोनू सूद चुनाव प्रचार में पूरी तरह से अपनी बहन के सपोर्ट में लगे हुए हैं. इसी बीच सोनू सूद ने एनडीटीवी से खास बातचीत की और पंजाब चुनाव को लेकर अपनी राय रखी. एनडीटीवी से बात करते हुए अभिनेता ने कहा कि मेरा किसी पार्टी से संबंध नहीं, मैं बस अपनी बहन को सपोर्ट कर रहा हूं. इस दौरान कई सवालों के जवाब अभिनेता ने दिए, जो कि इस प्रकार हैं.
1.क्या आपको लगता है कांग्रेस को CM कैंडिडेट घोषित करना चाहिए?
इस सवाल के जवाब में सोनू सूद ने कहा कि मुझे बिल्कुल ये लगता है. और जब लीडरशिप के लोग मिले थे तो मैंने कहा भी था कि ये बहुत जरूरी है कि आप का लीडर कौन है, ये तय करके आप जरूर घोषित करें. वहां पर भी चर्चा है, उम्मीद है कि जरूर घोषित होगा. अगर मुख्यमंत्री चेहरा आएगा तो मुझे लगता है कि लोगों को एक दिशा मिलेगी कि हां यहे है लीडर. लोगों का ये हक है और ये उनको मिलना भी चाहिए. बिल्कुल कांग्रेस को सीएम कैंडिडेट घोषित करना चाहिए.
-
परजीवी, बोझ, फेल प्रोडक्ट... NDTV World Summit में PM मोदी ने कांग्रेस को घेरा -
PM Modi in NDTV World Summit : बदलते वर्ल्ड ऑर्डर में भारत की क्या भूमिका? PM मोदी ने बताया -
PM Modi Speech: Rahul Gandhi पर PM मोदी क्या-क्या बोले? | NDTV World Summit 2026 -
फेल प्रोडक्ट लॉन्च कर रही कांग्रेस, इतनी तो लॉन्चिंग श्रीहरिकोटा से भी नहीं होती; NDTV वर्ल्ड समिट में PM मोदी -
NDTV World Summit के मंच से कौन से नए खेल का जिक्र कर गए मोदी...! -
'मत्स्य न्याय' के उदाहरण से पीएम मोदी ने UN पर क्या कुछ कह दिया? -
तब बड़ी मछली छोटी मछली को निगल जाती है... PM मोदी का NDTV वर्ल्ड समिट से दुनिया को संदेश -
PM Modi Speech: Covid-19 का जिक्र कर PM मोदी ने बताई भारत की ताकत! कही ये बातें | NDTV India -
'मौजूदा चुनौतियों के सामने संयुक्त राष्ट्र की सीमाएं साफ दिख रही हैं', NDTV World Summit में बोले PM मोदी -
भारत क्या पाकिस्तान से अच्छे संबंध चाहता है? NDTV World Summit में जयशंकर का जवाब
2.आपके हिसाब से कौन होना चाहिए कांग्रेस का मुख्यमंत्री उम्मीदवार?
इसपर अभिनेता ने कहा कि सिद्धू साहब बड़े अच्छे और सच्चे इंसान हैं और जब बात करते हैं तो दिल से करते हैं. चन्नी साहब भी बहुत ज़मीनी आदमी है, मैं खुद उनसे मिला हूं. वो आपके चेहरे पर एक मुस्कान ले आते हैं और ये बहुत नेचुरल है. उन्होंने जो तीन महीने में किया वो काबिले तारीफ था उसको नकारा नहीं जा सकता. चाहे लोग कुछ भी कहें लेकिन काम हुआ और लोगों की मदद हुई है. लेकिन किसी बंदे को काम करने के लिए 3 महीने का समय बहुत कम होता है. ये ऐसे ही हुआ जैसे आप बैटिंग करने गए और आपकी आंख बॉल पर टिकी और तभी टी ब्रेक हो गया. तो मेरे ख्याल से टी ब्रेक के बाद भी उसको बैटिंग मिलनी चाहिए और उनको मौका देना चाहिए जो भी लीडरशिप को पता है और मौका दें कि वह आगे आ सके. लेकिन मैं अभी किसी का नाम नहीं लेना चाह रहा है लेकिन किसी का नाम जरूर होना चाहिए.
ये भी पढ़ें- सोनू सूद की बहन मालविका ने पंजाब विधानसभा चुनाव के पहले ज्वॉइन की कांग्रेस
3.भगवंत मान के बारे में क्या कहना चाहेंगे जो आम आदमी पार्टी के मुख्यमंत्री उम्मीदवार बने हैं?
मैंने उनको पॉलिटिकली ज्यादा फॉलो नहीं किया एक कलाकार के तौर पर बहुत साल पहले मैं उनसे मिला था. वो हमारी दुकान पर आए थे. लेकिन वे कैसे एक लीडर के तौर पर आगे लेकर आते हैं. ये अभी देखना है लेकिन अगर पार्टी ने डिसाइड किया है. तो कुछ ना कुछ सोच कर ही किया होगा.
4. मालविका सूद के चुनाव में आपकी किस तरह की भूमिका?
मैंने शुरू से ही कहा था कि मेरा संबंध किसी पॉलिटिकल पार्टी से नहीं है, मैं अभी भी वही एक्टर हूं और अभी भी वही सोशल वर्कर हूं. लेकिन क्योंकि वो मेरी बहन है और शुरू से समाज सेवा में लगी हुई है. मोगा में जितने भी स्कूल कॉलेज और धर्मशाला हैं वो मेरे परिवार की ही बनवाई हुई हैं. मेरी मां ने बहुत से बच्चों को मुफ्त में पढ़ाया है. मेरे पिताजी की कपड़ों की दुकान थी और जिन गरीब लोगों की शादी में दिक्कत आती थी उनको कपड़ा दिया जाता था शादी करने के लिए. मैं उन्हीं के दिखाए हुए रास्ते पर चलता रहा और मालविका ने भी आधे शहर की वैक्सीनेशन करवाई है. लोग मालविका को राजनीति में लेकर आए हैं, कि आप सिस्टम में आएंगी तो काम होंगे.मालविका इन चुनावों में बहुत मेहनत कर रही है
5. आपने अपनी बहन के लिए कांग्रेस क्यों चुनी?
पंजाब में कांग्रेस का बहुत बड़ा योगदान रहा है. कोई भी ऐसी सरकार नहीं होती जिससे लोग सौ फ़ीसदी संतुष्ट होते हैं.
मोगा हमेशा से कांग्रेस की सीट इसलिए रही है क्योंकि कांग्रेस बहुत काम करती आई है. मोगा को कभी अच्छा लीडर नहीं मिल पाया कांग्रेस का. मालविका को लगा कि अगर वो कांग्रेस में जाती हैं तो उनको एक बेहतर रास्ता मिलेगा. हमको लगा कि हमको कांग्रेसमें जाकर वो स्पेस मिलेगा जिससे हम हमारा अपना मेनिफेस्टो लागू कर सकें.
6. ऐसी चर्चा भी थी कि आपकी आम आदमी पार्टी में बात चल रही है. क्या बात नहीं बन पाई या फिर वहां क्या रहा?
मैं दिल्ली सरकार के प्रोग्राम का ब्रांड मैनेजर बना तो इस बात की शुरुआत यहीं से हुई थी. इसके बाद चर्चा शुरू हो गई कि मैं राजनीति में आ रहा हूं और मुझको बहुत से ऑफर्स भी आए दूसरी पार्टियों से राज्यसभा का ऑफर आया, बड़े पदों का ऑफर आया. मेरे पास बहुत सारा काम ऑलरेडी है और इतनी बड़ी टीम नहीं है कि मैं यह सब काम भी कर लूं और राजनीति में भी घुस जाऊं. मुझे लगा कि अभी समय है. हो सकता है आज से 5 साल देखेंगे जब समय आएगा. मुझे लगा जो भी चीज मैं कर रहा हूं कहीं उसमें रुकावट ना आ जाए इसलिए 5-7 साल बाद देखूंगा.
7. अरविंद केजरीवाल से मुलाकात के बाद आपके पास इनकम टैक्स के लोग आ गए थे, तो इसलिए चर्चा थी कि आप बीजेपी की तरफ जा सकते हो. लेकिन फिर कांग्रेस और आम आदमी पार्टी की चर्चा होते हुए आप कांग्रेस में आ गए?
जब से मैंने काम करना शुरू किया है तब से मुझे हर पार्टी के साथ जोड़ा गया. जब मैंने महाराष्ट्र में काम करना शुरू किया तो लोगों ने कहा कि यह बीजेपी का बंदा होगा इसलिए शिवसेना और बीजेपी में चर्चा शुरू जो गई. दूसरी जगह काम किया तो लोगों ने कहा यह कांग्रेस का बंदा होगा. मैं सब से यह कहना चाहता हूं मैं किसी पार्टी का नहीं हूं मैं सब को सपोर्ट करता हूं. अगर आप मुझे गुजरात में ब्रांड अंबेसडर बनाएंगे तो मैं दौड़ा चला आऊंगा.
8. इनकम टैक्स वाले जो आपके यहां पहुंचे थे, वे मामला सेटल हो गया है या अभी भी चल रहा है?
उस समय भी कोई दिक्कत नहीं थी जो डॉक्यूमेंट मांगे गए वो दे दिए गए थे और अभी भी जो प्रोसेस होता है और जो जो चीज मांगी जाती हैं वह दी जाती हैं. लेकिन सब कुछ सेटल हो गया था और पहले दिन ही सब ठीक था.
9. आपके वीडियो को कांग्रेस ने इस्तेमाल करके प्रोजेक्ट किया कि मुख्यमंत्री कैसा होना चाहिए तो आप बताइए आप के हिसाब से मुख्यमंत्री कैसा होना चाहिए?
मैं हमेशा बोलता हूं कि मुख्यमंत्री ऐसा होना चाहिए जिसको जबरदस्ती कुर्सी दी जाए कि तू बैठ और वह बंदा कहे कि मुझको नहीं करना. ऐसा बंदा होना चाहिए जिसको सब लोग यहां तक कि विपक्ष भी भी कहे कि अगर इसको मुख्यमंत्री के तौर पर ले आए तो इसको हिलाना मुश्किल है. ऐसा मुख्यमंत्री होना चाहिए जो विज़न की बात करता हो यह नहीं कि माइक पकड़ कर बस दूसरों की आलोचना करें. ऐसा मुख्यमंत्री अगर किसी राज्य को मिलेगा तो कमाल की बात होगी.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं