Water intoxication : पानी जीवन का आधार है.इसके बिना जीवन की कल्पना मुश्किल है. यह हमारी ओवरऑल हेल्थ में अहम भूमिका निभाता है. लेकिन कुछ लोग सेहत अच्छी रखने के चक्कर में जरूरत से ज्यादा पानी पीना शुरू कर देते हैं, जो आपको फायदे की जगह नुकसान पहुंचाना शुरू कर देता है. इसे ओवरहाइड्रेशन या वॉटर इंटॉक्सिकेशन कहते हैं, जो शरीर में इलेक्ट्रोलाइट्स के संतुलन को बिगाड़ देता है. मुख्य रूप से किडनी और मस्तिष्क प्रभावित होते हैं. इसके अलावा भी कई सेहत से जुड़ी परेशानियों का सामना करना पड़ता है, जिसके बारे में आज का हमारा यह आर्टिकल है. तो बिना देर किए आइए जानते हैं ज्यादा पानी पानी आपके लिए कैसे नुकसानदायक हो सकता है.
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ज्यादा पानी पीने के नुकसान
किडनी पर प्रभावज्यादा पानी पीने से किडनी पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है. इससे किडनी की कार्यक्षमता धीरे-धीरे कम हो सकती है और गंभीर मामलों में किडनी फेलियर का खतरा बढ़ जाता है. खून में सोडियम की मात्रा कम होने लगती है, जो किडनी के लिए विषाक्त हो जाता है.
मस्तिष्क को नुकसानशरीर में पानी की अधिकता से मस्तिष्क की कोशिकाएं सूज जाती हैं, जिससे सिरदर्द, चक्कर, भ्रम और उल्टी जैसे लक्षण प्रकट होते हैं. गंभीर स्थिति में दिमाग में सूजन (हाइपोनेट्रेमिया) हो सकती है, जो कोमा या मृत्यु का कारण बन सकती है. यह विशेषकर एथलीट्स या लंबे समय तक ज्यादा पानी पीने वालों में देखा जाता है.
अन्य सेहत से जुड़ी परेशानी- पेट फूलना, मितली और बार-बार पेशाब आना आम समस्याएं हैं.
- इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन से मांसपेशियों में कमजोरी, थकान और दिल की धड़कन अनियमित हो सकती है.
- वजन बढ़ने का खतरा भी रहता है, क्योंकि अतिरिक्त पानी शरीर में जमा हो जाता है.
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सावधानियां और सलाहस्वस्थ व्यक्ति के लिए 2-4 लीटर पानी प्रतिदिन पर्याप्त है. गर्मी या व्यायाम में थोड़ा बढ़ाएं, लेकिन प्यास लगने पर ही पिएं.
(अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)
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