एक ऑटो रिक्शा को आग के हवाले करते पुलिसकर्मी का वीडियो वायरल हो गया
चेन्नई:
चेन्नई में जल्लीकट्टू को लेकर जारी प्रदर्शनों के सोमवार को हिंसक होने के बीच स्थानीय चैनलों पर प्रसारित एक वीडियो में एक पुलिसकर्मी को एक ऑटो रिक्शा को आग के हवाले करते दिखाया गया. वायरल हो रहे इस वीडियो की प्रमाणिकता की एनडीटीवी पुष्टि नहीं करता है.
एनडीटीवी की उमा सुधीर ने जब अपने मोबाइल फोन पर यह फुटेज एक वरिष्ठ पुलिस अफसर के. शंकर को दिखाया तो उन्होंने कहा, कि ऐसे दुष्ट तत्वों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.
हालांकि एक अन्य पुलिस अधिकारी टीके राजेंद्रन ने कहा, सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहा पुलिसवाले के इस वीडियो के साथ छेड़छाड़ की गई है. यह जांच का विषय है. इस वीडियो को अभिनेता कमल हासन, अरविंद स्वामी और अन्य ने ट्वीट किया था.
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रजनीकांत ने हिंसा और पुलिस कार्रवाई का जाहिरा तौर पर जिक्र करते हुए कहा कि इस चरण में कुछ घटनाओं को देखकर वह दुखी हैं. उन्होंने कहा कि कुछ 'असामाजिक तत्व' छात्रों के आंदोलन तथा उनके द्वारा पैदा की गई सद्भावना को बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं.
रजनीकांत ने कहा, 'आपको उन्हें अपने आंदोलन और सद्भावना को बदनाम नहीं करने देना चाहिए, इसके अलावा पुलिस आपके प्रदर्शनों की समर्थक रही है.'
(पढ़ें : सांडों का खेल, संविधान फेल : जल्लीकट्टू विवाद पर 10 अहम सवाल)
कमल हासन भी विद्यार्थियों और युवाओं के समर्थन में उतर आए और कहा, 'विद्यार्थियों के शांतिपूर्ण विरोध पर पुलिस की आक्रामक कार्रवाई के अच्छे नतीजे नहीं निकलेंगे. उन्होंने प्रदर्शनकारियों से हिंसा का रास्ता नहीं अपनाने का आग्रह किया.
एनडीटीवी की उमा सुधीर ने जब अपने मोबाइल फोन पर यह फुटेज एक वरिष्ठ पुलिस अफसर के. शंकर को दिखाया तो उन्होंने कहा, कि ऐसे दुष्ट तत्वों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.
हालांकि एक अन्य पुलिस अधिकारी टीके राजेंद्रन ने कहा, सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहा पुलिसवाले के इस वीडियो के साथ छेड़छाड़ की गई है. यह जांच का विषय है. इस वीडियो को अभिनेता कमल हासन, अरविंद स्वामी और अन्य ने ट्वीट किया था.
कमल हासन और रजनीकांत ने जल्लीकट्टू प्रदर्शन की पृष्ठभूमि में हुई हिंसा पर चिंता जताई तथा आंदोलनरत छात्रों से संयम बरतने का आह्वान किया. रजनीकांत ने कहा कि छात्रों के प्रदर्शन को भारतीय इतिहास में 'स्वर्णाक्षरों में लिखा जाना चाहिए' और इसने बड़े स्तर पर लोगों का ध्यान अपनी ओर आकृष्ट किया है. उन्होंने कहा कि युवा और महिलाओं सहित विभिन्न तबकों के लोगों ने उनका समर्थन किया तथा उनके शांतिपूर्ण प्रदर्शनों को आगे बढ़ाया.What is this. Please explain some one pic.twitter.com/MMpFXHSOVk
— Kamal Haasan (@ikamalhaasan) January 23, 2017
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रजनीकांत ने हिंसा और पुलिस कार्रवाई का जाहिरा तौर पर जिक्र करते हुए कहा कि इस चरण में कुछ घटनाओं को देखकर वह दुखी हैं. उन्होंने कहा कि कुछ 'असामाजिक तत्व' छात्रों के आंदोलन तथा उनके द्वारा पैदा की गई सद्भावना को बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं.
रजनीकांत ने कहा, 'आपको उन्हें अपने आंदोलन और सद्भावना को बदनाम नहीं करने देना चाहिए, इसके अलावा पुलिस आपके प्रदर्शनों की समर्थक रही है.'
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कमल हासन भी विद्यार्थियों और युवाओं के समर्थन में उतर आए और कहा, 'विद्यार्थियों के शांतिपूर्ण विरोध पर पुलिस की आक्रामक कार्रवाई के अच्छे नतीजे नहीं निकलेंगे. उन्होंने प्रदर्शनकारियों से हिंसा का रास्ता नहीं अपनाने का आग्रह किया.
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