- ईरान ने हाल के वर्षों में स्किम्ड मिल्क पाउडर का बड़ा उत्पादक और निर्यातक बनते हुए महत्वपूर्ण प्रगति की है
- ईरान ने साल 2025 में लगभग 1.82 लाख टन मिल्क पाउडर का निर्यात किया जो पिछले वर्षों से काफी ज्यादा है
- मिडिल ईस्ट के कई देश जैसे UAE, पाकिस्तान, इराक और अफगानिस्तान ईरान से स्किम्ड मिल्क पाउडर आयात करते हैं
ईरान को अमूमन लोग कच्चे तेल और नैचुरल गैस का खिलाड़ी मानते हैं, लेकिन ईरान और भी काफी कुछ निर्यात करता है. जैसे- पेट्रोकेमिकल्स, मेथनॉल, फर्टिलाइजर, स्टील, सल्फर और खजूर-बादाम जैसे सूखे मेवे भी. इसके अलावा एक और चीज है, जिसमें ईरान 'धुरंधर' होता दिख रहा है और वो है- दूध. एक्सपाना के बेंचमार्क दाम के मुताबिक, स्किम्ड मिल्क पाउडर की कीमतों में जो 20% से ज्यादा की बढ़ोतरी हुई है, इसके पीछे ईरान एक बड़ी वजह है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान हाल के वर्षों मं डेयरी सेक्टर का भी 'धुरंधर' बन गया है.
मिल्क पाउडर का बड़ा उत्पादक
हाल के वर्षों में ईरान स्किम्ड मिल्क पाउडर (Skimmed Milk Powder- SMP) का बड़ा उत्पादक और निर्यातक देश बन गया है. ईरान हर साल लाखों टन कच्चे दूध की प्रोसेसिंग (प्रसंस्करण) करता है और उसका बड़ा हिस्सा स्किम्ड मिल्क पाउडर में कन्वर्ट कर निर्यात करता है.
मिडिल ईस्ट की कई फूड प्रोसेसिंग कंपनियां, ईरान से स्किम्ड मिल्क पाउडर लिया करती हैं. स्किम्ड मिल्क पाउडर में फैट बहुत कम (आमतौर पर 0.5% से भी कम) होता है, जबकि प्रोटीन और कैल्शियम मौजूद होता है. इन्हें लंबे समय तक स्टोर किया जा सकता है और पानी मिलाकर फिर से दूध जैसा बनाया जा सकता है.

दुनिया का चौथा सबसे बड़ा निर्यातक
अनुमान बताते हैं कि ईरान ने साल 2025 में करीब 1,82,000 टन मिल्क पाउडर का निर्यात किया, जो साल-दर-साल 27% ज्यादा है, वहीं साल 2021 की तुलना में करीब 1,34,000 टन ज्यादा है. इस तेज ग्रोथ ने ईरान को ऑस्ट्रेलिया से आगे पहुंचाकर दुनिया का चौथा सबसे बड़ा निर्यातक बना दिया है. अब ईरान से आगे केवल यूरोपीय संघ (EU), न्यूजीलैंड और अमेरिका हैं.
ईरान के बिना थम जाएंगे इन 4 देशों के बाजार
ईरान के स्किम्ड मिल्क पाउडर के प्रमुख खरीदारों में पाकिस्तान, इराक, संयुक्त अरब अमीरात और अफगानिस्तान जैसे देश शामिल हैं, जो ईरान की स्ट्रैटेजिक मार्केट रीच यानी बाजार पहुंच दिखाते हैं.
मुस्लिम बहुल चारों देशों में डेयरी और खासकर बेकरी उत्पादों की खूब मांग है. ऐसे में ईरान के स्किम्ड मिल्क पाउडर के बगैर इन देशों के डेयरी और बेकरी बाजार बेस्वाद हो सकते हैं.

ईरान के दूध से ही यूएई, पाकिस्तान और 2 अन्य देशों के डेयरी-बेकरी बाजार गुलजार हैं.
तेजी से बढ़े जा रहे स्किम्ड मिल्क पाउडर के भाव
यूरोपियन यूनियन (EU) के स्किम्ड मिल्क पाउडर (SMP) के Expana बेंचमार्क दाम साल की शुरुआत से लगातार बढ़ रहे हैं. केडिया एडवायजरी के MD अजय केडिया ने बताया कि दिसंबर के अंत में भाव करीब €1,950 प्रति मीट्रिक टन के निचले स्तर पर थे, जबकि 26 फरवरी तक कीमतें बढ़कर €2,525 प्रति मीट्रिक टन पहुंच गई. यानी महज 2 महीने में कीमतें करीब 23% बढ़ गईं.
अजय केडिया ने बताया, 'साल की शुरुआत में EU SMP के दाम पांच साल के निचले स्तर पर थे, लेकिन मिडिल ईस्ट के कुछ हिस्सों में बढ़ते भू-राजनीतिक जोखिम के कारण वहां और दक्षिण-पूर्व एशिया के खरीदारों ने पहले ही स्टॉक जमा करना शुरू कर दिया, जिससे कीमतें बढ़ने लगीं.

साल के पहले दो महीनों में आई तेजी अब कीमतों में एडजस्ट हो चुकी हैं. अगर संघर्ष जारी रहता है और ऊर्जा कीमतें बढ़ती हैं, तो डेयरी सेक्टर भी एक और रिकॉर्ड ऊंचाई वाला साल देख सकता है.
ये भी पढ़ें: अब दूध बिकेगा केवल शुद्ध: सरकार की सख्ती, यहां से लेना होगा लाइसेंस, पानी, यूरिया या कुछ भी मिलाया तो खैर नहीं!
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं