विज्ञापन
This Article is From Nov 21, 2018

मध्य प्रदेश में सपा, बसपा और कांग्रेस के बीच क्यों नहीं हो पाया गठबंधन? अखिलेश यादव ने बताई वजह

मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव में आखिर सपा, बसपा और कांग्रेस के बीच गठबंधन क्यों नहीं हो पाया, इसका जवाब खुद अखिलेश यादव ने दिया है.

मध्य प्रदेश में सपा, बसपा और कांग्रेस के बीच क्यों नहीं हो पाया गठबंधन? अखिलेश यादव ने बताई वजह
अखिलेश यादव ने गठबंधन न होने के लिए कांग्रेस को जिम्मेदार ठहराया है.
Quick Take
Summary is AI generated, newsroom reviewed.
अखिलेश यादव ने कांग्रेस को ठहराया जिम्मेदार
कहा- कांग्रेस नहीं चाहती थी कि बसपा हो हिस्सा
कांग्रेस की वजह से मध्य प्रदेश में नहीं हो पाया गठबंधन
नई दिल्ली: मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव में आखिर सपा, बसपा और कांग्रेस के बीच गठबंधन क्यों नहीं हो पाया, इसका जवाब खुद अखिलेश यादव ने दिया है. सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इसके लिए कांग्रेस को जिम्मेदार ठहराया है. उन्होंने कहा कि तीनों दलों के प्रस्तावित गठबंधन में कांग्रेस बसपा को शामिल करने के लिए तैयार नहीं थी. जिसकी वजह से गठबंधन की योजना खटाई में पड़ गई. सपा के मुखिया अखिलेश यादव ने कहा कि, ‘हमने कांग्रेस से कहा था कि मध्यप्रदेश में लड़ाई बड़ी है और इस लड़ाई में जीत हासिल करने के लिए बसपा को भी साथ लीजिए, लेकिन कांग्रेस सपा से तो गठबंधन करने को तैयार थी, लेकिन बसपा के साथ वो कोई समझौता नहीं करना चाहती थी'.

मध्यप्रदेश चुनाव में कांग्रेस से गठबंधन को लेकर अखिलेश यादव ने दिए संकेत, कहा- अभी चुनाव खत्म नहीं हुए हैं

अखिलेश यादव ने कहा, कांग्रेस के अड़ने की वजह से ही मध्यप्रदेश में गठबंधन नहीं हो पाया. उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने यह दावा भी किया कि अगर कांग्रेस का मध्य प्रदेश में सपा, बसपा एवं गोंडवाना गणतंत्र पार्टी (जीजीपी) के साथ गठबंधन होता तो इसे कुल 230 सीटों में से 200 से ज्यादा सीटें मिलती. अखिलेश यादव ने कांग्रेस पर निशाना भी साधा और 2014 के बाद तमाम राज्यों में भाजपा सरकार आने के पीछे कांग्रेस की नीतियों को जिम्मेदार ठहराया. उन्होंने कहा, ‘गठबंधन न करके कांग्रेस ने हमें आलोचना का अवसर दे दिया है. अब हम उनकी (कांग्रेस) नाकामियां बताएंगे'.

अखिलेश यादव बोले BJP नेता से- आगरा एक्सप्रेस वे इतना मजबूत बनाया, आप अपना राफेल उतार सकते हैं

अयोध्या में राममंदिर निर्माण के बारे में पूछे गये सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि यह मामला वर्तमान में उच्चतम न्यायालय में विचाराधीन है. इसलिए मैं इस पर टिप्पणी नहीं करूंगा. अखिलेश यादव ने कहा, ‘‘जब भी हम भाजपा को नोटबंदी, जीएसटी एवं वर्ष 2014 के लोकसभा चुनाव के दौरान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा युवाओं के लिए किये गये दो करोड़ रोजगार देने के वादे के बारे में घेरते हैं, तो वे (भाजपा के नेता) जाति, राममंदिर एवं अन्य मुद्दों को उठाकर अपने को बचाने के लिए उनका आश्रय लेने लगते हैं'.  (इनपुट- भाषा से भी)

VIDEO: मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में कांग्रेस को बड़ा झटका

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे: