नई दिल्ली:
दिल्ली पुलिस की भर्ती परीक्षा में फेल होने के बावजूद उसने पुलिस की वर्दी पहन ली लेकिन अपराध के खात्मे के लिए नहीं बल्कि पुलिस की वर्दी पहनकर वह खुद अपराधी बन बैठा।
लोगों को अपनी ऊंची पहुंच और रुतबे का धौंस जमाकर उनसे ठगी भी करने लगा।
रॉबिन नाम के इस ठग ने अपने बचपन के दोस्त को भी नहीं छोड़ा। उसने अपने दोस्त को यह भरोसा दिलाया कि वह दिल्ली पुलिस में एसआई के पद पर कार्यरत है और वह उसके भाई की रेलवे में नौकरी लगवा देगा।
इस काम के लिए इसने उस शख्स से सवा दो लाख रुपये भी लिए।
रॉबिन की वर्दी देखकर और बातें सुनकर उसका दोस्त उसके झांसे में आ गया और बगैर कुछ सोचे-समझे पैसे दे भी दिए।
लेकिन, जल्द ही उस पर रॉबिन की असलियत जाहिर हो गई जब उसने अपना एटीएम कार्ड गायब पाया।
खाते में से पैसे निकले देखकर उसने इसकी खबर फौरन पुलिस को दी। इससे सीसीटीवी फुटेज को देखने के बाद पुलिस इस बात को लेकर पुख्ता हो गई कि यह काम किसी पुलिसकर्मी का नहीं बल्कि किसी ठग का है।
काफी मशक्कत के बाद पुलिस की टीम ने आखिरकार रॉबिन को पंजाब के जालंधर से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अब इस जालसाज से इस बात की पड़ताल करने में जुटी है कि इस ठग ने इस तरीके से और कितने लोगों को चूना लगाया है।
लोगों को अपनी ऊंची पहुंच और रुतबे का धौंस जमाकर उनसे ठगी भी करने लगा।
रॉबिन नाम के इस ठग ने अपने बचपन के दोस्त को भी नहीं छोड़ा। उसने अपने दोस्त को यह भरोसा दिलाया कि वह दिल्ली पुलिस में एसआई के पद पर कार्यरत है और वह उसके भाई की रेलवे में नौकरी लगवा देगा।
इस काम के लिए इसने उस शख्स से सवा दो लाख रुपये भी लिए।
रॉबिन की वर्दी देखकर और बातें सुनकर उसका दोस्त उसके झांसे में आ गया और बगैर कुछ सोचे-समझे पैसे दे भी दिए।
लेकिन, जल्द ही उस पर रॉबिन की असलियत जाहिर हो गई जब उसने अपना एटीएम कार्ड गायब पाया।
खाते में से पैसे निकले देखकर उसने इसकी खबर फौरन पुलिस को दी। इससे सीसीटीवी फुटेज को देखने के बाद पुलिस इस बात को लेकर पुख्ता हो गई कि यह काम किसी पुलिसकर्मी का नहीं बल्कि किसी ठग का है।
काफी मशक्कत के बाद पुलिस की टीम ने आखिरकार रॉबिन को पंजाब के जालंधर से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अब इस जालसाज से इस बात की पड़ताल करने में जुटी है कि इस ठग ने इस तरीके से और कितने लोगों को चूना लगाया है।