- भारत में दिसंबर 2025 से E20 पेट्रोल जिसमें 20% इथेनॉल और 80% पेट्रोल शामिल है, बेचा जा रहा है
- केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी के अनुसार E20 से माइलेज में कमी होती है लेकिन यह 30 प्रतिशत से कम है
- भारत में इथेनॉल मिश्रित पेट्रोल के कारण कच्चा तेल आयात कम हुआ है और इससे विदेशी मुद्रा बचत हुई है
पेट्रोल पंपों पर जब तक 10% इथेनॉल वाला यानी E10 पेट्रोल मिल रहा था, तब तक कोई बड़ा बवाल नहीं हुआ. लेकिन जब से E20 यानी 20% इथेनॉल वाला पेट्रोल मिल रहा है, तब से आए दिन हंगामा खड़ा हो रहा है. सोशल मीडिया से लेकर सड़कों तक और अब विपक्ष भी E20 पर सरकार को घेर रहा है.
सोशल मीडिया पर तो कई लोग यहां तक दावा कर रहे हैं कि पेट्रोल में गन्ने का जूस मिलाकर बेचा जा रहा है. ये भी दावा हो रहा है कि एक लीटर इथेनॉल बनाने में हजारो लीटर पानी बर्बाद किया जा रहा है. इसी तरह के और भी कई सारे दावे किए जा रहे हैं. आइए E20 को लेकर ऐसे ही 20 कन्फ्यूजन को दूर करते हैं.
1. E20 क्या है ये?
E20 यानी जिसमें 20% इथेनॉल और 80% पेट्रोल. भारत में इथेनॉल वाला पेट्रोल 2022 से बिक रहा है. शुरुआत में E10 बिकता था, जिसमें 10% इथेनॉल और 90% पेट्रोल होता था. दिसंबर 2025 से E20 बेचा जा रहा है.
2. E20 से 30% माइलेज कम होता है?
E20 से माइलेज कम जरूर होता है लेकिन 30% नहीं. केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने NDTV से बात करते हुए साफ किया था कि E20 से माइलेज में कमी आती है लेकिन साथ ही साथ एक्सीलरेशन भी बढ़ता है. माइलेज में कमी आने के कई कारण होते हैं, जैसे- गाड़ी किस तरह से चलाई जा रही है, टायरों में हवा है या नहीं, गाड़ी की सर्विसिंग है या नहीं.
3. E20 से इंजन खराब हो रहा है?
PIB ने एक फैक्टशीट जारी कर बताया था कि E20 के लागू होने के बाद इंजन में खराबी का कोई पैटर्न सामने नहीं आया है. सोसाइटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरर्स (SIAM), ऑटोमोटिव रिसर्च एसोसिएशन ऑफ इंडिया (ARAI) और इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड (IOCL) की ओर से टेस्टिंग के बाद ही E20 को मंजूरी मिली है.
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4. गाड़ी की परफॉर्मेंस में कमी आती है?
PIB के मुताबिक, इथेनॉल एक हाई ऑक्टेन फ्यूल है, जिसका रिसर्च ऑक्टेन नंबर 108.5 है, जबकि पेट्रोल में यह संख्या लगभग 84.4 होती है. E20 पेटोल में ऑक्टेन की संख्या बढ़ाकर 95 तक पहुंचा देता है, जिससे इंजन में कंबशन बढ़ जाता है. E20 वाली गाड़ियां बेहतर एक्सीलरेशन के साथ अच्छी परफॉर्मेंस देती हैं और कम कार्बन छोड़ती हैं.
5. E20 से खराबी पर इंश्योरेंस नहीं मिलेगा?
बीमा कंपनियों ने साफ किया है कि भारत में E20 के उपयोग का बीमा या वारंटी की वैधता पर कोई असर नहीं पड़ता. SIAM ने पुष्टि की है कि E20 का इस्तेमाल करने वाली गाड़ियों को वारंटी मिलेगी.
6. E20 पेट्रोल सस्ता क्यों नहीं है?
शुरुआत में कहा गया था कि E20 पेट्रोल सस्ता होगा. लेकिन सस्ता नहीं मिलने पर सवाल खड़े हो रहे हैं. इसके पीछे PIB की फैक्टशीट में कहा गया है कि E20 वाला पेट्रोल सस्ता मिलेगा, इसका दावा नीति आयोग की 2020-21 की रिपोर्ट में किया गया था. उस समय पेट्रोल की तुलना में इथेनॉल सस्ता था. लेकिन इसके बाद इथेनॉल की खरीद की लगात रिफाइंड पेट्रोल की लागत से ज्यादा हो गई है.
7. क्या E20 वाकई 'एक्सपेरिमेंट' है?
कुछ दिन पहले एक मामले में सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में अपनी बात रखी थी, जिसके बाद सोशल मीडिया पर दावा किया गया कि सरकार ने कहा है कि E20 एक 'एक्सपेरिमेंट' है. हालांकि, PIB के मुताबिक, यह मामले इथेनॉल खरीद के कॉन्ट्रैक्ट से जुड़ी थी, न कि E20 से. 30 जून को अटॉर्नी जनरल के ऑफिस ने साफ किया है कि E20 को केवल 'एक्सपेरिमेंट' बताए जाने का दावा तथ्यात्मक रूप से गलत है.
8. क्या गन्ने का जूस मिलाया जा रहा है?
सोशल मीडिया पर कई वीडियो हैं, जिनमें दावा किया जा रहा है कि पेट्रोल में गन्ने का जूस मिलाया जा रहा है. सरकार ने इन वायरल वीडियो को भ्रामक बताया है. PIB के मुताबिक, इथेनॉल का उत्पादन फर्मेंटेशन और इंडस्ट्रियल प्रोसेसिंग से किया जाता है, जिससे उसके गुण पूरी तरह बदल जाते हैं. पेट्रोल में मिलाने से पहले उसे फ्यूल क्वालिटी से जुड़ी जरूरतों को पूरा करना जरूरी होता है.

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9. इथेनॉल बनाने में हजारों लीटर पानी लगता है?
दावा किया जाता है कि एक लीटर इथेनॉल बनाने में 10,000 लीटर पानी लगता है. लेकिन PIB का कहना है कि एक लीटर इथेनॉल बनाने में केवल 3 से 5 लीटर प्रोसेस्ड पानी का इस्तेमाल होता है.
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10. फ्यूल टैंक में चींटियां-मधुमक्खी इकट्ठी हो रहीं?
सरकार का कहना है कि पेट्रोल में डलने वाले इथेनॉल को जिस तरह से तैयार किया जाता है, उससे इसकी शक्कर पूरी तरह खत्म हो जाती है. इसमें डिनैचुरेंट मिला जाते हैं, पेट्रोल की गंध रहती है और E20 से सामान्य पेट्रोल की तुलना में कम भाप बनती है.
11. फ्यूल टैंक को खराब कर देता है E20?
PIB का कहना है कि हर गाड़ी को बनाया ही इस तरह से जाता है कि उसके फ्यूल टैंक में पानी न जाए, फिर चाहे उसमें इथेनॉल वाला पेट्रोल उपयोग किया जाए या नहीं.
12. पुरानी गाड़ियों में दिक्कत आती है?
मारुति सुजुकी के सीनियर एक्जीक्यूटिव ऑफिसर (कॉर्पोरेट अफेयर्स) राहुल भारती का कहना है कि E10 के लिए बनी गाड़ियों की E20 के साथ टेस्टिंग की गई है. उन्होंने कहा था कि 2025-26 के दौरान मारुति सुजुकी ने 2.84 करोड़ गाड़ियों की सर्विस की थी, जिसमें से 1.5 करोड़ से ज्यादा तीन साल से ज्यादा पुरानी थी और इसलिए E20 सर्टिफाइड नहीं थे. लेकिन इसके बाद भी E20 से जुड़ी किसी भी तरह की दिक्कत नहीं आई.
13. लेकिन माइलेज तो कम हो रहा है?
इस सवाल पर राहुल भारती का कहना था कि अगर कोई गाड़ी एक लीटर पेट्रोल में 20 किलोमीटर का माइलेज देती है तो E20 के कारण इसमें 0.6 किलोमीटर की कमी ही आती है.

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14. पर E20 क्यों बेच रहे हैं?
इंजीनियर्स इंडिया लिमिटेड की पूर्व अध्यक्ष और एमडी वर्तिका शुक्ला ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि इथेनॉल ब्लेंडिंग प्रोग्राम को सभी स्टेकहोल्डर्स की सलाह के बाद विकसित किया गया है. E20 पेट्रोल BIS और BS-VI के स्टैंडर्ड के अनुरूप है.
15. दुनिया में और कहां मिलता है इथेनॉल वाला पेट्रोल?
PIB की फैक्टशीट के मुताबिक, अमेरिका, जापान और ब्राजील ऐसे देश हैं जहां दशकों से इथेनॉल वाला पेट्रोल मिल रहा है. अमेरिका में E10 बिकता है और E15 का इस्तेमाल भी बढ़ रहा है. अमेरिका में पहले से ही फ्लेक्स फ्यूल गाड़ियां बिक रही हैं, जो E85 वाले पेट्रोल पर भी चल सकती हैं. ब्राजील में E27 चलता है. जापान ने भी E10 को लागू किया है. इनके अलावा, कनाडा, थाईलैंड और कई यूरोपीय देशों में ऐसा पेट्रोल मिलता है.
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16. भारत में इथेनॉल की जरूरत क्या पड़ी?
भारत अपनी जरूरत का 88.5% से ज्यादा कच्चा तेल आयात करता है. आयात पर निर्भरता कम करने के लिए इथेनॉल जरूरी है.
17. तो क्या इथेनॉल से आयात कम हुआ?
मार्च में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा था कि इथेनॉल वाले पेट्रोल के कारण भारत को 4.5 करोड़ बैरल तेल कम आयात करना पड़ा है.

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18. इससे भारत को क्या फायदा हुआ?
इथेनॉल वाले पेट्रोल के कारण भारत को कच्चा तेल कम आयात करना पड़ा है. इससे लाखों करोड़ों रुपये बचे हैं. सरकार के मुताबिक, इथेनॉल वाले पेट्रोल के कारण 2014-15 से अब तक 1.90 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा की विदेशी मुद्रा बची है.
19. लेकिन मुझे E20 नहीं चाहिए तो?
अब ज्यादातर पंपों पर E20 पेट्रोल ही मिल रहा है. CarDekho के मुताबिक, प्रीमियम फ्यूल जैसे इंडियन ऑयल के XP95, हिंदुस्तान पेट्रोलियम के Power95 और भारत पेट्रोलियम के Speed97 में भी 20% इथेनॉल मिलाया जा रहा है. हालांकि, XP100 अभी भी इथेनॉल फ्री पेट्रोल है.
20. इथेनॉल फ्री पेट्रोल कितने का है?
इंडियन ऑयल के पेट्रोल पंपों पर XP100 मिल सकता है. दिल्ली में एक लीटर XP100 पेट्रोल की कीमत 167.35 रुपये है.
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