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This Article is From Jul 01, 2012

प्रणब ने आंध्र के सभी दलों से मांगा समर्थन

हैदराबाद: राष्ट्रपति पद के संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) के उम्मीदवार प्रणब मुखर्जी ने रविवार को आंध्र प्रदेश के सभी दलों से अपनी उम्मीदवारी के लिए समर्थन की अपील की।

प्रणब ने कांग्रेस सांसदों एवं विधायकों तथा संप्रग की एक घटक मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लमीन (एमआईएम) से समर्थन मांगा।

प्रणब हालांकि समर्थन मांगने के लिए विपक्षी तेलुगू देशम पार्टी (तेदेपा), तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) एवं वाईएसआर कांग्रेस पार्टी (वाईएसआरसीपी) के नेताओं से नहीं मिले।

वरिष्ठ नेता ने कहा कि गैर संप्रग पार्टियां भी उनका समर्थन कर रही हैं। उन्होंने बैठक में कहा, "मैं भारत के राष्ट्रपति जैसे सर्वोच्च पद के लिए चुनाव लड़ने में गौरवान्वित महसूस कर रहा हूं।"  

कांग्रेस महासचिव एवं पार्टी के आंध्र प्रदेश मामलों के प्रभारी गुलाम नबी आजाद एवं मुख्यमंत्री एन. किरण कुमार रेड्डी ने प्रणब की सेवाओं को याद किया।

प्रणब ने जुबली हॉल में कांग्रेस विधायक दल की एक बैठक को सम्बोधित किया। इसके तुरंत बाद इस हॉल में मामूली रूप से आग लग गई।

एमआईएम प्रमुख एवं हैदराबाद से सांसद असादुद्दीन ओवैसी तथा पार्टी के अन्य नेताओं ने होटल ताज कृष्णा में प्रणब से मुलाकात की। एमआईएम के एक सांसद और सात विधायक हैं। यह पार्टी संप्रग उम्मीदवार को समर्थन देने की घोषणा पहले ही कर चुकी है।

होटल के निकट उस समय हल्का तनाव व्याप्त हो गया जब तेलंगाना समर्थकों ने प्रदर्शन किया। पुलिस ने 'जय तेलंगाना' के नारे लगा रहे माला महानाडु के कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया।

इससे पहले, ऐसा ही प्रदर्शन उस वक्त किया गया जब सुबह में प्रणब बेगमपेट हवाईअड्डे पर पहुंचे। प्रदर्शनकारियों ने प्रणब के काफिले को रोकने की कोशिश की लेकिन पुलिस ने उनका प्रयास विफल कर दिया।

प्रदर्शनकारी तेलंगाना समर्थक विभिन्न संगठनों के कार्यकर्ता थे जो चाहते थे कि प्रणब तेलंगाना राज्य के गठन की मांग पर अपना रुख स्पष्ट करें।

प्रणब चेन्नई से एक विशेष विमान के जरिए केंद्रीय मंत्रियों गुलाम नबी आजाद और व्यालार रवि के साथ यहां पहुंचे। हैदराबाद में चार घंटे ठहरकर दोपहर बाद वह चुनाव प्रचार के लिए बेंगलुरू रवाना हो गए।

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