
लोकपाल के चयन के लिए बनने वाली कमेटी में पांचवां सदस्य पीपी राव होंगे हालांकि उनके चयन से पहले सोमवार को सुषमा स्वराज और प्रधानमंत्री के बीच तीखी बहस हुई।
दरअसल, राव के अलावा इस कमेटी में पहले से प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, लोकसभा में विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज, सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायधीश और जस्टिस एचएल दत्तु के नाम शामिल थे।
कमेटी में पांचवें सदस्य के तौर पर किसी प्रसिद्ध और साफ छवि के कानूनविद् को जगह दी जानी थी। प्रधानमंत्री की तरफ से पांचवें सदस्य के लिए पीपी राव का नाम सामने रखा गया है, जिसका सुषमा स्वराज ने जमकर विरोध किया।
स्वराज का कहना है कि राव कांग्रेस के वफादार हैं इसलिए उन्हें यह जगह नहीं मिलनी चाहिए। सुषमा की तरफ से परासरन हरीश साल्वे और नरीमन का नाम सुझाए गए, लेकिन कमेटी में प्रधानमंत्री का प्रस्ताव तीन के मुकाबले एक वोट से पारित हो गया, यानी के पीपी राव को लोकपाल कमेटी का पांचवां सदस्य बना लिया गया है। बीजेपी ने साफ किया है कि राव की नियुक्ति को वह विरोध करेगी।
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं